हो गया गठन:महापौर व सभापति के एक एक समर्थक टीम से बाहर

रायगढ़2 महीने पहले
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  • दो हफ्ते के विवाद के बाद फिर बनाई गई एमआईसी

दो हफ्ते चले विवाद के बाद शनिवार को नगर निगम में एमआईसी का पुनर्गठन किया गया। दस सदस्यों में महापौर और सभापति को बराबर की तवज्जो दी गई है। दोनों के ही एक-एक समर्थकों को बाहर कर दूसरे पार्षदों को शहर सरकार में मंत्री बनाया गया है।

शुक्रवार देर शाम विधायक प्रकाश नायक के घर उच्च शिक्षा मंत्री उमेश पटेल ने जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्षों, लैलूंगा विधायक, महापौर और सभापति के साथ पार्षदों से रायशुमारी कर एमआईसी के नए सिरे से गठन के लिए पार्षदों को तैयार कराया। शनिवार को सलीम नियारिया, संजय देवांगन, प्रभात साहू, लक्ष्मीन मिरी, रत्थू जायसवाल, अनुपमा शाखा यादव, विकास ठेठवार, राकेश तालुकदार, रमेश भगत और संजय चौहान को एमआईसी सदस्य बनाया गया। पुराने चेहरों में महापौर समर्थक गुट में कमल पटेल और सभापति समर्थकों में लक्ष्मी साहू का पत्ता कटा।

महापौर जानकी काटजू ने पहले कांग्रेस संगठन और विधायक से रायशुमारी कर एमआईसी बनाई थी। लगभग सालभर खुलकर चली गुटबाजी और झगड़े के बाद महापौर ने दो हफ्ते पहले विधायक प्रकाश नायक, चक्रधर सिदार या कांग्रेस कमेटी के अध्यक्षों से बात किए बगैर सभापति जयंत ठेठवार समर्थक पार्षदों में तीन लोगों को बाहर कर दिया। तकरार बढ़ी तो चार अन्य एमआईसी सदस्यों ने भी इस्तीफा दे दिया था, तब से खींचतान चल रही थी।

नहीं चली महापौर की मर्जी
आमतौर पर नगर निगम में एमआईसी बनाने का विशेषाधिकार महापौर का है लेकिन नगर निगम में कांग्रेसी पार्षदों में भी अलग-अलग गुट हैं। शुरुआत में महापौर ने वरिष्ठ नेताओं और संगठन की मानी और सभी गुटों में सामंजस्य बैठाकर एमआई बनाई। जब महापौर की पसंद वाले कामों पर भी कुछ सदस्य अड़ंगा लगाने लगे, सवाल उठाने लगे तो झगड़ा शुरू हुआ। महापौर ने अपनी ताकत का इस्तेमाल कर एमआईसी में फेरबदल किया लेकिन उनकी चली नहीं। हालांकि सभापति जयंत ठेठवार को भी एकतरफा जीतने नहीं दिया गया, नई एमआईसी में प्रभात साहू, लक्ष्मीन मिरी उनके खेमे के हैं। चार सदस्य महापौर के कोटे से हैं। दस सदस्यों में बहुमत दोनों गुटों का नहीं है।

एमआईसी में इनको मिला यह जिम्मा
सलीम को पुनर्वास, रत्थू को बाजार, राकेश तालुकदार खाद्य व नागरिक आपूर्ति, लक्ष्मीन मिरी को महिला एवं बाल विकास विभाग, संजय देवांगन स्वास्थ्य एवं वाहन विभाग, प्रभात को शिक्षा, अनुपमा को विद्युत, विकास को पीडब्ल्यूडी व पर्यावरण, संजय चौहान को जल कार्य विभाग और रमेश भगत को विधि व सामान्य प्रशासन विभाग का जिम्मा दिया गया है।

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