बड़ी संख्या में छत्तीसगढ़ से मजदूरों का पलायन:दूसरे राज्यों में काम की तलाश में गए लोग; प्रशासन ने लिए सबके नाम और एड्रेस

जांजगीर-चांपा7 दिन पहले
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चांपा रेलवे स्टेशन पर ट्रेन का इंतजार करते मजदूर। - Dainik Bhaskar
चांपा रेलवे स्टेशन पर ट्रेन का इंतजार करते मजदूर।

जांजगीर-चांपा जिले से रविवार को 100 से ज्यादा मजदूरों के दूसरे राज्यों में पलायन करने की खबर जैसे ही प्रशासन को मिली, अधिकारी तुरंत रेलवे स्टेशन पहुंचे। उन्होंने जब मजदूरों से बात की, तो किसी ने काम के लिए पंजाब, तो किसी ने जम्मू-कश्मीर जाने की बात कही। उनसे जब पंजीयन कराने को लेकर सवाल किया गया, तो उन्होंने कहा कि इसके बारे में उन्हें कोई जानकारी नहीं है।

उनसे जब ठेकेदार के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने किसी का नाम नहीं लिया। मजदूरों ने कहा कि वे अपनी मर्जी से कमाने-खाने के लिए अन्य राज्यों में जा रहे हैं। प्रशासन ने उन्हें रोकने की कोशिश की, लेकिन वे नहीं माने। उन्होंने कहा कि वे हर साल दूसरे राज्यों में काम की तलाश में जाते हैं। वे वहां जाकर दिहाड़ी मजदूरी का काम करते हैं।

मजदूरों का दूसरे राज्यों में पलायन।
मजदूरों का दूसरे राज्यों में पलायन।

छत्तीसगढ़ भट्ठा मजदूर संघ को रविवार सुबह जानकारी मिली थी कि बड़ी संख्या में मजदूर चांपा के रेलवे स्टेशन में ट्रेन का इंतजार कर रहे हैं। तब संगठन के पदाधिकारी उनके पास पहुंचे और ग्राम पंचायत में जानकारी देने को लेकर पूछा। संगठन ने उन्हें कहा कि वे पंजीयन कराकर चले जाएं, लेकिन मजदूर नहीं माने। बाद में सब इंस्पेक्टर श्रम कार्यालय केके साहू ने सबके नाम-पते लिए और उन्हें जाने दिया।

सब इंस्पेक्टर श्रम कार्यालय केके साहू ने कहा कि चूंकि मजदूरों ने किसी ठेकेदार का नाम नहीं लिया है, इसलिए वे किसी के खिलाफ कार्रवाई नहीं कर पाए। जांजगीर-चांपा जिले से हर साल बड़ी संख्या में मजदूर पलायन करते हैं और कई बार उनसे बंधुआ मजदूरी कराए जाने के मामले भी सामने आते हैं। कई बार शासन द्वारा दूसरे राज्यों में फंस गए मजदूरों को रेस्क्यू कराया गया है, इसके बावजूद काम की तलाश में उनका अन्य राज्यों में जाना जारी है।

जम्मू-कश्मीर में लोगों के बंधुआ मजदूरी करने की आई थी खबर

अभी इसी हफ्ते खबर आई थी कि जांजगीर-चांपा जिले के 20 परिवार जम्मू-कश्मीर में बंधुआ मजदूरी करने को मजबूर हैं। बडगाम जिले चडूरा थाना क्षेत्र के मगरेपुरा गांव में ये सभी ईंट भट्ठे में काम कर रहे हैं, जहां के मालिक ने उन्हें बंधक बना लिया था। इन्होंने वीडियो बनाकर जांजगीर-चांपा जिले में स्थित अपने परिवार और प्रशासन को भेजा था। नेशनल कैंपेन कमेटी फॉर इरेडिकेशन ऑफ बॉन्डेड लेबर ने 9 सितम्बर 2022 को बडगाम जिले के डिप्टी कमिश्नर से इस बात की शिकायत की थी।