दो दिवसीय कोया पुनेम सम्मेलन:समाज के जरूरतमंद लोगों की मदद करने आगे आएं

राजनांदगांव3 दिन पहले
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  • बोटेकसा में हुआ कोया पुनेम सम्मेलन, गोंडवाना समाज के सदस्य हुए शामिल, अधिकारों के लिए किया सचेत

जिले की सीमा से लगे महाराष्ट्र के ग्राम बोटेकसा में गोंडवाना समाज द्वारा दो दिवसीय कोया पुनेम सम्मेलन व सामाजिक प्रबोधन का आयोजन किया गया। इसमें छग और महाराष्ट्र के गोंडवाना समाज के सदस्य शामिल हुए। कार्यक्रम के समापन अवसर में मुख्य अतिथि के रुप में सेवानिवृत्त उप पुलिस अधीक्षक नीताराम कुमरे उपस्थित थे।

अध्यक्षता कोरची तहसील के गोंडवाना समाज के अध्यक्ष रामसू कटेंगे ने की। विशिष्ट अतिथि के रुप में गोंडवाना समाज के मोहला के संभागीय अध्यक्ष नरेन्द्र नेताम, अधिकारी-कर्मचारी प्रकोष्ठ के संभागीय अध्यक्ष चंद्रेश ठाकुर, छुरिया व डोंगरगढ़ ब्लॉक अध्यक्ष दिनेश कोरेटी, झाड़ूराम हलामे, देवाजीत तोप्पा, रमेश कोरचा सहित अन्य अतिथि मौजूद रहे।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि नीताराम कुमरे ने सभी स्वजातीय जनों को संगठित होकर अपने अधिकारों के लिए निरंतर संघर्ष करने तथा समाज के वंचित और जरूरतमंद लोगों की मदद के लिए जरुरी कदम उठाने की अपील की। रामसू कटेंगे ने आभार व्यक्त किया। विशेष अतिथि नरेन्द्र नेताम ने गोंडी संस्कृति के संरक्षण और संवर्द्धन में योगदान देने की अपील की।
समाज के विकास में शिक्षा ब्रह्मास्त्र की तरह है

अधिकारी-कर्मचारी प्रकोष्ठ के संभागीय अध्यक्ष चंद्रेश ठाकुर ने कहा कि आदिवासियों की संस्कृति विश्व की समस्त संस्कृतियों की जननी है, जिसका उल्लेख हमारे देश के प्रथम प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरु ने अपने विश्वविख्यात पुस्तक डिस्कवरी ऑफ इंडिया में किया है। उन्होंने समाज के विकास के लिए शिक्षा को ब्रह्मास्त्र बताते हुए आने वाले पीढ़ी को उच्च शिक्षित कराने हेतु प्रण लेने की अपील की।

इस अवसर पर रमेश कटेंगा और अन्य अतिथियों ने भी अपना सारगर्भित विचार व्यक्त किया। कार्यक्रम में कोटगुल के सरपंच राजेश नेताम, चमरु मंडावी, नंदकुमार नेताम, मोहन कुरचामी, भूपेन्द्र मंडावी, गुलशन नेताम, तुलसीराम तारम, महजन कोमरे, जागेश्वर उसेंडी, प्रकाश कुंजाम आदि मौजूद रहे।

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