बस्तर में बदला मौसम का मिजाज:जगदलपुर, दंतेवाड़ा में तेज बारिश, कई जिलों में गरज-चमक के साथ चल रही आंधी

जगदलपुर7 महीने पहले
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बस्तर संभाग में बुधवार को तेज हवाएं चलीं। - Dainik Bhaskar
बस्तर संभाग में बुधवार को तेज हवाएं चलीं।

छत्तीसगढ़ के बस्तर संभाग में बुधवार की शाम मौसम बदला है। संभागीय मुख्यालय जगदलपुर और दंतेवाड़ा जिले में करीब आधे घंटे तक आंधी चलने के बाद अब गरज -चमक के साथ बारिश शुरू हो गई है। इधर, संभाग के बीजापुर, कोंडागांव समेत अन्य जिलों में तेज आंधी चल रही है। इन जिलों का मौसम सुहावना हो गया है। मौसम का मिजाज बदलने से लोगों को गर्मी से निजाद मिली है। हालांकि, कांकेर में उमस से लोग परेशान हैं।

दरअसल, छत्तीसगढ़ मौसम विभाग ने बुधवार की दोपहर पूर्वानुमान जारी किया था। वैज्ञानिकों ने आने वाले 4 घंटों में बस्तर, बीजापुर, कोंडागांव, कांकेर, दंतेवाड़ा समेत अन्य जिलों में तेज अंधड़ के साथ बारिश होने की संभावना जताई थी। वैज्ञानिकों के पूर्वानुमान के अनुसार ही जिलों का मौसम बदला। बीजापुर और कोडागांव में ठंडी हवा चल रही है।

कई जिलों में तेज आंधी चली।
कई जिलों में तेज आंधी चली।

मौसम वैज्ञानिकों ने कहा कि एक द्रोणिका/हवा की अनियमित गति पूर्वी से दक्षिणी अंदरूनी कर्नाटक तक 0.9 किलोमीटर ऊंचाई तक विस्तारित है। प्रदेश के उत्तरी क्षेत्र में उत्तर से गर्म और शुष्क हवा और दक्षिणी क्षेत्र में दक्षिण से ठंडी और नमी युक्त हवा आ रही है। जिससे अंधड़ के साथ बारिश हो रही है।

बीजापुर और कोडागांव में ठंडी हवा चल रही है।
बीजापुर और कोडागांव में ठंडी हवा चल रही है।

बदलते मौसम को देख किसानों को दी गई सलाह

  • उधानिकी फसल मुख्यतः फल उधान (बाग) लगाने के इच्छुक किसान गड्ढे तैयार कर उपचार हेतु खुले रखकर धूप दिखाएं। साथ ही फल वृक्षों के किस्मों का चयन कर पौध लगाने की व्यवस्था करें।
  • सूखे पतियों को न जलाएं, क्योंकि इससे तापमान में वृद्धि एवं वायु प्रदुषण होता है।
  • बढ़ती हुई गर्मी को देखते हुए किसान अपने मवेशियों को छायादार स्थानों में बांधे और पर्याप्त मात्रा में साफ पानी पिलाएं।
  • जिन किसानों के पास ड्रिप की सुविधा उपलब्ध है उन्हें वाष्पन के आधार पर सिंचाई देने की सलाह दी गई है।
  • पपीता फल के बीज रोपण का यह सही समय है। इसे पॉलिबेग में लगाएं ताकि मानसून आते ही मुख्य खेत में लग सके।