दुर्गा पंडाल के पास पहुंचा भालू:लोहे के गेट को फांद कर पहुंचा था, लोगों ने कहा-माता के दरबार में तेल पीने आया था; शोरगुल सुना तो जंगल की ओर भाग निकला

जगदलपुर/कांकेर2 महीने पहले
भालू जिला मुख्यालय में स्थित दुर्गा पंडाल के पास तक पहुंच गया था।

छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में इन दिनों भालू शहरी इलाके में अपनी दस्तक दे रहे हैं। सोमवार की देर रात एक भालू जिला मुख्यालय में स्थित दुर्गा पंडाल के पास तक पहुंच गया था। पहले भालू ने लोहे के गेट को फांद कर पार किया, फिर कृषि उपज मंडी के पास स्थित पंडाल तक पहुंच गया। आस-पास में खड़े लोगों ने भालू की वीडियो भी बना लिया है। हालांकि यहां शोरगुल की आवाज सुनकर जंगल की तरफ लौट गया। पंडाल में बैठे भक्तों ने बताया कि, भालू पंडाल के पास तेल पीने के इरादे से आया था। शहर के लोगों की माने तो इससे पहले भी भालू मंदिरों में तेल पीने घुस चुका है। इस बार भी भालू इसी लिए भालू यहां तक आया था।

इससे पहले भी भालू मंदिरों में तेल पीने घुस चुका है।
इससे पहले भी भालू मंदिरों में तेल पीने घुस चुका है।

कांकेर जिले में इन दिनों भारी संख्या में भालू देखने को मिल रहे हैं। जब से शारदीय नवरात्र की शुरुआत हुई है, शहर के नजदीक भालुओं को देखा जा रहा है। वहीं कुछ दिन पहले भी कांकेर मुख्य शहर की सड़कों पर भालू मंडराते हुए नजर आए थे। हालांकि भालुओं के ने अब तक किसी को नुकसान नहीं पहुंचाया है। सोमवार की रात दुर्गा पंडाल के पास जिस तरफ से भालू आया था, वह उसी ओर जंगल में वापस चला गया। इधर, खुलेआम शहर में भालू के घूमता देख अब लोगों में भी दहशत देखने को मिल रही है।

भानुप्रतापपुर में हाथी ने मचाया उत्पात
वहीं, कांकेर जिले के भानुप्रतापपुर में भी हाथी का आतंक देखने को मिला है। दल से भटका एक हाथी भानुप्रतापपुर पहुंच गया है। यहां हाथी ने किसानों के खेतों में लगे फसल को बर्बाद कर दिया। हाथी ने कई किसानों की फसलों को नुकसान पहुंचाया है। हाथी के उत्पात मचाने की सूचना इलाके के लोगों ने वन विभाग को दी। मौके पर पहुंचे वन अमले ने हाथी को जंगल की ओर खदेड़ा है।