विशेष राज्य के दर्जे पर CM-डिप्टी CM में तकरार!:नीतीश बोले- बिहार सबसे पिछड़ा राज्य, यह जरूरी; रेणु देवी ने कहा था- जरूरत नहीं

पटनाएक महीने पहले
  • कॉपी लिंक

बिहार को विशेष राज्य का दर्जा दिलवाने को लेकर एक बार फिर से राजनीति गरमा गई है। इस बार पक्ष-विपक्ष नहीं, दोनों सत्तारूढ़ दलों में ही विवाद हो गया है। बिहार की उप मुख्यमंत्री रेणु देवी ने विशेष राज्य के दर्जे की जरूरत नहीं बताई, तो मुख्यमंत्री नीतीश कुमार भड़क गए। मुख्यमंत्री ने साफ कहा कि बिहार सबसे पिछड़ा राज्य है। सबसे पिछड़े राज्य को जब तक विकसित राज्य नहीं बनाया जाएगा, तब तक ट्रांसफॉर्मिंग इंडिया नहीं बन सकता है। भारत में विकसित राज्यों का ट्रांसफॉर्म नहीं होगा तो फिर इंडिया विकसित नहीं हो सकता।

CM नीतीश कुमार ने आज कहा कि अपने यहां भी किसी के मन में कोई बात आई है, तो हम जरूर बात करेंगे। उन्होंने कहा विशेष राज्य का दर्जा किसी के खिलाफ नहीं, राज्य के हित में हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि देश के कई राज्यों को विशेष राज्य का दर्जा मिला हुआ है। उनका कितना विकास हुआ है। इस तरह की सुविधा सभी पिछड़े राज्यों को मिलेगी तो देश विकसित हो जाएगा। बिहार में ग्रोथ रेट बहुत ज्यादा है। लेकिन इतनी आबादी होने के बाद ग्रोथ कितना होगा।

डिप्टी सीएम ने क्या कहा था
पिछले दिनों डिप्टी सीएम रेणु देवी ने कहा था कि बिहार को विशेष राज्य के दर्जे की जरूरत नहीं है। केंद्र काफी मदद कर रहा है। उन्होंने कहा था कि विशेष राज्य का दर्जा मिलने से क्या होगा। उससे ज्यादा मदद मिल रही है।

डिप्टी सीएम रेणु देवी।
डिप्टी सीएम रेणु देवी।

कहा कि विशेष राज्य के दर्जा से ज्यादा पैसा बिहार में आ चुका हैं। जितने पुल बन रहे हैं, कितने एनएचआई बन रहे हैं। कितने बड़े बड़े प्रोजेक्ट बन रहे हैं, सब भारत सरकार दे रही है। हम अभी आकलन करें तो, जितना पैसा विशेष राज्य के दर्जे में मिलता है, उससे कहीं ज्यादा अभी मिल रहा है। हम अभी अच्छी स्थिति में हैं।