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धोखाधड़ी:पहले कार बेची और फिर वापस ले गई महिला, अब न्यूजीलैंड में बैठा बेटा भी दे रहा धमकियां

चंडीगढ़2 महीने पहले
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लोन की किश्तें पेंडिंग होने की बात कहकर आरोपी महिला कार वापस ले गई। - Dainik Bhaskar
लोन की किश्तें पेंडिंग होने की बात कहकर आरोपी महिला कार वापस ले गई।

खरीदी हुई कार पूरी प्लानिंग के तहत वापस ले जाकर एक दंपति का बेटा न्यूजीलैंड में बैठकर शिकायतकर्ता को लगातार धमकियां दे रहा है। परेशान होकर सेक्टर-56 निवासी राज कुमार गुप्ता ने संबंधित थाना पुलिस को शिकायत दी। शिकायत के बाद पुलिस ने आरोपी, सेक्टर-40-ए निवासी रुचि अरोड़ा व अन्य के खिलाफ IPC की धारा 420, 406, 416, 467, 468, 471,362,120-‌B के तहत केस दर्ज कर लिया है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

पुलिस को दी शिकायत में राज कुमार गुप्ता ने बताया कि उन्होंने 11 फरवरी को सेक्टर-40ए के मकान नंबर-954/1 से कार नंबर CH-02AA-4365 खरीदी थी। उन्होंने उन्हें एक लाख रुपए कैश दिए थे, जबकि 14,200 की 16 किश्तें बनाई गई थीं और अब तक वह तीन किश्तें दे भी चुके हैं। उन्होंने कहा कि कार जगदीप की पोती रुचि के नाम पर रजिस्टर्ड थी, जिसके कारण सभी दस्तावेजों पर रुचि ने ही हस्ताक्षर किए थे। 20 मई को रुचि उनके घर पर गुरजंट सिंह व एक अन्य को लेकर आई और वह दोनों कहने लगे कि वह बैंक ऑफ बड़ौदा से आए हैं।

रुचि उन्हें अपने साथ जबरन खरड़ कोर्ट में ले गई, जहां उन्होंने एक एफिडेविट बनवाया, जो पंजाबी भाषा में लिखा गया था जबकि राज का कहना है कि उसे पंजाब नहीं आती। जब उन सभी ने उन्हें पढ़ कर सुनाया तो उसमें लिखा गया कि बैंक की किश्तें पेंडिंग थी, जिसके चलते वह यह कार लेकर जा रहे हैं और वहां रुचि ने माना था कि वह अगले दिन बैंक को 26 हजार 196 रुपयों का चैक देकर कार वापस राज कुमार गुप्ता को दे जाएगी। जिसके बाद रुचि ने राज कुमार को घर पर छोड़ दिया और कार गुरजंट सिंह व एक अन्य अपने साथ ले गए।

जब अगले दिन रुचि को फोन किया तो उसने फोन उठाना बंद कर दिया, बल्कि रुचि का बेटा अंकुर अरोड़ा, जो न्यूजीलेंड में रहता है, राज कुमार को धमकियां देने लगा कि अगर दोबारा उसकी मां को फोन किया तो अच्छा नहीं होगा। जिसके बाद राज कुमार बैंक पहुंचे और उन्होंने जब कार का पता किया, तो वहां उन्हें जतिन नाम के एक कर्मचारी ने बताया कि वह ऐसी कोई कार नहीं लेकर आए। राज कुमार ने फिर इसकी शिकायत पुलिस को दी। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने लीगल राय ली और आखिर में रूचि व अन्य के खिलाफ केस दर्ज किया।

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