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ट्रैफिक पुलिस की बड़ी लापरवाही:28 जुलाई को JP सेतु पर बस ने ऑटो में मार थी टक्कर, आज मासूम की हुई मौत; FIR दर्ज होने से पहले पुलिस बस को छोड़ दिया

पटनाएक वर्ष पहले
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इलाज के क्रम में रविवार को 11 साल की रिया की मौत हो गई है। - Dainik Bhaskar
इलाज के क्रम में रविवार को 11 साल की रिया की मौत हो गई है।

रोड एक्सीडेंट के एक मामले में पटना की ट्रैफिक पुलिस ने बड़ी लापरवाही बरती है। 28 जुलाई को राजधानी के JP सेतु पर एक बड़ा रोड एक्सीडेंट हुआ था। तेज रफ्तार वाली बस ने एक ऑटो में जोरदार टक्कर मार दी थी। इस कारण ऑटो में सवार तीन मासूम बच्चों समेत कुल 6 लोग गंभीर रूप से घायल हो गए थे। इलाज के क्रम में रविवार को 11 साल की रिया की मौत हो गई है। जबकि, बच्ची की मां और उसके दादा की हालत अभी भी चिंताजनक है। सभी घायलों का इलाज पटना AIIMS में चल रहा है। इस रोड एक्सीडेंट का केस पटना के गांधी मैदान ट्रैफिक थाना में दर्ज हुआ है। इस हादसे में जिस रिया की मौत हुई है, उसके मामा अंकुश का आरोप है कि हादसे के वक्त मौके पर मौजूद लोगों की मदद से बस (BR-29PA-9835) को पकड़ लिया गया था। जिसे बाद में गांधी मैदान ट्रैफिक थाना ने जब्त कर लिया था। मगर, दो दिनों में ही ट्रैफिक थाना की पुलिस ने जब्त बस को छोड़ दिया।

जब इस बारे में ट्रैफिक थाना की पुलिस से पूछा गया तो उसने कहा कि आपके तरफ से कोई कंप्लेन नहीं हुई थी, इस कारण उसे छोड़ दिया गया। अंकुश का कहना है कि उसकी बहन-बहनोई समेत परिवार के 6 लोग हॉस्पिटल में थे। सभी हालत गंभीर थी। वैसी स्थिति में तुरंत कंप्लेन कैसे करते? ऐसी स्थिति में ट्रैफिक थाना की पुलिस को अपनी टीम AIIMS में भेजकर बयान लेना चाहिए था और FIR दर्ज करनी चाहिए थी। मगर, इस तरह का कोई कदम उनकी तरफ से नहीं उठाया गया और बस को भी आसानी से छोड़ दिया गया। इसके बाद 30 जुलाई को जब रिटेन कंप्लेन किया तब FIR नंबर 23/21 दर्ज की गई। अंकुश का आरोप है कि पुलिस ने रुपए लेकर बस को छोड़ा है। इसी वजह से अब तक घायलों का कोई बयान दर्ज नहीं किया और न ही किसी प्रकार की कोई कार्रवाई की।

बस के टक्कर के बाद ऑटो के परखच्चे उड़ गए।
बस के टक्कर के बाद ऑटो के परखच्चे उड़ गए।

इस मामले पर भास्कर ने पटना के ट्रैफिक SP अमरकेश दारपीनेनी से बात की। तब जाकर उन्हें इस मामले की जानकारी हुई। अब वो इस केस की पड़ताल करवा रहे हैं। अगर ट्रैफिक थाना की टीम ने किसी प्रकार की कोई गड़बड़ी की है तो इस मामले में वो कार्रवाई भी करेंगे। अंकुश के मुताबिक उनकी बहन कविता, बहनोई रतन पटेल, ससुर शत्रुध्न महतो, 11 साल की बेटी रिया कुमारी, 9 साल की बेटी प्रियांशी कुमारी और बेटा अनुभव कुमार पटना के राजीव नगर थाना के तहत नेपाली नगर इलाके में रहते हैं। लेकिन, इनका मूल निवास वैशाली जिले के महथी धर्मचंद गांव में है। 28 जुलाई की सुबह ये लोग पटना से वैशाली में अपने गांव जा रहे थे। तभी इनके ऑटो को बस ने टक्कर मार दी थी। AIIMS में रिया को वेंटिलेटर पर रखा गया था, जिसकी आज मौत हो गई।

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