समस्या:सालभर पहले से स्वीकृत रपटा पुलिया के काम अब तक अधूरे

सांकराएक महीने पहले
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नगरी विकासखंड के अति संवेदनशील क्षेत्र ग्राम पंचायत ठेनही से दौडपडरीपानी व ग्राम पंचायत छोटे गोबरा और व ठेनही के आश्रित ग्राम दौड़-पंडरीपानी, छोटे गोबरा, काटीपारा, घोरागांव में जरूरी सुविधाएं नहीं हाेने से इन क्षेत्राें के लाेग आज भी दुनिया से कटे हुए हैं। ऐसे संवेदनशील क्षेत्र में पिछले कई वर्षों से सोंढूर नदी में पुलिया व रपटा निर्माण की मांग की जा रही है।

2020 में मनरेगा के द्वारा पुलिया और 3 रपटा निर्माण कार्य स्वीकृत भी हुआ है व प्रस्ताव पारित करके जिला पंचायत में भेजा गया। एक साल बाद भी काम शुरु नहीं हुआ है। कार्य एजेंसी वन विभाग है। कई बार शिकायत की गई, निर्माण कार्य शुरु नहीं हुआ है, वन विभाग का कहना है कि जिला पंचायत धमतरी ने स्वीकृति आदेश तो दिया है लेकिन इस्टीमेट पर्याप्त नहीं दिया।

इन्हीं समस्याओं काे दूर कराने पंडरीपानी, ठेनही पंचायत प्रतिनिधि एवं गांव के लाेगाें ने जनपद नगरी में जनपद अध्यक्ष और मनरेगा शाखा को ज्ञापन दिया। ग्राम वासियों ने बताया कि पुलिया- रपटा निर्माण कार्य शीघ्र शुरू नहीं किया गया ताे आंदोलन किया जाएगा। इसकी जिम्मेदारी शासन प्रशासन की होगी।

नरेश मांझी अध्यक्ष किसान संघर्ष समिति ने कहा कि हम सभी क्षेत्रवासी अफसराें के इस सुस्त रावैया से परेशान हैं। इसे सहन नहीं करेंगे। 17 दिसंबर को बड़े स्तर पर धरना प्रदर्शन करने के लिए ज्ञापन दिया गया है। गांव के तरुण मरकाम ने बताया कि लाेग बड़े पैमाने मे धरना प्रदर्शन आंदोलन करने के लिए तैयार है।

दिनेश यादव मीडिया प्रभारी किसान संघर्ष समिति ने बताया कि संबधित अधिकारियों काे सूचना देकर थक चुके हैं। अब पंचायतों के लोग 3 मांगो को पूरा कराने 6 पंचायत के आश्रित ग्राम के नागरिकों के साथ आंदोलन किया जाएगा।

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