• Hindi News
  • Local
  • Chandigarh
  • The Industrial Association Of Gurugram Filed A Petition, Challenging The Election Announcement Of The BJP JJP Coalition Government To Make A Law

प्राइवेट नौकरियों में आरक्षण का मामला पहुंचा हाइकोर्ट:गुरुग्राम की इंडस्ट्रियल एसोसिएशन ने दायर की याचिका, भाजपा- जजपा गठबंधन सरकार के चुनावी घोषणा को कानून बनाने पर चुनौती

चंडीगढ़2 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
पंजाब और हरियाणा हाइकोर्ट की फाइल फोटो। - Dainik Bhaskar
पंजाब और हरियाणा हाइकोर्ट की फाइल फोटो।

हरियाणा सरकार द्वारा प्राइवेट नौकरियों में 75 प्रतिशत आरक्षण देने के निर्णय को गुरुग्राम की इंडस्ट्रियल एसोसिएशन ने पंजाब और हरियाणा हाइकोर्ट में चुनौती दी है। एसोसिएशन ने अपनी याचिका में कहा कि इस कानून के लागू से प्रदेश में इंडस्ट्री का पलायन हो सकता है। प्राइवेट नौकरियों में आरक्षण संविधान के खिलाफ है। हरियाणा सरकार का यह फैसला उसके अधिकार क्षेत्र से बाहर का है। साथ ही सुप्रीम कोर्ट के कई फैसलों के खिलाफ है, इसे रद्द किया जाना चाहिए।

इंडस्टि्रयल एसोसिएशन के प्रतिनिधि जेएन मंगला ने अपनी दायर याचिका में कहा है कि यह कानून केंद्र सरकार की एक भारत श्रेष्ठ नीति के विपरीत है। यह कानून नीजि क्षेत्र के विकास को बाधित करेगा और आशंका है इस कारण राज्य से इंडस्ट्री पलायन कर सकती है।

इन कंपनियों पर लागू होता है कानून

हरियाणा की भाजपा- जजपा सरकार का यह कानून नीजि क्षेत्र की कंपनियां, सोसायटी, ट्रस्ट, साझेदारी फर्म पर लागू होता है, जिसमें दस से ज्यादा कर्मचारी है। एसडीएम या इससे उच्च स्तर के अधिकारी कानून की उल्लघंना होने पर 25 हजार रुपये से पांच लाख रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान किया गया है।

चुनावी समझौते को लागू किया

विधानसभा चुनाव 2019 में भाजपा और जजपा ने अपने चुनावी घोषणा पत्र में हरियाणा के युवाओं को प्राइवेट सेक्टर की नौकरियों में 75 प्रतिशत आरक्षण देने का वादा कया था। दोनों दलों के संयुक्त न्यूनतम साझा कार्यक्रम में भी इस बात को प्रमुखता से दोहराया गया, जिसके बाद कानून बनाने की प्रकिया शुरू की गई थी।

खबरें और भी हैं...