नगर निगम / बगैर लीव या स्टेशन लीव अप्रूव करवाए सुपरिंटेंडेंट पहुंचे छत्तीसगढ़

X

  • 15 दिसंबर 2019 को गए थे एक संगठन को अटेंड करने, निगम कमिश्नर ने जांच करवाई, अब होगा डिसिप्लिनरी एक्शन

दैनिक भास्कर

Jul 01, 2020, 04:00 AM IST

चंडीगढ़. (राजबीर सिंह राणा) नगर निगम के पीडब्ल्यूडी बी एंड आर विंग के सुपरिंटेंडेंट अजीत सिंह पिछले साल स्टेशन लीव अप्रूव करवाए बगैर ही छत्तीसगढ़ जा पहुंचे। वह भी अपने एक संगठन का फंक्शन अटेंड करने। एक जांच कर रहे अधिकारी से कह दिया कि सरकारी टूर पर छत्तीसगढ़ में हैं वह कल तक नहीं आ सकेंगे। जांच आगे बढ़ाई जाए। निगम कमिश्नर ने जांच करवाई। अब अजीत सिंह के खिलाफ डिसिप्लिनरी एक्शन होगा।
लोकसभा चुनाव के दौरान बीजेपी नेताओं ने सेक्टर 37 और अन्य के कम्युनिटी सेंटर में पॉलिटिकल फंक्शन कर लिया था। वह भी चुनाव आचार संहता लागू होने के दौरान। चुनाव आचार संहिता लागू होने पर सरकारी बिल्डिंग या कम्युनिटी सेंटर में राजनीतिक फंक्शन नहीं किया जा सकता है। इसे भास्कर ने प्रमुखता से प्रकाशित किया था। इसके अगले दिन नगर कमिश्नर केके यादव ने तीन जेई अमरीक सिंह्र अशोक कुमार, अमन कुमार और सेक्टर 37 कम्युनिटी सेंटर के सुपरवाइजर नरेश कुमार को चार्ज शीट कर दिया था। 
इसके बाद उनकी विभागीय जांच शुरु करवा दी थी।  जांच रिटायर्ड एडिशनल डिस्ट्रिक्ट सेशन जज आरके शर्मा को दी गई थी। शर्मा जांच कर रहे थे। इसीलिए 15 दिसंबर 2019 को रिटायर्ड एडिशन सेशन जज ने सुपरिंटेंडेंट अजीत सिंह को फोन किया कि चुनाव आचार संहिता केस की जांच लगी है। उससे संबंधित कागजात लेकर आ जाएं। फोन पर अजीत सिंह ने कह दिया कि वह इस समय छत्तीसगढ़ में हैं। और सरकारी टूअर पर गए हुए हैं।

इस लिए 16 दिसंबर को भी नहीं आ सकते हैं। इस लिए जांच की डेट आगे रख ली जाए। जांच अधिकारी ने इसे जांच रिपोर्ट के पेज नंबर 103 पर लिख दिया। इस मामले की  जांच रिपोर्ट जून माह में निगम कमिश्नर को सबमिट कर दी। निगम कमिश्नर ने जांच रिपोर्ट पढ़ी तो उसके पेज नंबर 103 पर लिखा मिला कि प्रजाइडिंग ऑफिसर अजीत सिंह 16 दिसंबर की जांच में शामिल नहीं हो सके।

इसी लिए जांच आगे बढ़ाई गई। अजीत सिंह सरकारी टूअर पर छत्तीस गढ़ गए थे। यहीं से कमिश्नर केके यादव की पकड़ में सुपरिंटेंडेंट अजीत सिंह आ गए। निगम कमिश्नर ने चीफ इंजीनियर से इसकी जांच करवाई और 30 जून तक रिपोर्ट सबमिट करने को कहा था। सुपरिंटेंडेंट अजीत सिंह का कहना है कि पिछले साल दिसंबर माह में राजनंदगाव छत्तीसगढ़ भारतीय मजदूर संघ की मीटिंग अटेंड करने गए थे। इस संघ में वे ऑल इंडिया के सेक्रेटरी हैं। वह बाकायदा छुट्‌टी लेकर गए।

चीफ इंजीनियर ने निगम कमिश्नर को सौंपी रिपोर्ट
चीफ इंजीनियर शैलेंद्र सिंह की ओर से की गई जांच में सामने आ गया कि सुपरिंटेंडेंट अजीत सिंह ने छत्तीसगढ़ जाने के लिए स्टेशन लीव और कैजुअल लीव नहीं ली थी। न ही किसी से अप्रूवल करवाकर ही लीव दफ्तर में छोड़ गया था। स्टेशन लीव लेकर उसे संबंधित ऑफिसर से अप्रूव करवाना होता है। लेकिन अजीत सिंह ने स्टेशन छोड़ते समय ऐसा कुछ भी फॉलो नहीं किया। अजीत सिंह छत्तीसगढ़ किसी सरकारी टूर पर नहीं गए। न ही सरकारी टूर के लिए उन्हें किसी ऑफिसर ने ऑथॉराइज किया था।  

लिया जाएगा एक्शन: निगम कमिश्नर
निगम कमिश्नर केके यादव का कहना है कि मॉडल कोड ऑफ कंडक्ट के दौरान कम्युनिटी सेंटर पॉलिटिकल फंक्शन में यूज हुए थे। उसकी जांच चली रही थी। उसमें सुपरिंटेंडेंट अजीत सिंह प्रिजाइंडिंग ऑफिसर थे। जांच के दौरान छत्तीसगढ़ चले गए थे। यह जांच अधिकारी ने रिपोर्ट में लिखा था कि सरकारी टूर पर छत्तीसगढ़ गए थे। इसलिए जांच आगे बढ़ाई गई। जांच रिपोर्ट देखने से पता चला कि सुपरिंटेंडेंट को सरकारी टूर के लिए कभी अप्रूवल नहीं दी। इसलिए चीफ इंजीनियर से जांच करवाई। उसमें सामने आया कि अजीत सिंह ने स्टेशन लीव अप्रूव नहीं करवाई । न ही लीव ली। इसलिए उसके खिलाफ डिसिप्लिनरी एक्शन होगा।  

आज का राशिफल

पाएं अपना तीनों तरह का राशिफल, रोजाना