लापरवाही:कौड़ीया नाला के किनारे से बह रही मिट्टी, सड़क ढहने का खतरा

बैकुंठपुर2 महीने पहले
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खड़गवां के उधनापुर कौड़ीया नाला पर 3 करोड़ की लागत से बने 3 पाए के 66 मीटर पुल के किनारे से मिट्टी बह रही है। इससे पुल, सड़क के लिए खतरा बढ़ गया है। बारिश में पुल बेस के नीचे से मिट्टी बहने से ग्रामीण चिंतित है। ग्रामीणों का कहना है कि ठेकेदार ने मिट्टी बहने से रोकने के लिए किनारों पर पत्थर नहीं लगवाए। यही कारण है कि पुल बने 6 महीने भी नहीं बीते और लापरवाही सामने आ गई है। खड़गवां विकासखंड के उधनापुर पश्चिम पारा से बुंदेली, बंजी को जोड़ने वाली सड़क मार्ग के कौड़ीया नाला पर 4 साल से जारी पुल का निर्माण 2 महीने पहले ही पूरा हुआ है।

इस साल जून, जुलाई में अच्छी बारिश नहीं हुई है। बावजूद इसके पुल के नीचे दोनों ओर से मिट्टी बहने लगी है क्योंकि ठेकेदार ने मिट्टी फिलिंग के बाद यहां किनारों पर पत्थर नहीं लगवाए। सेतु संभाग के अनुसार पुल के लिए जुलाई 2016 में सरकार से 3 करोड़ 61 लाख 52 हजार की मंजूरी मिली थी। जिसपर विभाग ने 3 करोड़ 48 लाख 55 हजार की तकनीकी स्वीकृति दी थी।

कॉन्ट्रैक्टर कम्पनी अतुल देवकॉन ने 22 प्रतिशत बिलो राशि में 2 करोड़ 69 लाख में निर्माण करवाया है। पुल विभाग को 28 मई 2022 को हैंड ओवर किया गया। इधर दो महीने भी नहीं बीते हैं कि पुल के किनारों से मिट्टी बहने लगी। बता दें कि सड़क बुंदेली, बंजी, मेरो, पाराडोल होते हुए मनेंद्रगढ़ के लिए बायपास है, लेकिन पुल के किनारे से मिट्टी बहने से 20 पंचायतों के ग्रामीणों की चिंता बढ़ गई है। इससे उधनापुर और बंजी का संपर्क फिर कटने का डर बना हुआ है। पुल से दो यात्री बसों समेत मालवाहकों का आना जाना लगा रहता है।

पांच साल में पूरा हुआ पुल का निर्माण
ग्रामीणों ने बताया कि नाला पर पुल निर्माण कार्य अंबिकापुर की निर्माण एजेंसी द्वारा किया गया है। 2017 में काम शुरू हुआ था, जिसे 2019 मार्च तक पूरा होना था, लेकिन तीन पाए के पुल के निर्माण में शुरुआत से ही देरी हुई है। कंपनी ने मई 2022 में पुल का निर्माण पूरा किया है।

सेतु विभाग के अफसरों ने नहीं दिया ध्यान
ग्रामीणों की माने तो मई महीने में ही पुल तैयार हुआ है। कंपनी ने कार्य पूरा होने की जानकारी देकर इसे शुरू करवा दिया, लेकिन इसमें अब भी कई काम अधूरे हैं। हैरानी की बात यह है कि विभाग ने बिना पुल को जांचे परखे इसे हैंड ओवर भी ले लिया। मामला सामने आने के बाद अफसर इसे ठीक कराने कह रहे।

जोखिम उठा निकल रहे वाहन चालक
पुल के किनारों से मिट्टी बहने से दाेपहिया समेत हैवी वाहन चालकाें के लिए खतरा बढ़ गया है। सबसे अधिक यहां से पिकअप वाहन गुजरते हैं, बरसात में मिट्टी बहने और सड़क पर फिसलन बढ़ने के साथ खतरा बना हुआ है। यहां एक बड़ा गड्ढा भी हो गया है। तेज बारिश होने के बाद यहां से निकलना जोखिम भरा साबित हो सकता है।

जानकारी मिली है ठीक कराएंगे
मामले की जानकारी उन्हें मिली है। मिट्टी बहने से से रोकने के लिए पत्थर लगवाए जाएंगे। जहां से मिट्टी बहा है उसे ठीक करवाया जाएगा। -एसके तिवारी, एसडीओ, सेतु संभाग

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