धोखाधड़ी:बिहार के रेल अफसरों से संपर्क बताकर नौकरी का झांसा दिया, ठग लिए 1-1 लाख रुपए

जांजगीर10 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
  • दो साल बाद भी नौकरी नहीं मिलने पर जब रुपए मांगे तो उनके खिलाफ ही कोतवाली में कर दी शिकायत, पीड़ित युवाओं के परिजनों ने कलेक्टर और एसपी से लगाई न्याय की गुहार

भास्कर न्यूज | बिहार में रेलवे के उच्च अफसरों और मंत्री से संपर्क बताकर बेरोजगारों युवाओं को नौकरी दिलाने का झांसा देकर उनसे एक-एक लाख रुपए ठग लिए। दो साल तक चक्कर लगाने के बाद भी युवाओं को न तो नौकरी मिली और न ही जोबी के हरिओम कश्यप ने उन्हें रकम लौटाई। पीड़ित युवा और उनके परिजन रोज उनके घर जा रहे हैं, लेकिन अब वह रुपए नहीं लौटाने की बात कह धमकी दे रहा है। ऐसे में परेशान पीड़ित युवा व उनके परिजनों ने गुरुवार को कलेक्टर और एसपी से मामले की शिकायत की है। जांजगीर के द्वारिका विश्वास ने बताया कि मई 2019 मेें पहले हरिओम कश्यप से उनकी मुलाकात हुई थी। हरिओम ने रेल गोदाम में स्थाई रोजगार दिलाने की बात कही थी। इस काम के लिए तीन-तीन लाख रुपए प्रत्येक युवाओं से मांगे। उसने बिहार के रेल अफसरों और मंत्रियों से अपनी पहुंच होने की बात कही। उसकी बात पर विश्वास कर युवाओं के परिजनों ने पहले एक-एक लाख रुपए दिए और शेष दो लाख रुपए नौकरी लगने के बाद देने की बात कही। हरिओम कश्यप ने काम नहीं होने पर रुपए वापस लौटाने का भी वादा किया था। एक लाख रुपए देने के 8 महीने बाद जब उन्हें नौकरी नहीं मिली तो युवाओं ने अपने पैसे वापस मांगे। पैसा देने से बचने के लिए हरिओम कुछ युवाओं को अपने साथ बिहार ले गया था और रेलवे श्रमिक गोदाम की आई-डी बनवाकर दिया। नौकरी मिलने में थोड़ा समय लगने की बात कहकर सभी को चुप करा दिया। एक साल बाद भी उन्हें नौकरी नहीं मिली तो वे लगातार उसके घर रुपए मांगने पहुंचने लगे। आखिर में उसने रुपए देने से इनकार कर दिया।

थाने में झूठी शिकायत दर्ज कराई
पीड़ित युवा ओमप्रकाश भावनी ने बताया कि हरिओम ने उनकी तरह अलग-अलग गांव के करीब 25 से ज्यादा लोगों से रुपए लिए है। अब सभी नौकरी नहीं मिलने पर रुपए मांगने उसके घर पहुंच रहे हैं। खुद को बचाने के लिए अब वह युवाओं के खिलाफ कोतवाली में झूठी शिकायत दर्ज कराई है। इस बात की जानकारी जब पुलिस ने उन्हें बयान के लिए बुलाया तब लगी।

नेटवर्क मार्केटिंग के जरिए हुई पहचान तो मांगे तीन लाख रुपए
द्वारिका विश्वास ने बताया उनकी मुलाकात हरिओम से नेटवर्क मार्केटिंग के माध्यम से हुई थी। दो तीन मुलाकात के बाद हरिओम ने उनके बच्चों के बारे में पूछा, उन्होंने बताया कि बच्चे पढ़ाई पूरी कर परीक्षा की तैयारी कर रहे हैं। इतने में उन्होंने रेलवे गोदाम में सेंट्रल गर्वमेंट की नौकरी दिलाने की बात कही और तीन लाख रुपए मांगे। द्वारिका विश्वास ने शुरुआत में उन्होंने एक लाख रुपए उन्हें दिए।

नवागढ़ और धनेली के 10 से ज्यादा लोगों से लिए रुपए
नवागढ़ धनेली समेत आसपास के गांव के युवाओं के परिजनों से भी हरिओम कश्यप ने रुपए लिए हैं। जोबी के मनोज आदित्य ने बताया कि कुछ समय पहले नवागढ़ में महिलाओं ने मामले में शिकायत दर्ज कराई थी। जब दैनिक भास्कर ने धनेली के संगीता नाम की महिला से बता किया तो उन्होंने 10 से 12 लोगों से एक-एक लाख रुपए नौकरी के नाम पर मुनुंद के भागवत यादव के माध्यम से देने की बात बताई।

मैने किसी से रुपए नहीं लिए, शिकायत करने वालों के नाम बताए
"मैने किसी से रुपए नहीं लिए, मेरे ऊपर झूठे आरोप है। जिन्होंने मेरे खिलाफ शिकायत की है, उनका नाम बताइए मैं उनसे बात करूंगा। शिकायत की जानकारी मुझे नहीं है।''
-हरिओम कश्यप, ग्राम जोबी

खबरें और भी हैं...