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सीएम भूपेश बघेल की समीक्षा बैठक:अफसरों से सीएम बोले-थकना नहीं, दौड़ लंबी है, सावधानी से ही भागेगा संक्रमण

देवभोगएक महीने पहले
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  • मुख्यमंत्री बघेल ने रायपुर से ऑनलाइन की ढाई घंटे समीक्षा, लॉकडाउन के बाद संक्रमण दर में आई कमी को बनाए रखने के लिए टिप्स भी दिए

ब्लॉक स्तर के अफसरों से शुक्रवार को सीएम भूपेश बघेल ने सीधी बात कर कहा अभी थकना नहीं है, दौड़ लंबी है।उन्होंने लॉकडाउन के बाद संक्रमण दर में आई कमी को यथावत रखने के टिप्स भी दिए। दोपहर 12 से ढाई बजे तक चली इस समीक्षा बैठक में सीएम भूपेश बघेल व आईएएस सुब्रत साहू मौजूद थे।

बैठक में अफसरों का मनोबल बढ़ाने के साथ ही सीएम ने लॉकडाउन से आए कोरोना नियंत्रण के नतीजों की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि जहां इसकी दर घटी है उसे और कैसे घटाएं, इस पर ध्यान केंद्रित करना होगा। एसडीएम अनुपम आशीष टोप्पो ने बताया कि ग्रामीण अंचल में मौजूद संक्रमितों की पहचान के लिए निजी स्वास्थ्य वर्कर, क्लीनिक संचालकों की मदद ली जाएगी। होम आइसोलेशन में रहने वालों की सतत मॉनीटरिंग मितानिनें भी करेंगी। समय पर सेचुरेशन की रिपोर्ट स्वास्थ विभाग को पता चले तो मरीज की सांस लेने की तकलीफ को समय पर ठीक किया जा सकता है।

667 एक्टिव, जांच हो तो आंकड़ा दोगुना हो सकता है
इधर ब्लॉक में मितानिनों को 600 कोरोना प्रोफाइलेक्स किट 15 दिनों से दी जा रही है, जो प्रायः बंट चुकी है। लक्षण वाले सभी लोगों को ये किट दी गई है। शुक्रवार शाम 5 बजे तक ब्लॉक में कोरोना के 667 एक्टिव मरीज थे। निर्देश के मुताबिक निजी व सरकारी अमला जांच में भिड़ा तो संक्रमितों के ये आंकड़ा दोगुना हो सकता है।

ऐसा ही जज्बा कोरोना को मात देगा
देवभोग राशन दुकान के आगे शुक्रवार को राशन लेने के लिए दिखी सावधानी की तस्वीर में लोग राशन लेने टोकन अपने थैले रखकर चले गए हैं। निर्धारित समय पर वे आएंगे तथा राशन दुकान के संचालक के लोग आवाज देकर हितग्राही को बुलाकर राशन देंगे। सभी हितग्राहियों को इसी तरह बारी-बारी से बुलाया जाएगा। तस्वीर दोपहर डेढ़ बजे की है, लोगों ने सुबह से थैले रखना शुरू कर दिया था। सीएम ने भी अपने संबोधन में ऐसी ही हिदायत दी।

लेकिन ये गलत है... 200 में 50 मरीज निकल रहे तो कुछ जांच ही नहीं करा रहे
इधर निजी सेंटरों‌ में रोजाना 200 से ज्यादा लोग जांच कराने आ रहे हैं, इनमें से 50 कोरोना सस्पेक्टेड निकलते ही हैं। अस्पताल संचालक ऐसे लोगों को कोरोना जांच के लिए सरकारी सेंटर भेजते भी हैं पर इनमें से आधे ही जांच करा रहे हैं। देवमाता अस्पताल के संचालक डॉ. डी बनर्जी ने बताया कि जांच के लिए भेजी गई अधिकांश की रिपोर्ट पॉजिटिव आ रही है। कुछ ऐसे भी हैं जो जांच का सामना नहीं कर रहे हैं।

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