पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

राष्ट्रीय लोक अदालत:पति रात में चलाता था मोबाइल, पत्नी पहुंची कोर्ट, हुई सुलह

कांकेर4 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
कांकेर। लोक अदालत में पति-पत्नी को समझाते जज। - Dainik Bhaskar
कांकेर। लोक अदालत में पति-पत्नी को समझाते जज।
  • अदालत में सबसे ज्यादा ध्यान परिवार और पति-पत्नी के बीच दरकते रिश्तों को बचाने पर दिया जा रहा है जोर

बदलते समाज में आज पति-पत्नी के बीच छोटी-छोटी बातों को लेकर हाेने वाला विवाद कोर्ट कचहरी तक पहुंच जा रहा है। इस तरह के मामले इतने ज्यादा बढ़ते जा रहे हैं कि अब अदालतें भी गंभीर हो गई है। ज्यादातर मामलों में तोड़ने का नहीं जोड़ने का प्रयास ही हो रहा है। ऐसे ही मामले में पति द्वारा रात में फोन पर बात करने पर पत्नी को शक हुआ तो मामला कोर्ट पहुंच गया।

कोर्ट ने दोनों में सुलह कराया। कांकेर में लगे लोक अदालत में विभिन्न अदालतों में लंबित राजीनामा योग्य मामलों को पेश किया गया। इसमें सबसे ज्यादा ध्यान परिवार व पति पत्नी के बीच दरकते रिश्तों को बचाने पर दिया गया। ताकि किसी तरह पति पत्नी के बीच गलत फहमियां दूर कर समझौता करा उन्हें वापस खुशहाल जिंदगी लौटाई जा सके। इसमें अदालत को कामयाबी भी मिल रही है। साथ ही अन्य कई मामलों जो महिनों से कोर्ट में लंबित थे उन्हें भी मिनटों में लोक अदालत में आसानी से निपटाया भी गया।

जिले में पहली बार 474 मामलों का निबटारा : जिले में कांकेर, भानुप्रतापपुर व पखांजूर में आयोजित नेशनल लोक अदालत मंे कुल 2726 मामले निपटारे के लिए पेश किए गए थे। इसमें से कुल 474 मामलों में राजीनाम कर उसका निबटारा किया गया। अवार्ड पास किए गए।

विवाद को खत्म कर जजों ने बचा लिया टूटते रिश्ते को
गलतफहमी के चलते कोर्ट पहुंचे पति-पत्नी विवाद को भी खत्म कर टूटते रिश्ते को जजों ने बचा लिया। जिले के आशीष सोनी देर रात तक अपना मोबाइल चलाते थे। इसमें वे सोशल मीडिया का भी इस्तेमाल करते थे। रात तक मोबाइल चलाने को लेकर उनकी पत्नी पूजा सोनी को शक था। उसे गलतफहमी हो गई थी कि कहीं पति का किसी और से कोई चक्कर तो नहीं है। इसी गलतफहमी को लेकर पति पत्नी में विवाद होने लगे। विवाद बढ़ा तो मामला कोर्ट तक पहुंच गया। हालांकि कोर्ट के बाहर भी उन्हें समझाया गया लेकिन वे नहीं माने। मामला कोर्ट में चलने लगा। अदालत ने एक बार फिर पति पत्नी के रिश्ते को बचाने मामला लोक अदालत में रखा ताकि दोनों के बीच समझौता हो जाए और दोनों खुशी खुशी घर लौट जाएं। यहां जजों ने दोनों को समझा और पत्नी की गलतफहमी को दूर किया गया। इसके बाद दोनों साथ में रहने राजी हो गए। जिसके बाद पति पत्नी जिला न्यायाधीश डीएल कटकवार के पास पहुंच आर्शीर्वाद लिया तो जज ने भी दोनों को भावी जीवन शांतिपूर्ण रहने के लिये शुभकामनाएं दी। इसके बाद अलग-अलग आए पति पत्नी दोनों एक साथ कोर्ट से बाहर आए।

बुजुर्ग महिला के लिए लगाई अदालत : मारपीट के मामले में मनकेसरी की बुजुर्ग पक्षकार सुकाली बाई जब कोर्ट में पेश नहीं हो सकी तो मामले में निपटारे के लिए जज ने हाईब्रीड लोक अदालत स्कीम के तहत पैरालीगल वालंटियर को उसके घर भेजा। मोबाइल के माध्यम से कोर्ट में पेश करा निपटारा किया। मारपीट के मामले में जगदलपुर की एक महिला का स्वास्थ्य ठीक नहीं होने से जब न्यायालय में पेश नहीं हुई तो उसे भी वीडियो काॅल से मामला निपटाया गया।

खबरें और भी हैं...