पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

आपसी विवाद:पटवारी बेटे ने किया वृद्ध मां से विवाद, बहू ने पिटाई कर रात में घर से बाहर निकाला

कांकेर20 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
घर से निकाली गई बुुजुर्ग महिला को अस्पताल में किया गया भर्ती। - Dainik Bhaskar
घर से निकाली गई बुुजुर्ग महिला को अस्पताल में किया गया भर्ती।

बीतीरात शहर में रिश्तों को झकझोर देने वाली घटना सामने आई। पूर्व आर्मी जवान व वर्तमान पटवारी की 65 साल की बुजुर्ग मां ने न सिर्फ बहू बेटा पर विवाद करने का आरोप लगाया बल्कि रात में िपटाई कर घर से बाहर निकालने की भी बात कही।

रात में ही इसकी जानकारी एक सामजिक संगठन को मिली। उसे वापस घर जाने कहा। लेकिन वह घटना से इतनी डरी थी कि वापस जाने तैयार नहीं थी। महिला का स्वास्थ्य भी ठीक नहीं था जिससे उसे यातायात पुलिस की सहायता से जिला अस्पताल ले जाया गया। जहां से उसे सखी सेंटर में रखा गया है।

शिवनगर निवासी पटवारी मनोज फिशर की मा हिरो बाई फिशर 65 वर्ष मंगलवार रात 9 बजे वन संरक्षक कार्यालय के पास बैठी हुई थी। महिला की स्थिति देख किसी ने इसकी सूचना हौसला समाज सेवी संगठन के खेम नारायण शर्मा काे दी।

सूचना मिलते ही वह मौके पर पहुंचे और महिला से बात की। महिला को वापस घर चलने आग्रह किया। लेकिन वह घर जाने तैयार नहीं थी। परिवार वालों से काफी नाराज थी। जब वह घर जाने तैयार नहीं हुई तो तत्काल यातायात पुलिस की सहायता ली गई।

सूचना मिलते ही प्रभारी रोशन कौशिक व संगठन के विरेंद्र यादव मौके पर पहुंचे। पुलिस की सहायता से महिला को अस्पताल लाया गया। डाक्टरों ने महिला की जांच की तो पता चला उसका ब्लड प्रेशर काफी बढ़ा हुआ है। तत्काल उसे भर्ती कर इलाज शुरू किया गया।

डॉक्टरों ने बताया उसे यदि समय पर अस्पताल नहीं लाया जाता तो स्थिति खतरनाक हो सकती थी। सूचना पर जिला महिला बाल संरक्षण अधिकारी रीना लारिया भी अस्पताल पहुंची। महिला से बात की। जिसमें उसने बताया कि उसके बेटे- बहू ने उससे विवाद किया। बहू पिटाई करते उसे घर से बाहर निकाल दी। जिसे देखते हुए महिला को बुधवार को सखी सेंटर भेज गया। घर से निकाली गई बुुजुर्ग महिला को अस्पताल में किया गया भर्ती। महिला चाहेगी तो होगी कानूनी कार्रवाई: मिश्रा।

जिला महिला एव बाल विकास अधिकारी सीएस मिश्रा ने कहा कि महिला का बेटा शासकीय सेवक है तथा वह अपनी पत्नी के साथ शिव नगर में रहता है। उन्हंे बुलाकर काउंसलिंग की जाएगी। वे रखने को तैयार होंगे तो महिला को घर भेजा जाएगा। नहीं तो वृदधा आश्रम में भर्ती कराया जाएगा। महिला चाहेगी तो उसके पुत्र के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

खबरें और भी हैं...