आयोजन:विधिक जागरुकता शिविर का आयोजन कर ग्रामीणों को बताए गए उनके कानूनी अधिकार

रजौली24 दिन पहले
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  • रजौली की बहादुरपुर पंचायत में आजादी के अमृत महोत्सव को लेकर किया जा रहा है आयोजन

रजौली प्रखण्ड की बहादुरपुर पंचायत के पंचायत भवन में आजादी के 75वें अमृत वर्ष के अवसर पर शनिवार को जिला विधिक संघ प्रतिनिधि कृष्ण मुरारी शर्मा के नेतृत्व में अनुसूचित जाति,अनुसूचित जनजाति एवं 60 वर्ष से ऊपर के रहे लोगों को कानून को लेकर जागरूक किया गया।जिला विधिक संघ के प्रतिनिधि ने बताया कि एससी,एसटी एवं 60 वर्ष से अधिक उम्र के कोई भी लोग जो न्याय पाने से वंचित रह जाते हैं।उनलोगों को जिला विधिक सहायता केन्द्र में जाकर अपनी समस्याओं की जानकारी देने पर उनकी सहायता की जाती है।

एससी व एसटी एक्ट,दुर्घटना,हत्या,पॉक्सो एक्ट आदि से लेकर आपसी झगड़ों का निपटारा जिला विधिक सहायता केन्द्र में आवेदन देने के उपरांत निःशुल्क वकील की सहायता केस लड़ सकते हैं।विधिक सहायता केन्द्र के पैनल में कुल लगभग 50 वकील हैं।पीड़ित 50 वकीलों में से किसी एक को चुनकर बिना किसी खर्च के केस लड़ सकते हैं।राष्ट्रीय लोक अदालत एवं लोक अदालत में शिकायत दर्ज कराने से सम्बंधित समस्याओं का निदान अविलंब किया जाता है।

एससी व एससी एक्ट के तहत सरकार के तरफ से केस के शुरुआती दिनों में 25000 रुपये एवं केस खत्म होने पर 50000 रुपये की सहायता राशि पीड़ित को प्रदान किया जाता है।एससी व एसटी की हत्या उपरांत एक से तीन लाख तक के मुआवजे का प्रावधान है।वहीं दुर्घटना में मृत्यु हो जाने पर तीन लाख के मुआवजे का प्रावधान है।साथ ही खाद्य सामग्री से सम्बंधित शिकायत दर्ज कराने पर प्रशासन द्वारा खाद्य सामग्री उपलब्ध कराया जाता है।जिससे कि कोई भी व्यक्ति भूखा न सो सके।

लोगों में विधिक जानकारी के आभाव होता है।इसलिए एससी व एसटी लोगों में जागरूकता लाने के उद्देश्य से विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया है।प्रखण्ड के प्रत्येक लोगों तक सरकार की सभी योजनाएं पहुंचनी चाहिए।जिससे लोगों का विकास हो सके।शिविर में आये सभी लोगों को उनके अधिकारों के बारे में जानकारी दी गई।मौके पर पीएलवी दीपक कुमार,पीएलवी बिंदेश्वरी कुमार व इमरान आलम के अलावे अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति के सैकड़ों लोग मौजूद थे।

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