पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

Install App

Ads से है परेशान? बिना Ads खबरों के लिए इनस्टॉल करें दैनिक भास्कर ऐप

सुविधा:22 सरकारी नलकूपों में लगाया गया मोबाइल पम्प कंट्रोलर

नवादा | ओंकार कश्यप4 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
  • मोबाइल पम्प कंट्रोलर सेे बूद-बूंद पानी का हिसाब रखेंगे अधिकारी

सरकारी नलकूपों से पानी की बर्बादी या समय पर चालू बंद नहीं होने की शिकायत होती रहती है। अब ऐसी शिकायत से स्थाई निजात मिलने वाली है। सरकारी नलकूप को घर बैठे मोबाइल ऐप से चालू और बंद किया जाएगा। सिस्टम ऐसा की पानी की बूंद-बूंद का हिसाब विभाग के अधिकारी के पास रहेगा। इससे पानी की बर्बादी भी रुकेगी और नलकूपों के समय से चालू बंद होने की जानकारी भी विभाग को मिलते रहेगी। इसके लिए नलकूपों में मोबाइल पम्प कंट्रोलर (एमपीसी) लगाया जा रहा है। जिले के 22 नलकूप इस सिस्टम से लैस हो चुके हैं। बाकी के नलकूपों में भी यह सिस्टम लगाया जा रहा है। इससे जिले के नलकूप अब हाईटेक ही गए हैं। अब लोगों को तय शिड्यूल के अनुसार पानी की उपलब्धता सुनिश्चित हो पााएगी। कुल मिलाकर कहें तो अब मानवरहित नलकूप तैयार किए जा रहे हैं।

नलकूप में खराबी की सूचना भी अविलंब मिलेगी
लघु सिंचाई विभाग विभाग के कार्यपालक अभियंता सर्वेश कुमार चौधरी ने बताया कि इसे ऑनलाइन ऑपरेट यानि बंद और चालू किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि 71 चालू नलकूप में से 22 में मोबाइल पम्प कंट्रोलर लगा दिये गये हैं। उन्होंने ने बताया कि कहीं भी नलकूप में खराबी की सूचना भी अविलंब मिलेगी तो तत्काल दुरुस्त किया जा सकेगा। इससे नलकूपों को संचालित करने में मनमानी नहीं हो पाएगी।

कितना चला, पूरा रिकॉर्ड ऑनलाइन रहेगा
लाइट जाने से डाउन स्ट्रीम के इलाकों में सप्लाई नहीं मिली है। तो यह डिवाइस एसएमएस भेजकर जानकारी देता है और फिर से बिजली आने पर उस क्षेत्र विशेष को पहले सप्लाई देने के लिए कहेगा। पूरा रिकार्ड ऑनलाइन रहेगा जिससे यह भी जानकारी आसानी से हो जाएगी कि नलकूप एक माह में कितना चला और कितनी बार खराब हो रहा और कौन सी गड़बड़ी आ रही है।

अब पंचायत करेगी नलकूपों की देखरेख
राजकीय नलकूपों मरम्मत, संचालन एवं रखरखाव का कार्य अब पंचायतों के माध्यम से किया जाएगा। पंचायत प्रतिनिधि ही नलकूप संचालन के सर्वेसर्वा होंगे। लघु जल संसाधन विभाग ने नलकूपों की देखरेख की जिम्मेवारी पंचायतों को सौंप दी है। मुखिया की अनुशंसा पर ही ऑपरेटर को मोबाइल एप दिया जाएगा।

जल और ऊर्जा संरक्षण दोनों का जुगाड़
अधिकांश जगह ऑपरेटर नलकूपों को चलाकर छोड़ देता है। इससे घंटों पंप चलते रहता है और बिना जरूरत के भी पानी भरते रहता है। अब मोबाइल ऑपरेटिंग सिस्टम लग जाने से एक तरफ जहां पानी की बर्बादी रुकेगी वही मोटर पंप चलने में लगने वाली बिजली का खर्च भी बचेगा। कार्यपालक अभियंता ने बताया इससे जल संरक्षण होगा व ऊर्जा संरक्षण भी।

खबरें और भी हैं...

    आज का राशिफल

    मेष
    Rashi - मेष|Aries - Dainik Bhaskar
    मेष|Aries

    पॉजिटिव- आज दिन भर व्यस्तता बनी रहेगी। पिछले कुछ समय से आप जिस कार्य को लेकर प्रयासरत थे, उससे संबंधित लाभ प्राप्त होगा। फाइनेंस से संबंधित लिए गए महत्वपूर्ण निर्णय के सकारात्मक परिणाम सामने आएंगे। न...

    और पढ़ें