• Hindi News
  • Local
  • Chandigarh
  • Judge's Daughter To Appear Today, CBI Will Present Kalyani In Chandigarh District Court In Sippy Sidhu Murder Case

जेल में रहेगी जज की बेटी कल्याणी:सिप्पी सिद्धू हत्याकांड में कोर्ट ने न्यायिक हिरासत में भेजा; 5 जुलाई को अगली सुनवाई

चंडीगढ़3 महीने पहले
सिप्पी सिद्धू हत्याकांड में आरोपी कल्याणी सिंह।

नेशनल शूटर सिप्पी सिद्धू हत्याकांड में पकड़ी गई हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट जज की बेटी कल्याणी सिंह अब चंडीगढ़ की बुड़ैल जेल में रहेगी। मंगलवार को कल्याणी को कोर्ट में पेश किया गया। जहां इस बार CBI ने रिमांड नहीं मांगा। इसके बाद कोर्ट ने कल्याणी को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया। सीबीआई ने पहले उसे 4 दिनों के रिमांड पर लिया था और फिर रविवार को 2 दिनों के अतिरिक्त रिमांड पर ले लिया था। सुनवाई के दौरान कल्याणी की आंटी (मासी) और अन्य रिश्तेदार भी कोर्ट में मौजूद रहे।

कल्याणी के वकील ने केस के दस्तावेज मांगे

मामले में कोर्ट में सुनवाई के दौरान कल्याणी के एडवोकेट सरतेज नरूला ने CBI से इस केस में अनट्रेस रिपोर्ट दायर करने तक के सभी दस्तावेज दिए जाने की मांग की। दिसंबर 2020 में यह रिपोर्ट दायर की गई थी। कहा गया कि सिप्पी के परिवार को यह दस्तावेज और केस से जुड़े इलेक्ट्रानिक एविडेंस पेन ड्राइव में दिए गए थे। वहीं यह दस्तावेज उन्हें भी प्रदान किए जाए।

सीबीआई के पब्लिक प्रोसिक्यूटर सुरेश कुमार ने इसका विरोध किया। कहा गया कि वह एक हत्या के आरोपी को जांच पूरी होने तक दस्तावेज नहीं सौंप सकते। इसके पीछे सुप्रीम कोर्ट की जजमेंट भी पेश की गई। इस पर कल्याणी के वकील ने कहा कि ऐसा भी कोई आदेश नहीं की जांच पूरी हुए बिना पीड़ित परिवार को दस्तावेज सौंप दिए जाएं।

सीबीआई ने कहा कि केस की जांच अभी जारी है और आरोपी पक्ष को दस्तावेज सौंपने से केस की जांच प्रभावित हो सकती है। मामले में बचाव पक्ष द्वारा सिप्पी के परिवार द्वारा संबंधित रिकार्ड की मांग को लेकर चंडीगढ़ जिला अदालत के आदेशों को भी पेश किया गया। कोर्ट ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनी। कोर्ट अब इस मांग पर फैसला जल्द कर सकती है।

'बी' क्लास सुविधा की हकदार कल्याणी

कल्याणी के वकील सरतेज नरुला ने कहा कि कल्याणी पढ़ी-लिखी है। वह जेल में बी क्लास सुविधा की हकदार है। कल्याणी की पंजाब युनिवर्सिटी की डिग्रियां भी दिखाई गई। इस सुविधा पर आदेश जारी करने को कहा गया। कोर्ट ने कहा कि यह जेल प्रशासन देख लेगा। हालांकि बचाव पक्ष ने इस संबंध में आदेश जारी करने को कहा तांकि सुविधा सुनिश्चित हो सके। इस पर कोर्ट ने कहा कि जेल प्रशासन जेल मैनुअल के मुताबिक इस मांग पर कार्रवाई करे।

सीबीआई को मजबूत चार्जशीट दायर करनी पड़ेगी

मामले में अगर कल्याणी के अलावा किसी अन्य आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हो पाती तो सीबीआई को 90 दिनों में उसके खिलाफ चालान पेश करना होगा। इस बीच अन्य आरोपी को पकड़ सप्लीमेंट्री चालान पेश किया जा सकता है। चार्ज फ्रेम होने के बाद कल्याणी पर ट्रायल चलेगा। हालांकि सीबीआई को अपना केस मजबूत करना होगा। सर्कमस्टांशियल एविडेंस के आधार पर सीबीआई केस को ज्यादा खींच नहीं पाएगी क्योंकि कल्याणी को शक का लाभ मिल सकता है। सीसीटीवी कैमरा फुटेज में भी क्लीयर नहीं है कि कल्याणी ही घटना के दौरान सेक्टर 27 में थी।

कल्याणी के मोबाइल की टावर लोकेशन भी सीबीआई के पास नहीं है। 7 सालों के लंबे अंतर के बाद हथियार की रिकवरी और गाड़ी बरामद करना भी सीबीआई के लिए आसान नहीं है। हालांकि सीबीआई का दावा है कि उनके पास नए सबूत लगे हैं। सूत्र किसी गाड़ी की रिकवरी की बात भी कर रहे हैं। वहीं एक संदिग्ध से पूछताछ भी सूत्रों के मुताबिक सीबीआई ने की है। इससे पहले सेक्टर 19 के मेंहदी वाले समेत 172 लोगों के बयानों के बावजूद कल्याणी के खिलाफ सीबीआई के पास मजबूत साक्ष्य नहीं था कि उसकी गिरफ्तारी कर सके। ऐसे में दिसंबर 2020 में अनट्रेस रिपोर्ट पेश की गई थी।

चीख का राज क्या है

सिप्पी की जब सेक्टर 27 बी के पार्क में लगभग रात 9.30 बजे हत्या हुई तो 4 गोलियां चली थी। स्थानीय निवासी विक्रम नागपाल और विशाल नागपाल ने अपने घर 1001 नंबर से और 1015 से राजनबीर सिंह और उनकी पत्नी अमृता कौर ने गोलियां सुनने की आवाजें सुनी थी। इस दौरान 5'7 इंच का आदमी और लड़की चीख कर भागती हुई जाती दिखी थी। आदमी ने राजनबीर को पलट कर देखा था और दोनों कार में निकल गए। उनके बयानों के मुताबिक पहले दो गोलियां चली फिर दो और गोलियां चली। साथ ही लड़की ने चीख भी मारी थी। हत्या के इरादे से आए हमलावर अगर प्लानिंग के साथ आए हों तो चीख मारना अस्वाभविक भी प्रतीत होता है।

जस्टिस सबीना पहुंची थी चंडीगढ़!

सूत्रों की मानें तो 15 जून को कल्याणी की गिरफ्तारी के बाद जस्टिस सबीना 3 दिन की छुट्‌टी लेकर चंडीगढ़ कल्याणी से मिलने पहुंची थी। वह तब हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट की एक्टिंग चीफ जस्टिस थी। अब हाईकोर्ट को स्थाई जज मिल चुका है। सूत्र यह भी बताते हैं कि जस्टिस सबीना काफी सीनियर जज हैं और सुप्रीम कोर्ट जज तक बन सकती हैं। हालांकि जब वह एक्टिंग चीफ जस्टिस का पद संभाल रही थी तब करीब 7 साल बाद सीबीआई को कल्याणी के खिलाफ ठोस सबूत लग गया। इसका अभी तक सीबीआई ने खुल कर खुलासा नहीं किया है।