कोरोना से जीती जंग:ऑक्सीजन लेवल 72% होने के बाद भी महिला ने नहीं हारी हिम्मत, कोरोना से जीती

जांजगीर6 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
पूर्णिमा कश्यप - Dainik Bhaskar
पूर्णिमा कश्यप

स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता, समय पर इलाज और दृढ़ इच्छाशक्ति हो तो किसी भी बीमारी से निजात पाया जा सकता है। इसे साबित कर दिया है बलोदा ब्लाक के ग्राम जर्वे (च) की पूर्णिमा कश्यप ने। 15 अप्रैल को अनिल कश्यप और उनकी पत्नी पूर्णिमा कश्यप कोरोना पॉजिटिव होने पर इलाज के लिए भर्ती किया गया था। तब पूर्णिमा कश्यप का ऑक्सीजन लेवल 72 प्रतिशत था। आक्सीजन की कमी के कारण उन्हें सांस लेने में इतनी तकलीफ थी की वह लेट भी नहीं पा रही थी। धड़कन बहुत तेज़ थी। पूर्णिमा की हालत बहुत गंभीर थी।

अनिल सामान्य संक्रमित थे पूर्णिमा गंभीर हालत में थी। डॉ रामायण सिंह, आरएमए डॉ नील सागर यादव, वीरेंद्र केसरवानी, केके देवांगन , स्टाफ नर्स श्वेता सिंह, संतोषी जगत, बबीता जोगी की टीम ने इमरजेंसी इलाज़ की तैयारी शुरु की।आवश्यक कोविड गाइड लाइन के अनुसार इलाज शुरू किया ।

जरूरत पर उन्हें आक्सीजन मैंटेन कर , खाना , सफाई आदि की पूर्ण व्यवस्था कर उनका समर्पित भाव से इलाज किया किया गया। लगातार ऑक्सीजन मैंटेन कर , दवाई ,इंजेक्शन, आईवी दी गई। 26 अप्रैल को बिना ऑक्सीजन मशीन के पूर्णिमा का आक्सीजन लेवल 97-98 प्रतिशत आ गया। स्वस्थ होने पर पति- पत्नी दोनों को डिस्चार्ज किया गया।

खबरें और भी हैं...