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शुभारंभ:मेयर ने मक्की के दानों से बने लिफाफे, कागज के वेस्ट से तैयार पेंसिल लॉन्च की

पंचकूला2 महीने पहले
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शहर में लगने वाले डस्टबिन का उद्घाटन करते हुए मेयर कुलभूषण गोयल। - Dainik Bhaskar
शहर में लगने वाले डस्टबिन का उद्घाटन करते हुए मेयर कुलभूषण गोयल।
  • कारों में डस्टबिन रखने के प्रोजेक्ट का मेयर कुलभूषण गोयल ने किया शुभारंभ

सेक्टर-14 में मेयर कुलभूषण गोयल ने शहरवासियों को तीन अलग-अलग तोहफे दिए। शहर को प्लास्टिक फ्री बनाने के लिए मक्की के दानों से बने लिफाफों को मेयर ने लांच किया। इसके बाद मेयर ने कागज के वेस्ट से तैयार पेंसिल, विजिटिंग कार्ड को लांन्च किया और फिर शहर के हर 500 मीटर की दूरी पर गीला और सूखा कचरा डालने के लिए रखे जाने वाले डस्टबिन को लांच किया।

मेयर कुलभूषण गोयल ने बताया कि पंचकूला के सेक्टर-14 में ईको मार्ट खोला गया है जिसमें होम कॉम्पोस्टर, वेस्ट वाटर ट्रीटमेंट, बायो डीग्रेडेबल क्रोकरी, बैग्स और रिसाइकल्ड पेपर सीड पेपर प्रोडक्ट्स को रखा गया है। उन्होंने बताया कि सेक्टर-14 में खोले गए इस ईको मार्ट में रखने वाली सभी चीजें इको फ्रेंडली हैं।

मेयर कुलभूषण गोयल ने कहा कि स्वच्छ भारत मिशन के तहत एनजीओ हरियाणा नवयुवक कला संगम के सहयोग से एक कम्पोस्टर भी तैयार किया गया है। उन्होंने बताया कि लोग घरों में ग्रीन वेस्ट यानी किचन व गार्डन वेस्ट को इस कं पोस्टर में डालकर खाद तैयार कर सकेंगे और लोग इस कम्पोस्टर को भी सेक्टर-14 में खोले गए एनजीओ के दफ्तर से खरीद सकेंगे।

इसकी कीमत करीब 800 रुपए रखी गई है। घर में गीले कूड़े से मीथेन गैस बनती है और गीला कूड़ा सबसे ज्यादा हानिकारक होता है। गीले कूड़े को कंपोस्ट में डालते हैं तो कंपोस्ट में नेचुरल इन्ग्रेडिएंट्स से खाद बन जाएगी। मेयर ने बताया कि कंपोस्टर का साइज उस हिसाब से बनाया गया है ताकि घर का 15 से 20 दिनों का कूड़ा कम्पोस्टर में आ सके और बाद में खाद बन सके।

उन्होंने बताया कि 4 तरह के डस्टबिन पूरे पंचकूला की मार्केट में लगाए जाएंगे। इसके लिए 225 डस्टबिन गीले और सूखे कचरे के लिए रखे जाएंगे और इसके अलावा 75 सेट येलो और रेड डस्टबिन के होंगे और इन येलो व रेड डस्टबिन को सेक्टर में बनी केमिस्ट शॉप्स के पास रखा जाएगा ताकि दवाइयां, रैपर्स, कांच आदि जैसे हानिकारक चीजों को इन डस्टबिन में गिराया जा सके।

इन डस्टबिन को शहर के मार्केट के साथ-साथ कॉर्पोरेशन में आते गांव की मार्केट में भी रखा जाएगा ताकि जो व्यक्ति मार्केट से यदि कुछ खरीद कर बाहर निकलता है तो वह अपने साथ ले रहे कचरे को सड़क पर ना फेंकते हुए डस्टबिन के अंदर ही फेंके। मेयर कुलभूषण गोयल ने बताया कि शहर को प्लास्टिक और पर्यावरण फ्री बनाने के लिए बैग्स को भी लॉन्च किया है और इन बैग्स को मक्की से तैयार किया गया है।

नगर निगम ने इस एनजीओ के सहयोग से मक्की के दाने से लिफाफे तैयार करवाए हैं। यह लिफाफे पॉलिथीन का इस्तेमाल पूरी तरह बंद करने के उद्देश्य से बनवाए गए हैं। उन्होंने बताया कि यह लिफाफे बायोडिग्रेडेबल होने के कारण इस्तेमाल के बाद फेंकने के चंद दिनों में मिट्टी बन जाएंगे। इसके अलावा वेस्ट से कागज भी तैयार किया गया है और इस कागज में बीज भी शामिल है।

उन्होंने बताया कि यह बीज जहां कहीं मिट्टी पर गिरेगा वहां बीज से पौधे उग सकेंगे। नगर निगम के मेयर कुलभूषण गोयल का कहना है कि इससे पॉलिथीन के इस्तेमाल में कमी आएगी और पॉलिथीन के इस्तेमाल पर पूर्णता बैन लगाने में मदद मिलेगी। मेयर का कहना है कि हालांकि यह बैग्स प्लास्टिक बैग्स से थोड़े महंगे जरूर होंगे लेकिन मक्की से बने इन बैग्स का बहुत फायदा है।

यह बैग्स जहां कहीं पर भी गिरेंगे उससे नुकसान नहीं होगा। मेयर कुलभूषण कोयल ने कहा कि यदि पंचकूला के सेक्टर 14 में खोला गया यह इको मार्ट कामयाब हुआ तो इस इको मार्ट को पंचकूला में अन्य जगहों पर भी खोला जाएगा। पंचकूला के सभी शॉप में मक्के से तैयार किए गए बैग इस्तेमाल में किए जाने की कोशिश की जाएगी ताकि प्लास्टिक के बैग पर रोक लगाई जा सके।

मेयर कुलभूषण गोयल ने बताया कि हाल ही में मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने पंचकूला को मेट्रोपॉलिटन अथॉरिटी बनाने की घोषणा की है जिसके तहत पंचकूला में एजुकेशन सिटी, मेडिसिटी, मोरनी के अंदर पैराग्लाइडिंग जैसे नए-नए प्रोजेक्ट्स आ रहे हैं। जल्द ही पंचकूला का नया रूप देखने को मिलेगा।

कार में रखने के लिए दो साइज के डस्टबिन तैयार किए

कार में रखे जाने वाले डस्टबिन को भी लॉन्च किया गया है। दो साइज के डस्टबीन तैयार किए गए हैं, जिसमें से 1 साइज के डस्टबिन आ चुके हैं और दूसरे साइज के डस्टबिन जल्द ही मुंबई से आ जाएंगे। मेयर ने बताया कि यह डस्टबिन 2 साइज के होंगे। पंचकूला शहरवासी अपनी कारों के लिए पंचकूला के सेक्टर-14 में बने दफ्तर से डस्टबिन ले सकेंगे और यह डस्टबिन कार के दरवाजे में आसानी से फिट हो जाएगा।

यह डस्टबिन स्वच्छ भारत मिशन के तहत लॉन्च किए गए हैं। उन्होंने बताया कि खाने-पीने का सामान मार्केट से खरीद कर और कार में बैठकर खाने के बाद लोगों की ओर से वेस्ट को गाड़ी से नीचे अक्सर गिरा दिया जाता है। ऐसे में कचरा गाड़ी से बाहर न फेंका जाए इसको लेकर पंचकूला नगर निगम ने कारों के लिए डस्टबिन को प्रमोट करने का फैसला लिया है। इसके लिए पंचकूला नगर निगम ने हरियाणा नवयुवक कला संगम एनजीओ के साथ टाइअप किया है।

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