अनशनकारियों का नहीं कर रहे थे इलाज:इलाज से मना किया तो 5 घंटे में हटाई गईं डॉक्टर

रायगढ़2 महीने पहले
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शनिवार दोपहर एनटीपीसी के गेट पर आंदोलन कर रहे 3 युवाओं की तबीयत खराब हो गई। एनटीपीसी प्लांट में नौकरी की मांग पर युवा अनशन पर बैठे हैं। तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें छपोरा के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। यहां डॉक्टर मंजूषा शर्मा व स्टाफ ने उन्हें भर्ती करने से मना कर दिया। हंगामे के बाद भी बात नहीं बनी तो लोगों ने सीधे कलेक्टर भीम सिंह को फोन किया। कलेक्टर भड़क गए, सीएमएचओ को फोन लगाकर कहा-जो लोगों का इलाज नहीं कर सकते उन्हें तुरंत हटाइए। देर शाम बीएमओ ने दूसरे डॉक्टर को पोस्टिंग दी।

खास बात यह है कि अनशनकारियों को तबीयत बिगड़ने पर जब एम्बुलेंस से वहां ले जाया गया तो मरीजों को गाड़ी से उतरने भी नहीं दिया। वहीं से कहा, इलाज नहीं हो सकता है, यहां से ले जाओ। सीएमएचओ के निर्देश के बाद बीएमओ पुसौर ने जतरी प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र की प्रभारी डॉ. प्रीति रंजन जेना को वहां पदस्थ किया गया है। शनिवार दोपहर जब युवाओं का इलाज नहीं हुआ तो वहां हंगामा शुरू हुआ। बीएमओ को फोन लगाया लेकिन रिस्पांस नहीं मिला। कलेक्टर की घुड़की के बीएमओ ने खुद जाकर मरीजों का इलाज किया।

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