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धोखाधड़ी का मामला:एसबीआई से ठगे 14 लाख; रकम निकालते, यूपी के दो शातिर को पुलिस ने किया गिरफ्तार

राजनांदगांव5 दिन पहले
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राजनांदगांव. पुलिस ने दोनों आरोपियों को जेल भेज दिया है। - Dainik Bhaskar
राजनांदगांव. पुलिस ने दोनों आरोपियों को जेल भेज दिया है।
  • एटीएम से छेड़खानी कर रकम निकालने की

साइबर सेल व कोतवाली पुलिस की टीम ने यूपी के दो शातिर को गिरफ्तार किया है। जो एटीएम में छेड़खानी कर उसे ट्रिप कर देते थे। जिससे रकम निकासी के बाद भी ट्रांजेक्शन फेल की पर्ची बाहर आती थी। इसी पर्ची के सहारे आरोपी वही रकम बैंक में आवेदन कर दोबारा निकाल लेते।

भारतीय स्टेट बैंक के प्रबंधक ने एटीएम से छेड़खानी कर रकम निकाले जाने की शिकायत दर्ज कराई थी। इसके बाद साइबर सेल और कोतवाली पुलिस की टीम मामले की जांच में जुटी हुई थी। तभी नया बस स्टैंड एसबीआई एटीएम के सामने दो संहेदी पुलिस को देखकर भागने लगे। जिसे टीम ने तत्काल हिरासत में लिया। संदेहियों की पहचान यूपी के फतेहपुर जिले में रहने वाले मनीष यादव (22) और विकास यादव (19) के रूप में हुई।

कड़ाई से हुई पूछताछ में दोनों ही आरोपियों ने एटीएम से छेड़खानी कर रुपए निकालने की बात स्वीकार ली। आरोपियों ने बताया कि वे एटीएम से रुपए निकालने के वक्त अपने हाथों से रुपए निकलने वाले हिस्से को दबाते थे, जिससे बीप की आवाज के साथ मशीन ही ट्रीप हो जाती थी। दर्ज की गई रकम भी बाहर आ जाती और मशीन ट्रीप होने की वजह से ट्रांजेक्शन फेल होने की रिटर्न स्लीप भी निकल जाती।

एटीएम एसबीआई का, कार्ड दूसरे बैंकों का इस्तेमाल करते

आरोपियों ने हर बार एसबीआई के एटीएम को भी निशान बानाया है। जबकि इन मशीनों में दूसरे बैंक का कार्ड इस्तेमाल करते थे। आरोपियों ने ये कार्ड अपने क्षेत्र के दूसरे लोगों से 1 से डेढ़ हजार रुपए देकर हायर किया था। जिनके खातों में कुछ रकम डालकर कार्ड खुद रखते और मशीनों में छेड़खानी कर इस तरह से धोखाधड़ी करते थे। बैंक प्रबंधन ने लगातार आ रही ऐसी शिकायतों पर मशीन की जांच की तो सामने आया कि रकम भी निकल गई और मशीनों से ट्रांजेक्शन फेल की पर्ची भी सामने आई है।

ट्रांजेक्शन फेल वाली पर्ची लेकर पहुंचते बैंक

आरोपियों ने बताया कि वे एटीएम से ट्रांजेक्शन फेल वाली पर्ची लेकर संबंधित बैंक में पहुंच जाते। जहां अफसरों को बताते कि खाते से रकम कट गई, लेकिन मशीन से रुपए नहीं आया। पर्ची के आधार पर अफसर भी संबंधित खाते में कटी हुई राशि डाल देते। इस तरह एक ही रकम आरोपियों को दो बार मिल जाती। इसी तरह इस गैंग ने जिले में 14 लाख 50 हजार का चूना एसबीआई को लगाया। इस छेड़खानी 1 लाख 4 हजार की रकम शहर के ही एटीएम से निकाली है।

मास्टर माइंड जगदलपुर जेल में, दो साथियों की तलाश

पकड़े गए आरोपियों ने बताया कि मशीन से छेड़खानी करना उन्हें यूपी के ही फतेहपुर में रहने वाले निर्भय प्रताप सिंह ने सिखाई है। जो ऐसे ही मामले में जगदलपुर के जेल में बंद हैं। आरोपियों ने अपने दो अन्य साथी विजय यादव और पंकज यादव के बारे में भी जानकारी दी है।

जो शहर में ऐसी वारदात को अंजाम देकर लौट चुके हैं। जिनकी तलाश पुलिस कर रही है। आरोपियों ने बताया कि उनका गैंग महीनेभर से जिले में सक्रिए है। आरोपियों के पास से 34 हजार रुपए नकद सहित 9 एटीएम कार्ड भी जब्त किया गया है।

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