श्रीसकल जैन समाज की पहल:आइसोलेशन केंद्र में योग व जुम्बा से जल्द ठीक हो रहे कोरोना मरीज

धमतरी6 महीने पहले
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धमतरी. आइसोलेशन केंद्र पर जुंबा डांस करते हुए लोग। - Dainik Bhaskar
धमतरी. आइसोलेशन केंद्र पर जुंबा डांस करते हुए लोग।
  • काढ़ा, भोजन व अन्य व्यवस्थाएं निशुल्क उपलब्ध कराई जा रहीं, मरीजों को किया जा रहा प्रेरित

कोरोना संक्रमित मरीजों के लिए जल्द ठीक होने के लिए सबसे अच्छा इलाज सकारात्मक महौल व व्यायाम को माना जा रहा है। इसे ही ध्यान में रखते हुए श्रीवर्धमान जैन स्थानक भवन में शुरू किए गए आइसोलेशन सेंटर में सुबह योगा व शाम को जुंबा डांस शुरू किया गया। इसका फायदा भी संक्रमित होने वाले मरीजों को मिल रहा है। यहां आने वाले मरीज अपेक्षाकृत जल्द ठीक हो रहे हैं।

अब तक करीब 50 प्रतिशत मरीज ठीक होकर घर लौट गए हैं। केंद्र पर भोजन नाश्ता सहित अन्य सारी सुविधाएं श्रीसकल जैन समाज जुटा रहा है। मरीजों को इसके लिए कुछ भी खर्च नहीं करना पड़ रहा है। जानकारी के मुताबिक कोरोना संक्रमित लोगों की सहूलियत के लिए शहर में होम आइसोलेशन केंद्र बनाए गए हैं। इसमें समाजिक भवनों का उपयोग भी किया जा रहा है। ऐसा ही एक आईसोलेशन केंद्र श्रीवर्धमान जैन स्थानक भवन में 19 अप्रैल से शुरू किया गया है। शुरुआत में यहां 29 मरीज थे करीब 10 दिन में ही आधे मरीज स्वस्थ्य होकर घर चले गए हैं। बाकी भी बहुत बेहतर स्थिति में हैं। बड़ी बात यह कि यहां आने के बाद किसी भी मरीज की तबियत बिगड़ी नहीं है दिन ब दिन बेहतर होती चली गई।

दिनभर का शेड्यूल तय

केंद्र में सकारात्मक महौल देने के साथ ही दिनभर का शेड्यूल तय कर दिया गया है ताकि यहां रहने वाले मरीजों को संक्रमण के संबंध में सोचने का मौका ही न मिले। सुबह शुरुआत योग अभ्यास से होती है। इसमें इसमें आसान अभ्यास व प्राणायाम कराया जाता है ताकि फेफडों को भरपूर ऑक्सीजन मिले। वे मजबूत हों। शाम को आधा घंटे जुंबा डांस कराया जाता है ताकि लोग कोरोना को पूरी तरह भूल जाएं। साथ ही मानसिक रूप से संक्रमित मरीजों को मजबूत किया जाता है ताकि वे परेशान न रहें सकारात्मक सोचें व सकारात्मक रहें।

भोजन, काढ़ा व ड्राइफ्रूट्स भी दिए जा रहे

संक्रमित मरीजों को जल्द ठीक करने के लिए डाइट चार्ट बनाया गया है। जिले का यह पहला केंद्र हैं जहां डाइट चार्ट बनाया गया है। दिन की शुरुआत आयुर्वेदिक काढ़ा पीने के साथ होती है। इसके बाद नींबू पानी, मुनक्का, नाश्ता, फल व ड्राइफ्रूट्स दिए जाते हैं। दोपहर में भोजन के बाद शाम को चाय व सूर्यास्त के पहले रात का भोजन दिया जाता है। रात में दूध दिया जा रहा है। समाज के सदस्य मितेश जैन ने बताया कि केंद्र में सकारात्मक वतावरण है। श्री सकल जैन समाज ही सभी खर्च उठा रहा है।

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