पंजाब में घमासान से बैकफुट पर कांग्रेस:आदमपुर और मजीठा सीट पर कैंडिडेट बदलने पर मंथन, केपी और सच्चर को रोकने की योजना

चंडीगढ़5 महीने पहले
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कांग्रेस की अगली लिस्ट के लिए कल केंद्रीय इलेक्शन कमेटी की मीटिंग होगी। - Dainik Bhaskar
कांग्रेस की अगली लिस्ट के लिए कल केंद्रीय इलेक्शन कमेटी की मीटिंग होगी।

पंजाब कांग्रेस में 86 उम्मीदवारों की पहली लिस्ट से ही घमासान मचने के बाद कांग्रेस बैकफुट पर नजर आ रही है। दूसरी लिस्ट जारी करने से पहले दो बड़ी सीटों आदमपुर और मजीठा पर नए सिरे से मंथन हो रहा है। इसके अलावा बाकी बचे 31 में से 10 सीटों पर ही सहमति बनी है। 21 पर 2 से 3 मजबूत दावेदार देख देरी हो रही है। पंजाब के कैंडिडेट की लिस्ट फाइनल करने के लिए कांग्रेस इलेक्शन कमेटी की कल मीटिंग होने जा रही है।

मोहिंदर केपी सीएम चन्नी के करीबी रिश्तेदार हैं
मोहिंदर केपी सीएम चन्नी के करीबी रिश्तेदार हैं

इन सीटों पर बदल सकते हैं कैंडिडेट

आदमपुर : यहां से कांग्रेस ने सुखविंदर कोटली को टिकट दी है। कोटली कुछ वक्त पहले ही बसपा से कांग्रेस में आए हैं। यहां से पूर्व सांसद मोहिंदर केपी बड़े दावेदार थे। वह सीएम चरणजीत चन्नी के करीबी रिश्तेदार हैं, इसलिए चन्नी भी उनके समर्थन में हैं। हालांकि कोटली सिद्धू के करीबी होने की वजह से टिकट पाने में कामयाब रहे। अब केपी ने खुली बगावत कर दी है और उनके भाजपा में जाने की चर्चाएं हैं।

मजीठा : बिक्रम सिंह मजीठिया की वजह से यह चर्चित सीट है। यहां पहले कांग्रेस के लाली मजीठिया लड़ते थे। इस बार वह आप में शामिल हो गए और उन्हें वहां से टिकट मिल गई। लाली के बाद यहां भगवंत पाल सच्चर बड़े दावेदार थे लेकिन कांग्रेस ने लाली मजीठिया के चचेरे भाई जग्गा मजीठिया को टिकट दे दी। इससे खफा सच्चर ने कांग्रेस छोड़ भाजपा जॉइन कर ली। हालांकि कुछ ही घंटों में वह वापस कांग्रेस में लौट गए। जग्गा को हटा उन्हें यहां से टिकट देने पर विचार चल रहा है।

टिकट न मिलने से नाराज सच्चर ने भाजपा जॉइन कर ली थी लेकिन अब कांग्रेस में लौट आए
टिकट न मिलने से नाराज सच्चर ने भाजपा जॉइन कर ली थी लेकिन अब कांग्रेस में लौट आए

12 विधायकों की टिकट दांव पर

पंजाब कांग्रेस की दूसरी लिस्ट में 12 विधायकों की टिकट दांव पर है। इनमें फिरोजपुर ग्रामीण से सत्कार कौर की टिकट कटनी तय है। उनकी जगह आप से आए आशु बांगड़ को टिकट दी जा रही है। फाजिल्का से दविंदर घुबाया की भी टिकट काटी जा रही है। उन्हें पहले फिरोजपुर ग्रामीण भेजा जा रहा था लेकिन वहां अब आप उम्मीदवार के कांग्रेस में आने से समीकरण बदल गए हैं। इसी तरह कई सीटों पर विधायकों के टिकट कट सकते हैं।