सीएमएचओ ने लिखा कड़ा पत्र:102 अस्पतालों के लाइसेंस की अवधि खत्म, नवीनीकरण नहीं

बिलासपुर5 महीने पहले
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निजी अस्पताल अपनी मनमानी के आगे स्वास्थ्य विभाग की भी नहीं सुन रहे हैं। तीन बार पत्र लिखने के बाद भी नर्सिंग होम, क्लिनिक सहित 102 स्वास्थ्य संस्थाओं ने अपने लाइसेंस का नवीनीकरण नहीं करवाया। इन संस्थाओं की मनमानी से परेशान होकर सीएमएचओ को कड़ा पत्र लिखना पड़ गया।

सीएमएचओ ने अपने पत्र में लिखा है कि नर्सिंग होम, डायग्नोस्टिक सेंटर, डेंटल और होम्‍योपैथी, आयुर्वेदिक और एलोपैथिक सभी क्लिनिक जिनकी वैधता तिथि समाप्त हो चुकी है। वे सात दिन के अंदर अपने लाइसेंस के नवीनीकरण के लिए पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन कर दें। नहीं समय-सीमा निकल जाने के बाद किसी के लाइसेंस का नवीनीकरण नहीं किया जाएगा। इस पत्र के बाद निजी अस्पतालों ने नवीनीकरण के लिए ऑनलाइन पोर्टल पर पंजीयन करना भी शुरू कर दिया है। हालांकि अभी तक 102 संस्थाएं ऐसी हैं जिन्होंने आवेदन नहीं किया है। अभी सिर्फ 23 अस्पतालों ने लाइसेंस नवीनीकरण का फार्म ऑनलाइन भर दिया है।

कोरोना के कारण शासन ने खुद बढ़ा दी थी नवीनीकरण की अवधि बता दें कि जिले में कुल 139 हॉस्पिटल, 56 डायग्नोस्टिक सेंटर, 118 डेंटल और होम्‍योपैथी, आयुर्वेदिक एलोपैथिक सहित 194 क्लिनिक संचालित हो रहे हैं। नियमानुसार हर पांच साल में लाइसेंस अपडेट कराना होता है। पिछली बार अस्पतालों ने 2014 को लाइसेंस अपडेट कराया था। 125 संस्थाओं के लाइसेंस की अवधि समाप्त हो गई थी। इन संस्थाओं को 2019 में फिर से लाइसेंस अपडेट करा लेना था, लेकिन इसके बाद कोरोना महामारी का दौर चालू हो गया है। स्वास्थ्य विभाग ने इन्हें छूट दे दी। लेकिन 2021 में फिर से मार्च तक लाइसेंस अपडेट के निर्देश दिए गए। साथ ही शासन ने इनके लाइसेंस नवीनीकरण के लिए सीजी पोर्टल पर ऑनलाइन सुविधा शुरू कर दी ताकि अस्पताल संचालक अपने दफ्तर में ही बैठकर ऑनलाइन आवेदन कर पाएं लेकिन इसके बाद भी 102 अस्पतालों ने अभी तक आवेदन नहीं किया है। अभी तक 23 अस्पताल ने लाइसेंस अपडेट कराया है।

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