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सीरिंज का शॉर्टेज:वैक्सीन की 41 हजार डोज लगाने सिर्फ 19 हजार सीरिंज उपलब्ध, बढ़ी परेशानी; सप्लाई नहीं, स्वास्थ्य विभाग को 70 हजार लोगों का वैक्सीनेशन टारगेट बदलना पड़ा

भिलाई2 महीने पहले
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जिले में अब कोरोना से बचाव की वैक्सीन लगाने के उपयोग होने वाली सीरिंज की शॉर्टेज हो गई है। मंगलवार की शाम तक उपयोग के बाद 41 हजार डोज कोविशील्ड और कोवैक्सीन उपलब्ध है, जबकि इसे लगाने की सीरिंज मात्र 19 हजार ही बची हुई है। पिछले 4 अक्टूबर से जिले में सीरिंज को लेकर ऐसी स्थिति बनी है।

सीरिंज की शॉर्टेज की वजह से ही एक दिन में 70 हजार वैक्सीनेशन का टारगेट कम करना पड़ा था। तब से 5 दिन बीत गए, फिर भी 70000 वैक्सीनेशन नहीं हो पाया है। सीरिंज की शॉर्टेज बनी हुई है। ऐसे में यदि समय पर सीरिंज उपलब्ध नहीं हुए तो कोरोना के खिलाफ शुरू की गई जंग को झटका लग सकता है।

क्योंकि सीरिंज के बिना टीकाकरण संभव नहीं है। जिले में अभी कोरोना के खिलाफ टीकाकरण की रफ्तार धीमी हो गई है। इसकी वजह साफ दिखाई पड़ती है। वजह सिर्फ सीरिंज की कमी होना है।

जानिए: 0.5 एमएल वैक्सीन भरने वाली होती है सीरिंज,

दूसरी सीरिंज उपयोग नहीं कर सकते क्योंकि हो जाती है लॉक
कोरोना से बचाव की दोनों वैक्सीन लगाने ऑथराइज्ड सीरिंज के अलावा कोई दूसरी सीरिंज उपयोग नहीं की जा सकती है। क्योंकि दूसरी सीरिंज उपयोग करने पर वैक्सीन की निर्धारित मात्रा कम या ज्यादा हो सकती है। इसके लिए बनी वैक्सीन 0.5 एमएल वैक्सीन ही भरा जा सकता है। यूज के बाद यह लॉक हो जाती है। ऐसे में सीरिंज की जरुरत तुरंत पड़ती है। समय रहते ही सीरिंज लाना जरूरी है।

जल्द आपूर्ति नहीं हुई तो वैक्सीनेशन पर पड़ेगा होगा
जिले में सीरिंज की आपूर्ति नहीं हुई तो वैक्सीनेशन ठप हो सकता है। क्योंकि सीरिंज केवल 19000 बची हुई है। रोज औसतन 10000 वैक्सीनेशन हो रहा है। इस अनुसार उपलब्ध सीरिंज केवल दो दिन ही उपयोग हो सकती है। इसके बाद वैक्सीन उपलब्ध रहते हुए वैक्सीनेशन नहीं हो सकता है। इससे समस्या और बढ़ गई है।

सबसे ज्यादा सीरिंज का उपयोग भिलाई में हो रहा
जिले में सबसे ज्यादा 409338 सीरिंज भिलाई शहरी क्षेत्र में यूज हुई है। इसमें लगभग 2.5 लाख का उपयोग पहली खुराक और 1.5 लाख का दूसरी खुराक में किया गया है। जिले में अबतक सबसे ज्यादा वैक्सीनेशन भी भिलाई शहरी क्षेत्र में ही हुआ है।

चरोदा क्षेत्र में सबसे कम हुआ है इसका इस्तेमाल
सबसे कम 82143 सीरिंज का इस्तेमाल चरोदा निगम क्षेत्र में हुआ है। इसमें लगभग 60000 लोगों को पहली खुराक देने में और 22000 का दूसरी खुराक देने में हुआ है। वहीं 85949 सीरिंज का यूज रिसाली निगम क्षेत्र में किया गया है।

दो लाख सीरिंज की डिमांड की, जल्द उपलब्ध होगी

  • डायरेक्ट्रेट से दो लाख सीरिंज मंगाई गई है। वहां से शीघ्र ही देने की जानकारी दी गई है। अभी हमारे पास 19000 सीरिंज उपलब्ध है। इतने का दो दिन उपयोग कर सकते हैं। - डॉ. सीबीएस बंजारे, डीआईओ दुर्ग
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