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सीएमओ से शिकायत के बाद जांच शुरू:अपोलो पर डॉक्टर के पिता का शव रोकने का आरोप

बिलासपुरएक महीने पहले
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कोरोना से पीड़ित पिता को भर्ती करने के बाद पूरा पैसे जमा नहीं करने पर अपोलो प्रबंधन ने सिम्स के डॉक्टर के पिता का शव रोक लिया है। गंभीर बात यह है कि उनके पिता अस्पताल में केवल एक दिन ही रहे और बिल 1 लाख 6 हजार रुपए जोड़ दिया गया।

डॉक्टर बेटे की शिकायत पर सीएमएचओ आफिस के डॉक्टरों की टीम ने अपोलो से बिल जब्त कर लिया है। मूल रूप से बेमेतरा जिले के रहने वाले डॉक्टर डार्विन डिसूजा सिम्स के मेडिसिन विभाग में पदस्थ है। यहां कोरोना वार्ड में उनकी चार बार ड्यूटी लग चुकी है। डॉक्टर डिसूजा के अनुसार अप्रैल में उनके पिता एमडी दोहरे कोरोना पॉजिटिव पाए गए। स्थिति गंभीर होने पर पहले उन्हें व्यापार विहार स्थित विवेकानंद अस्पताल में भर्ती कराया। यहां वे 14 दिन भर्ती रहे। इस अस्पताल में उन्होंने 4 लाख से अधिक के बिल का भुगतान किया।

यहां उनके पिता की हालत बिगड़ रही थी इसलिए अपोलो ले आए। यहां 13 मई को यहां उन्हें भर्ती कराया गया और 14 मई की रात करीब 9 बजे उनका देहांत हो गया। पिता की मौत की खबर अपोलो प्रबंधन ने उन्हें फोन पर दी और बाकी बिल जमा करने के बाद शव ले जाने के लिए कहा। चूंकि डॉक्टर की मां, चाचा व भाई भी कोरोना से पीड़ित हैं। उनका निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है। यह बात उन्होंने अपोलो प्रबंधन को दी और पिता का शव देने का आग्रह किया पर अपोलो प्रबंधन ने मना कर दिया। कहा पैसे देने पर ही शव मिलेगा।

डॉक्टर ने पिता को भर्ती कराते समय 50 हजार रुपए जमा कराए थे। बिल के हिसाब से उन्हें 56 हजार रुपए और देना था। इसके बाद डॉक्टर ने अपने दोस्त से 50 हजार रुपए उधार लिए और अपोलो में जमा कराए तब पिता का शव दिया गया। उन्होंने पूरे मामले की शिकायत सीएमएचओ से की है। ओवर बिलिंग का मामले होने के कारण शिकायत के बाद सीएमएचओ ऑफिस के डॉक्टरों ने अपोलो से बिल जब्त कर इस मामले की जांच शुरू कर दी है।

अलग अलग अस्पतालों में कर चुके हैं भुगतान : डॉक्टर डार्विन ने बताया की उनकी मां, चाचा, भाई कोरोना संक्रमित हो चुके हैं। सभी को अस्पताल में भर्ती किया गया है, इलाज के एवज में वे 10 लाख जमा कर चुके हैं अब उनके पास पैसा नहीं है।

पीआरओ का मोबाइल बंद : इस पूरे मामले में अपोलो का पक्ष जानने के लिए पीआरओ देवेश गोपाल के मोबाइल पर कॉल किया गया पर उनका मोबाइल बंद मिला।

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