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  • On The 8th Floor Of The Punjab School Education Board, For The Last 24 Days, 3 Temporary Teachers Climbed For The Demand To Make Sure, The Teachers Are Protesting Below.

बुधवार मीटिंग पर टीचरों की निगाह:पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड की 8वीं मंजिल पर पिछले 24 दिनों से अस्थायी टीचर पक्के करने की मांग को लेकर चढ़े हुए, नीचे रोष धरना दे रहे टीचर

चंडीगढ़3 महीने पहले
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अस्थायी टीचर्स अपनी मांगों को लेकर पिछले 16 जून से शिक्षा बोर्ड की 8वीं मंजिल पर चढ़े हुए है। - Dainik Bhaskar
अस्थायी टीचर्स अपनी मांगों को लेकर पिछले 16 जून से शिक्षा बोर्ड की 8वीं मंजिल पर चढ़े हुए है।
  • टीचर्स का कहना जब तक सरकार पक्के करने की जानकारी लिखित तौर पर नहीं देती वे धरना जारी रखेंगे
  • 8वीं मंजिल पर चढ़े तीनों टीचरों की हालत दयनीय, धूप और खुले में रहने से चमड़ी पर पड़ रहा विपरीत असर

पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड की 8वीं मंजिल पर पिछले 24 दिनों से अस्थायी टीचरों के साथी चढ़े हुए है। हाथों में सल्फास की गोलियां और पेट्रोल की भरी बोतलों को लेकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते टीचरों का कहना है कि वे तब तक नहीं उतरेंगे जब तक उन्हें पक्का करने की जानकारी सरकार लिखित तौर पर नहीं दे देती।

शिक्षा बोर्ड की छत पर चढ़े टीचर्स
शिक्षा बोर्ड की छत पर चढ़े टीचर्स

16 जून को पांच टीचर बोर्ड की छत पर चढ़े थे अब तीन ऊपर है। छत पर चढ़े कुलविंदर सिंह, बेअंत सिंह और राजा गुरदासपुर की हालत दयनीय है। उनका कहना है कि धूप और खुले में सोने से उनकी चमड़ी खराब हो रही है और कई परेशानियां है। बोर्ड के बाहर बैठे टीचर्स की ओर से ऊपर चढ़े टीचरों के लिए रोजाना खाने-पीने का प्रबंध किया जा रहा है। जिस रास्ते से होकर टीचर छत पर चढ़े है वहां उन्होंने ताला लगा लिया है। टीचरों को खाना दरवाजे के नीचे से रोजाना दिया जा रहा है।

अस्थायी टीचर्स यूनियन की गगन का कहना है कि वे पिछले 18 सालों से काम कर रहे है लेकिन उन्हें केवल 6 हजार रुपए मिल रहे है जिससे उनके परिवार व घर का खर्च नहीं चल पा रहा है। पंजाब में करीब 13 हजार अस्थायी टीचर है जो अपनी मांगों को लेकर संघर्ष कर रहे है। उन्होंने कहा कि पिछले काफी समय से टीचर संघर्ष कर रहे है लेकिन सरकार आश्वासन ही दे रही है।

उन्होंने कहा कि अकाली शासन में कांग्रेस के कैप्टन ने उनकी मांगों को पूरा करने का वादा किया था लेकिन सरकार मेें आने के साढ़े चार साल बाद अभी तक वे ऐसा नहीं कर सके है। उन्होंने कहा कि जब तक सरकार अस्थायी टीचरों को पक्का करने का मत कैबिनेट में नहीं दाखिल कर देती और उन्हें पक्का लिखित में आश्वासन नहीं मिल जाता वे अपना संघर्ष जारी रखेंगे। उन्होंने कहा कि बुधवार को पंजाब सरकार उनकी मांगों को लेकर कोई निर्णय ले सकती है जिस पर टीचर्स की नजर है।

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