शराब माफियाओं के खिलाफ सख्ती:बिहार में शराब भेज रहे बाहर के माफिया की भी जब्त होगी संपत्ति, ईडी की मदद लेगी बिहार पुलिस

पटना9 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
पटना के टीपीएस कॉलेज के कार्यक्रम में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और शिक्षा मंत्री विजय कुमार चौधरी। - Dainik Bhaskar
पटना के टीपीएस कॉलेज के कार्यक्रम में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और शिक्षा मंत्री विजय कुमार चौधरी।

बिहार में अवैध शराब की सप्लाई कर रहे दूसरे प्रदेशों के शराब माफियाओं की संपत्ति जब्त होगी। राज्य पुलिस इसकी तैयारी कर रही है। बिहार पुलिस ने दूसरे राज्यों खासकर हरियाणा व पश्चिम बंगाल के शराब माफियाओं पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया है।

एक महीने के अंदर हरियाणा और पश्चिम बंगाल के कई माफियाओं को गिरफ्तार किया गया है। इनपर राज्य के विभिन्न थानों में मामले दर्ज हैं। सूत्रों के अनुसार पकड़े गए माफियाओं के खिलाफ जल्द चार्जशीट दायर की जाएगी। साथ ही अवैध शराब की सप्लाई कर अकूत संपत्ति अर्जित करने वाले इन माफियाओं की संपत्ति को जब्त करने के लिए ईडी की मदद ली जाएगी।

प्रिंवेशन ऑफ मनी लाउंड्रिंग एक्ट(पीएमएलए) के तहत ईडी को संपत्ति जब्त करने का अधिकार है। बिहार पुलिस पहले भी कई मामलों में ईडी की मदद लेती रही है।

सीएम बोले- शराबबंदी को सख्ती से लागू करने के लिए वरीय अधिकारी हर दिन कर रहे माॅनिटरिंग

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि शराबबंदी से समाज में स्थिति बेहतर हुई है। शराबबंदी को लेकर हम लगातार समीक्षा कर रहे हैं। हमने तय किया है कि प्रतिदिन गृह विभाग, डीजीपी व मद्य निषेध विभाग के वरीय पदाधिकारी इसकी रिपोर्ट लेंगे और उस आधार पर कार्रवाई करेंगे।

इससे चीजें और बेहतर होंगी। सीएम टीपीएस काॅलेज में एक कार्यक्रम में शिरकत करने के बाद पत्रकारों से बात कर रहे थे। सीएम ने गोपालगंज जहरीली शराब कांड में न्यायालय द्वारा फांसी की सजा दिये जाने से संबंधित पत्रकारों के सवाल पर कहा कि ऐसी सजा मिलने से लोगों में डर होगा कि अगर वे गड़बड़ी करेंगे तो उन्हें कड़ी सजा मिलेगी। वर्ष 2016 में जब शराबबंदी लागू की गई थी, उसी समय हमने लोगों को सचेत किया था कि जहरीली शराब पीजिएगा तो मृत्यु का शिकार हो जाइयेगा।

खबरें और भी हैं...