18 पंचायत और स्लम एरिया में डायरिया का खतरा:नालियों से गुजरी पाइप लाइन व लीकेज समस्या की जड़, 264 किमी पाइप लाइन बदलना जरूरी

बिलासपुर5 महीने पहले
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रमजानी बाबा की दरगाह क्षेत्र में कई जगह पाइप लाइन में लीकेज की समस्या है। - Dainik Bhaskar
रमजानी बाबा की दरगाह क्षेत्र में कई जगह पाइप लाइन में लीकेज की समस्या है।

डायरिया की चपेट में आने से सोमवार को फिर एक बुजुर्ग की मौत हो गई। मृतक प्रेमलाल श्रीवास (72 वर्ष) तालापारा की रमजानी गली में रहते थे। उनके बेटे यशवंत ने ‘दैनिक भास्कर’ को बताया कि 4 रोज से बीमार थे। पहले सहगल अस्पताल में इलाज चला। हालत बिगड़ी तो उन्हें सिम्स में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान सुबह 10 बजे उन्होंने दम तोड़ दिया। मोहल्ले में कई लोग उल्टी दस्त से पीड़ित हैं। उनका अलग अलग जगह इलाज चल रहा है। प्रभावितों के परिजनों ने गंदे पानी की सप्लाई की शिकायत की।

नालियों से गुजरी पाइप लाइन और लीकेज दिखाया। पेयजल की समस्या भी बताई। वार्ड का जायजा लेने पर स्थिति चिंताजनक लगी। बड़ा सवाल यह है कि नालियों से गुजरी पाइप लाइन और लीकेज की समस्या केवल तालापारा तक सीमित नहीं है बल्कि निगम में शामिल 18 पंचायत क्षेत्र तथा पुराने निगम के स्लम एरिया भी समस्याग्रस्त हैं। तालापारा में पांच साल पहले डायरिया फैल चुका है। डेढ़ साल पहले लिंगियाडीह में लोगों की हालत बिगड़ी तो निगम प्रशासन का ध्यान पाइप लाइनों की ओर गया, परंतु खेद है कि नालियों से गुजरी पाइप लाइनें बदली नहीं जा सकी हैं।

सभापति नजीरुद्दीन प्रभावितों से मिले: सभापति शेख नजीरुद्दीन ने दौरा कर 112 एम्बुलेंस द्वारा मरीजों को अस्पताल में भर्ती करवाने के निर्देश दिए। उन्होंने नाले, नालियों की नियमित सफाई व लीकेज दुरुस्त कराने, सैंपल जांच, सुलभ शौचालय की टंकी खाली कराने को कहा। स्थिति की गंभीरता से लेते हुए सभी से अपने काम को ईमानदारी से करने को कहा। उन्होंने सीएमएचओ से क्षेत्र में स्वास्थ्य शिविर लगाने कहा है।

पानी नहीं चढ़ता, गड्‌ढे से खींचकर घरों में सप्लाई से कई परिवार बीमार
डायरिया से प्रेमलाल श्रीवास की मौत हो जाने के कारण पूरे तालापारा में सुबह मातम पसरा था। मृतक के बेटे यशवंत ने बताया कि चाल में पानी नहीं चढ़ता सो घर के बाहर सीमेंट का गड्‌ढा है, जिसमें नल चालू होते ही पानी भरने लगता है। इससे कई परिवार मोटर लगाकर पानी खींचते हैं।
इससे पानी लेने वाले चार में से एक परिवार को छोड़ सभी डायरिया से पीड़ित हैं। राजकुमार श्रीवास 52 वर्ष प्राइवेट अस्पताल में इलाज करा रहे हैं। उन्हीं के परिवार से 52 वर्षीय आशा, मिंटी श्रीवास 17 वर्ष, आदित्य श्रीवास 12 वर्ष, राजश्री 6 वर्ष उल्टी दस्त से पीड़ित है। राजकुमार श्रीवास के परिवार के अतिरिक्त इस गड्‌ढे से कांता बंछोड़ के यहां पानी लेते हैं। उनके किराएदार डायरिया से प्रभावित हैं।

रमजानी बाबा की दरगाह क्षेत्र में कई जगह पाइप लाइन में लीकेज की समस्या
पड़ताल के दौरान बताया गया कि डायरिया के ज्यादातर प्रभावित रमजानी बाबा की दरगाह के आस पास रहते हैं। इस क्षेत्र की पाइप लाइन नालियों के बीच से गुजरी है और लीकेज भी है। खुर्शीद नामक महिला ने बताया कि उनके बेटे जुनेद 35 वर्ष उल्टी दस्त से पीड़ित होने पर मेघानी क्लिनिक में भर्ती हैं।अब सभी लोग उबला पानी पी रहे हैं। मौके पर सभापति शेख नजीरुद्दीन ने बताया कि यादव मोहल्ले में भी गंदे पानी की शिकायत मिली है।शहजादी बेगम ने बताया कि 25 वर्षीय जावेद बीमार हो गया था, इलाज के बाद ठीक हो गया है।

दूषित पानी से बीमार हो रहे लोग
अब तक 1790 घरों का सर्वे किया जा चुका है। 173 लोगों में उल्टी-दस्त सहित डायरिया के लक्षण मिले। 43 लोगों की हालत गंभीर हुई तो उन्हें इलाज के लिए भर्ती करवाया गया। अब तक 22 लोग ठीक हो चुके हैं तो 21 का इलाज चल रहा है। सीएमएचओ डॉक्टर प्रमोद महाजन का कहना है कि प्रदूषित पानी से लोग उल्टी-दस्त की चपेट में आ रहे हैं। पानी की जांच के लिए सैंपल भेजा गया है।

264 किमी नई पाइप लाइनें बिछाई जानी है
निगम में शामिल पंचायत क्षेत्र में पेयजल के लिए नगर निगम ने डीपीआर तैयार करवाया है। ईई अजय श्रीवासन के मुताबिक इसमें अकेले 264 किमी पाइप लाइन बिछाने के लिए 52 करोड़ का प्रस्ताव है। अमृत मिशन 2 के अंतर्गत कार्य का प्रस्ताव शासन को भेजा जाएगा।

तारबाहर और तालापारा में 80 कर्मियों की ड्यूटी
निगम कमिश्नर अजय त्रिपाठी ने सोमवार को तालापारा और तारबाहर के एरिया को 10 जोन में बांटकर 80 अधिकारी-कर्मियों की ड्यूटी लगाई है। टीम हरेक घर का दिन में दो बार सर्वे करेगी। पीड़ित के इलाज, गंभीर को तत्काल सिम्स या जिला अस्पताल में भर्ती कराने, क्लोरीन टेबलेट वितरित करेगी तथा लोगों को बचाव के उपाय बताएगी। प्रभावित क्षेत्र में सफाई के साथ ही 6 टैंकर लगाए गए हैं।

पाइप लाइन की माॅनिटरिंग का दावा
निगम के मुताबिक पाइप लाइन की लगातार मानिटरिंग की जा रही है ताकि लीकेज दुरुस्त किया जा सके। पानी की टेस्टिंग भी जारी है। कहीं पर कोई पाइप लाइन नालियों के ऊपर से गुजरी है, तो उसे तत्काल शिफ्ट करने के सख्त निर्देश कमिश्नर त्रिपाठी ने दिए हैं। प्रभावित क्षेत्रों के लिए पूर्व से अपर कमिश्नर राकेश जायसवाल प्रभारी हैं। इसके अलावा एई गोपाल ठाकुर, सोमशेखर विश्वकर्मा नियुक्त किए गए हैं।

विधायक पांडेय की पहल सिम्स में डायरिया वार्ड बना
विधायक शैलेष पांडेय ने बताया कि उन्होंने सीएमएचओ से बात कर डायरिया पीड़ितों के इलाज के लिए अलग से वार्ड बनाने कहा, जिस पर सिम्स में वार्ड बनाया जा चुका है। नगर निगम कमिश्नर से चर्चा कर उन्होंने नालियों के बीच से गुजरी पाइप लाइनों को बदलने के लिए युद्ध स्तर पर कार्य कराने, लीकेज ठीक करने तथा शुद्ध पेयजल के लिए वैकल्पिक व्यवस्था करने के निर्देश दिए।
उन्होंने बताया कि सिम्स के डाक्टरों से चर्चा में उन्होंने बताया कि डायरिया की समस्या ईको लाई बैक्टीरिया के कारण हो रही है, जो पेयजल के दूषित होने से होता है। पांडेय ने कलेक्टर डा. सारांश मित्तर से बातचीत कर डायरिया से बचाव के लिए व्यापक कार्यक्रम चलाने कहा।

नालियों से गुजरी पाइप लाइनों से पार्षद चिंतित
वार्ड नंबर 52 के पार्षद विजय केशरवानी ने कहा कि आधे से अधिक वार्ड में पानी अच्छा नहीं आ रहा है। नालियों से गुजरी पाइप लाइनों को बदलने के लिए 4 करोड़ का प्रस्ताव बनाया गया था। 30 लाख स्वीकृत हुए हैं। वार्ड 48 की पार्षद नंदनी साखन दर्वे के मुताबिक बस्ती अंदर की पाइप लाइनें पुरानी पड़ चुकी हैं। लीकेज भी है और इसे बदलने की जरूरत है।
वार्ड 42 के पार्षद लक्ष्मी यादव ने बताया कि पंचू सिंह नेताम गली, बनर्जी गली देवरीखुर्द, देवरीडीह सोनू पान ठेला गली की पाइप लाइनें नालियों के बीच से गुजरी हैं। राजकिशोर नगर की पार्षद संध्या तिवारी ने बताया कि प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के सामने रोड, तुलसी, चंदन और उनके स्वयं के घर फेस 2 की पाइप लाइन नालियों के बीच से गुजरी है। वार्ड नंबर 6 की सीमा संजय सिंह ने बताया कि उनके घर के सामने, पाटनवार कालोनी, शिव मंदिर, सामुदायिक भवन के पास की पाइप लाइनों को बदलने के लिए कहते थक चुके हैं। डायरिया की आशंका से इनकार नहीं है।

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