पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

अजब परीक्षा का गजब मूल्यांकन:घर बैठे लिखी बारहवीं की कॉपियों की घर बैठेे ही कर रहे जांच

कांकेरएक महीने पहले
  • कॉपी लिंक
शिक्षकों के घर पहुंचाने उत्तरपुस्तिकाओं को किया गया रवाना। - Dainik Bhaskar
शिक्षकों के घर पहुंचाने उत्तरपुस्तिकाओं को किया गया रवाना।
  • जिले के 300 शिक्षक अपने घरों पर कर रहे 12वीं के 9310 छात्रों की 47 हजार कॉपियों का जांच

कोरोना संक्रमण के कारण इस वर्ष कक्षा 12वीं की उत्तरपुस्तिकओं का मूल्यांकन जिला स्तर पर ही कराया जा रहा है। इस वर्ष उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन शिक्षक समंवय केंद्रों में जाकर नहीं बल्कि अपने घरों में बैठ कर रहे हैं। जिले के 300 शिक्षकों ने कक्षा 12वीं के 9310 छात्रों के 5 विषयों की 47 हजार उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन करना शुरू कर दिया है। 10 दिनों में मूल्यांकन कार्य करना है।

कोरोना के कारण कक्षा 12वीं की परीक्षाएं इस बार जितने अजीब तरीके से हुई मूल्यांकन उससे भी ज्यादा अजीब तरीके से हो रहा है। 12वीं की परीक्षाएं स्कूलों के परीक्षा केंद्र में नहीं कराई गई। छात्रों को परीक्षा केंद्रों में बुला प्रश्नपत्र तथा उत्तरपुस्तिकाएं थमा दी गईं तथा उन्हें अपने घरों से पांच दिनों में पांच विषय की उत्तरपुस्तिकाओं को लिखकर लाने कहा गया। प्राय: छात्रों ने आराम से अपने घरों में बैठ पुस्तकों से देखकर उत्तरपुस्तिकाएं लिखी। यदि किसी छात्र ने अपने भाई-बहनों या दोस्तों से उत्तर पुस्तिकाएं लिखवाईं हों तो यह भी कोई न तो देखने वाला था और और न टोकने वाला।

छात्रों ने घर पर बैठकर उत्तर पुस्तिकाएं लिखीं अब शिक्षक भी घर पर ही मूल्यांकन कर रहे हैं। हर बार की तरह परीक्षा समन्वय केंद्र में कड़ी सुरक्षा के बीच शिक्षक मूल्यांकन कार्य नहीं कर रहे हैं। हर बार एक जिले की उत्तरपुस्तिकाएं मूल्यांकन के लिए दूसरे जिले भेजी जाती थीं। इस बार मूल्यांकन जिलास्तर पर ही हो रहा है। जिले के अंदर एक विकासखंड की उत्तरपुस्तिकाएं दूसरे विकासखंड के शिक्षकों को भेजी जा रही हैं। मूल्यांकन कार्य के लिए 300 शिक्षकों की ड्यूटी लगाई गई है जिन्हें तीन वर्ष अध्यापन का अनुभव है। उत्तरपुस्तिकाएं शिक्षकों को उनके घरों तक पहुंचा कर दी जा रही है। संभावना व्यक्त की जा रही है की 15 जुलाई तक 12वीं का परीक्षा परिणाम घोषित कर दिया जाएगा।

उत्तरपुस्तिका की सुरक्षा मूल्यांकनकर्ता की जवाबदारी
प्रत्येक मूल्यांकनकर्ता को 200 से 500 उत्तरपुस्तिकाएं जांचने दी जा रही है। सबसे ज्यादा अंग्रेजी और हिंदी विषय की उत्तरपुस्तिकाएं हैं। सबसे कम कामर्स विषय की उत्तरपुस्तिकाएं हैं क्योंकि इस विषय के छात्र कम ही हैं। मूल्यांकनकर्ताओं को उत्तरपुस्तिका देने के साथ कहा गया है की इन्हें अपने घरों में बच्चों, पानी तथा जानवर या मवेशियों से बचाकर रखें।

उत्तरपुस्तिकाएं जांचने 30 जून तक समय सीमा
कांकेर परीक्षा समन्वय केंद्र समन्वयक सविता पोया ने कहा शिक्षकों को पूरी निष्पक्षता से 30 जून तक उत्तरपुस्तिकाओं को जांच करने कहा गया है। यहां से पूरी सुरक्षा के साथ उत्तरपुस्तिकाएं शिक्षकों को घर तक पहुंचाकर दी जा रही है। घरों में उत्तरपुस्तिकाओंं की सुरक्षा का जिम्मा शिक्षकों का है।

खबरें और भी हैं...