पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

वन प्रबंधक ने ओडिशा के ठेकेदार को बेची थी खेप:प्रबंधक का घर घेरा, बोले- 4 माह से नहीं मिले तेंदूपत्ता के 25 लाख रुपए

दोरनापाल7 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
दोरनापाल. प्रबंधक के घर के सामने खड़े ग्रामीण। - Dainik Bhaskar
दोरनापाल. प्रबंधक के घर के सामने खड़े ग्रामीण।

सुकमा जिले के कोंटा ब्लॉक अंतर्गत ग्राम पंचायत दुब्बाटोटा में वन प्रबंधक द्वारा तेंदूपत्ता खरीदी में करीब 25 लाख रुपए का गोलमाल करने का मामला सामने आया है। बार-बार शिकायत के बाद भी अब तक प्रबंधक द्वारा मामले की जांच ही नहीं की गई है। जिसको लेकर नाराज तेंदूपत्ता संग्राहकों ने 8 सितंबर को प्रबंधक के घर का घेराव कर जल्द से जल्द पैसे देने की मांग की। लेकिन प्रबंधक द्वारा पैसे देने को लेकर कोई वायदा न कर केवल आश्वासन ही दिया गया। जिसको लेकर संग्राहकों की नाराजगी और अधिक बढ़ गई। रविवार को भी संग्राहकों ने प्रबंधक के घर का घेराव किया।

नाराज संग्रहाकों ने कहा कि प्रबंधक इस मामले में लीपापोती करने में लगे हुआ है। जिसमें उसका साथ वन विभाग के अधिकारी भी दे रहे हैं। जल्द ही इस गड़बड़ी की शिकायत कलेक्टर से कर कार्रवाई की मांग की जाएगी। ग्रामीणों ने कहा कि दुब्बाटोटा प्रबंधक देवदास जांगड़े ने ओडिशा के ठेकेदार के साथ मिलकर करीब 25 लाख रुपए का तेंदूपत्ता उसे बेच दिया। इसे बेचने के लिए उनसे 5 रुपए प्रति गड्‌डी के हिसाब से संग्रहण करवाया गया। चार महीने होने के बाद अब तक तेंदूपत्ता संग्रहण का पैसा नहीं मिला है। हर बार प्रबंधक उन्हें आश्वासन देकर वापस भेज रहा है।

गाड़ी रोकने की कोशिश नहीं हुई सफल
ग्रामीण करको सोमा ने बताया कि मई में ग्रामीणों द्वारा पत्ता तोड़ाई की गई थी। प्रबंधक ने ओडिशा के ठेकेदार को बुलवाया था। पत्ता खरीदी होते ही 5 रुपए प्रति गड्‌डी की दर में भुगतान करवाने की बात कही थी और ढुलाई के काम में लगाया था। भुगतान के लिए 1 महीने रुकने कहा था। लेकिन 1 महीने बाद ग्रामीणों ने ठेकेदार को बुलवाया जहां ठेकेदार द्वारा 15 दिन में पूरा भुगतान करवाने का हवाला दिया। सोमा ने यह भी बताया कि ग्रामीणों ने ट्रक के सामने लकड़ियां लगा दी थी। आधी रात ठेकेदार ने कुछ लोगों को साथ में लेकर उन लकड़ियों को हटाकर गाड़ियों को वहां निकाल दिया।

बसपा के जिलाध्यक्ष ने कलेक्टर से की शिकायत
तेंदूपत्ता खरीदी-बिक्री और समय पर संग्राहकों को पैसा नहीं मिलने को लेकर बहुजन समाज पार्टी के अध्यक्ष पूनेम दुला ने इसकी शिकायत कलेक्टर से की है। 8 सितंबर को की गई इस शिकायत के बाद अब तक कोई कार्रवाई प्रबंधक के खिलाफ नहीं की गई है। दुला ने कहा कि उन्होंने कलेक्टर को पत्र लिखा है।

शिकायत मिली है, मामले की जांच के आदेश दिए
डीएफओ जेएस रामचंद्र ने कहा कि मामले की शिकायत मिली है। एसडीओ को जांच का आदेश दिया है। ओडिशा का ठेकेदार उसी शर्त में खरीद सकता है अगर उसे सरकारी खरीदी का ठेका मिला हो। बगैर सरकारी ठेके के खरीदी भी अवैध मानी जाएगी। अगर जांच में गड़बड़ी मिली तो प्रबंधक पर कार्रवाई की जाएगी।

खबरें और भी हैं...