• Hindi News
  • Local
  • Chandigarh
  • Punjab Sacrilege Case, Dera Sacha Sauda News, Punjab Police SIT Interrogate Dera Sacha Sauda Managers

डेरा सच्चा सौदा से खाली हाथ लौटी SIT:चेयरपर्सन विपासना और वाइस चेयरमैन पीआर नैन नहीं मिले; कमेटी ने दिया खुद पेश होने का भरोसा

चंडीगढ़एक महीने पहले
  • कॉपी लिंक
सिरसा में डेरा सच्चा सौदा के अंदर जाती एसआईटी। - Dainik Bhaskar
सिरसा में डेरा सच्चा सौदा के अंदर जाती एसआईटी।

पंजाब में श्री गुरु ग्रंथ साहिब की बेअदबी के केस की जांच कर रही पुलिस की स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) सिरसा स्थित डेरा सच्चा सौदा से खाली हाथ लौट आई है। एसआईटी को वहां डेरे की चेयरपर्सन विपासना इंसां और सीनियर वाइस चेयरमैन डॉ. पीआर नैन नहीं मिले। हालांकि मैनेजमेंट कमेटी के बाकी सदस्यों ने भरोसा दिया कि अगले कुछ दिनों में दोनों खुद एसआईटी के आगे पेश हाेंगे।

पंजाब पुलिस के IG एसपीएस परमार की अगुवाई में एसएसपी मुखविंदर सिंह भुल्लर और 2 अन्य अफसरों वाली टीम वहां पूछताछ करने गई थी। पंजाब पुलिस की टीम के साथ सिरसा के एसपी अर्पित जैन भी लोकल पुलिस को साथ लेकर गए थे। डेरे की तरफ से भी वकीलों की अगुवाई में पैनल डेरे में मौजूद रहा।

पूछताछ के लिए डेरा सच्चा सौदा पहुंची SIT के हेड IG एसपीएस परमार
पूछताछ के लिए डेरा सच्चा सौदा पहुंची SIT के हेड IG एसपीएस परमार

इससे पहले इन दोनों को SIT ने पूछताछ के लिए लुधियाना बुलाया था, लेकिन वह सेहत कारणों का हवाला देकर नहीं आए। एसआईटी 3 बार उन्हें समन कर चुकी है।

राम रहीम ने प्रबंधकों पर डाली थी जिम्मेदारी
फरीदकोट के गांव बुर्ज जवाहर सिंह वाला में हुए बेअदबी मामले में कुछ दिन पहले SIT ने रोहतक की सुनारिया जेल जाकर बाबा राम रहीम से पूछताछ की थी। राम रहीम से 114 सवाल पूछे गए थे। इनमें डेरे की कमाई, प्रॉपर्टी, नोटबंदी के दौरान पुरानी करेंसी बदलवाने समेत पूरे कामकाज के बारे में राम रहीम ने जिम्मेदारी मैनेजमेंट कमेटी पर डाली थी।

राम रहीम ने कहा था कि वह सिर्फ सत्संग करने तक सीमित है। बाकी डेरे की देखरेख से लेकर हर तरह का हिसाब मैनेजमेंट कमेटी देखती है। इसके बाद SIT ने पूछताछ के लिए डेरा प्रबंधकों को बुलाया था।

पहले बेअदबी आई सामने
बुर्ज जवाहर सिंह वाला से श्री गुरु ग्रंथ साहिब की चोरी का मामला 1 जुलाई 2015 का है। फरीदकोट जिले में बरगाड़ी से 5 किलोमीटर दूर स्थित गांव बुर्ज जवाहर सिंहवाला के गुरुद्वारे से गुरु ग्रंथ साहिब का पावन स्वरूप चोरी हो गया था। इसके बाद 24 सितंबर 2015 को बरगाड़ी में गुरुद्वारे के पास हाथ से लिखे दो पोस्टर लगे मिले। आरोप है कि पंजाबी भाषा में लिखे इन पोस्टरों में अभद्र भाषा इस्तेमाल की गई और पावन स्वरूपों की चोरी में डेरा सच्चा सौदा का हाथ होने की बात भी लिखी गई। 12 अक्टूबर 2015 को बुर्ज जवाहर सिंहवाला की गलियों में पावन स्वरूप के अंग बिखरे मिले।

फिर फायरिंग में 2 लोगों की मौत हुई
इसके बाद 14 अक्टूबर को फरीदकोट के गांव बहबलकलां में धरना दे रही संगत को हटाने के दौरान पुलिस द्वारा की गई फायरिंग में दो लोगों की मौत हो गई। उसी दिन कोटकपूरा में भी धरना लगाकर बैठे सिख समुदाय के लोगों पर पुलिस ने लाठीचार्ज और फायरिंग की।

CBI समेत 3 SIT कर चुकी जांच
साल 2015 में बेअदबी का मामला गरमा गया और 2017 के पंजाब विधानसभा के चुनाव में यह सबसे बड़ा मुद्दा बना। अब तक इस मामले की जांच CBI के अलावा पंजाब पुलिस की दो SIT और एक कमीशन कर चुका है, लेकिन बेअदबी करने वाले असली दोषियों के नाम सामने नहीं आ पाए हैं।

अब पंजाब सरकार की SIT ने इस मामले में पहली बार पूछताछ के लिए राम रहीम का प्रोडक्शन वारंट मांगा था, लेकिन हाईकोर्ट ने उन्हें जेल में जाकर पूछताछ के आदेश दिए।

खबरें और भी हैं...