मानसून ब्रेक ने बढ़ाई चिंता:दरिमा, लुंड्रा, सीतापुर और उदयपुर तहसील में औसत से 28 से 40 % कम बारिश, अभी वर्षा की उम्मीद भी कम

अंबिकापुर2 महीने पहले
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हल्के बादलों से धूप-छांव का दौर दिन में लगा रहता है। - Dainik Bhaskar
हल्के बादलों से धूप-छांव का दौर दिन में लगा रहता है।
  • मानसून द्रोणिका की स्थिति दक्षिण तरफ होने से सरगुजा संभाग में नहीं हो रही बारिश
  • 875 मिमी अब तक की है औसत वर्षा

सरगुजा में अगस्त के साथ कम हो रही बारिश ने चिंता बढ़ा दी है। इससे सूखे की संभावना बनने लगी है। स्थिति यह है कि जिले की चार तहसील दरिमा, लुंड्रा, सीतापुर व उदयपुर में बारिश का औसत से लगभग 28 से 40 फीसदी पीछे चला गया है।

यहां हालात चिंताजनक होने लगे हैं और यदि ऐसी रही तो खेती को नुकसान तय है। सबसे अधिक धान की फसल को नुकसान होगा। किसानों के अनुसार इसका असर पैदावर पर होगा, क्योंकि फसल में अब बाली लगने की प्रक्रिया शुरू हो रही है और इस समय बारिश की काफी जरूरत है। जिले में अब तक 775.4 मिमी ही बारिश हुई, जबकि अब तक की औसत बारिश का आंकड़ा 875.2 मिमी है। देखा जाए तो जिले में औसत से लगभग 10 मिमी कम वर्षा हुई है। इसका अंदाजा इसी से लगा सकते हैं कि सितंबर में 11 दिनों के भीतर सिर्फ 28 मिमी ही बारिश दर्ज की गई। अभी बारिश की उम्मीद नजर भी नहीं आ रही है, क्योंकि मानसून द्रोणिका की स्थिति दक्षिण दिशा तरफ होने से सरगुजा संभाग में बारिश के लिए अनुकूल स्थिति नहीं बन रही है।

जून और जुलाई में औसत से रहे थे आगे
सरगुजा में इस साल समय से मानसून पहुंच गया था और यह दो महीने सक्रिय भी रहा। इससे अच्छी बारिश भी होती रही। जून और जुलाई में जिले की औसत बारिश सामान्य से अधिक रही। अगस्त में कम बारिश हुई और आंकड़ा पीछे होने लगा, लेकिन सितंबर में यह काफी पीछे छूटने लगा है।

जिले की 4 तहसीलों में स्थिति खराब
जिले की चार तहसील में बारिश की स्थिति ज्यादा खराब है। दरिमा में औसत से 42.33 मिमी कम बारिश हुई है। इसी प्रकार लुंड्रा में 32.61 प्रतिशत, सीतापुर में 28.75 प्रतिशत व उदयपुर में 41.67 प्रतिशत कम बारिश हुई है। इससे यहां की स्थिति चिंताजनक बनती जा रही है।

एक नया सिस्टम बनने से दो दिन बाद बारिश के आसार
अभी मानसून द्रोणिका की सामान्य से दक्षिण दिशा तरफ खिसक गई है। इससे सरगुजा में बारिश नहीं हो रही है। वैसे उत्तरी बंगाल की खाड़ी में एक नया अवदाब का क्षेत्र विकसित हो रहा है। इसके प्रभाव से 13 सितंबर के दौरान छत्तीसगढ़ में वर्षा हो सकती है।
-एएम भट्‌ठ, मेट्रोलाजिस्ट, मौसम विज्ञान केंद्र

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