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रायपुर में फर्जी वोटिंग पर बवाल:पूर्व मंत्री ने कहा-विधायक का बेटा बूथ के भीतर गया CCTV बंद करवाकर वोट डलवाए, अफसरों का इनकार

रायपुर6 महीने पहले

छत्तीसगढ़ में नगरीय निकाय चुनावों के लिए मतदान की प्रक्रिया खत्म हो गई। मतदान के बीच बीरगांव के वार्ड नंबर 12 में हंगामा भी हो गया। वोट करने पहुंचे महेश दास का आरोप ने लगाया था कि जब वह मतदान करने गया तो उसे बताया गया कि उसका नाम सूची से हटा दिया गया है। इसके अलावा तीनों और लोगों को ये कहकर लौटा दिया गया कि उन्होंने पहले ही वोट डाल दिया है।

इसके बाद भीड़ ने मौके पर हंगामा कर दिया। वार्ड 11-12 रावाभांटा के बवाल में विधायक अजय चंद्राकर और नारायण चंदेल भी पहुंचे थे। रायपुर के बीरगांव इलाके में फर्जी वोटिंग के नाम पर दोपहर के वक्त बवाल हो गया। भाजपा विधायक ने कहा कि कांग्रेस विधायक का बेटा पंकज शर्मा बूथ के भीतर गया, वहां CCTV बंद करवाकर फर्जी मतदान करवाया और निकल गया। इसी बात को लेकर चंद्राकर, भाजपा के अन्य विधायक नारायण चंदेल के साथ वार्ड नंबर 11 के बूथ के बाहर पहुंच गए। यहां भाजपा के कार्यकर्ताओं ने जबरदस्त हंगामा कर दिया।

भीड़ प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी कर रही है।
भीड़ प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी कर रही है।

बीरगांव नगर निगम के 95 केंद्रों पर मतदान सुबह 8 बजे से शुरू हुआ। इसी बीच पूर्व मंत्री अजय चंद्राकर बीरगांव के गाजी नगर पहुंच गए थे। गाजी नगर वही इलाका है जहां के एक मकान में बोगस वोटर होने की शिकायत बीजेपी ने प्रशासन से की है।

बीजेपी को आशंका है कि कांग्रेस यहां फर्जी मतदान करवा सकती है। ऐसे में मतदान के दिन पूर्व मंत्री खुद ही वहां पहुंचे। वहीं जब कांग्रेस उम्मीदवार इकराम अहमद ने उन्हें यहां आता देखा तो हाथ जोड़कर उनका स्वागत किया। फिर उनके बैठने के लिए कुर्सी भी लगाई।

भाजपा ने कुछ दिन पहले गाजी नगर की वोटर लिस्ट जिला प्रशासन को सौंपी थी। इसमें 200 से ज्यादा वोटरों का पता एक ही मकान का था। इसे बड़ी गड़बड़ी बताकर भाजपा ने इस लिस्ट को रद्द करने की बात कही थी। भाजपा को शक है कि फर्जी तरीके से वोट के हेरफेर के मकसद से ऐसा किया गया है। शिकायत के बाद भी जब कार्रवाई नहीं हुई थी। तब चंद्राकर दूसरे बीजेपी नेताओं के साथ कलेक्ट्रेट दफ्तर में धरने पर बैठ गए थे।

पूर्व मंत्री अजय चंद्राकर बीरगांव के गाजी नगर पहुंचे हैं।
पूर्व मंत्री अजय चंद्राकर बीरगांव के गाजी नगर पहुंचे हैं।

40 पार्षद पदों के लिए 186 उम्मीदवारों में लड़ाई
बीरगांव के 80 हजार से अधिक मतदाता 186 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला करना था। कई क्षेत्रों में मतदान को लेकर लोगों में उत्साह नजर आया। वे मतदान केंद्रों पर सुबह 8 बजे से पहले ही पहुंच गए थे। मतदान, शाम 5 बजे खत्म हो गया। बीरगांव में अब तक 52 प्रतिशत मतदान की जानकारी है।

अधिकारियों ने बताया, बीरगांव नगर निगम के 40 वार्डों के लिए कुल 186 उम्मीदवार मैदान में थे। इसमें से कांग्रेस, भारतीय जनता पार्टी और छत्तीसगढ़ जनता कांग्रेस ने सभी 40 वार्डों में उम्मीदवार उतारे हैं। दूसरे राजनीतिक दलों के भी 20 उम्मीदवार मैदान में हैं। वहीं 46 निर्दलीय उम्मीदवार भी चुनाव लड़ रहे हैं।

बीरगांव में कुल 95 मतदान केंद्र बनाए गए थे। यहां मतदाताओं की संख्या 80 हजार 441 है। जिसमें महिला मतदाताओं की संख्या 36 हजार 799 और पुरुष मतदाताओं की संख्या 43 हजार 627 है। बीरगांव में 15 मतदाता थर्ड और अन्य जेंडर के भी हैं। राजनीतिक दलों के एजेंट मतदाताओं को बूथ तक लाने के लिए मोहल्लों में सक्रिय दिखे।

बीरगांव में रायपुर कलेक्टर कुमार ने मतदान केंद्र का निरीक्षण किया।
बीरगांव में रायपुर कलेक्टर कुमार ने मतदान केंद्र का निरीक्षण किया।

गोबरा-नवापारा में एक वार्ड का चुनाव
रायपुर की गोबरा-नवापारा नगर पालिका में वार्ड 14 में उपचुनाव हुआ। यहां दोनों बूथों पर मतदान शुरू हो चुका है। इस वार्ड में 4 उम्मीदवारों के बीच मुकाबला है। उनमें से एक-एक कांग्रेस और भाजपा के प्रतिनिधि हैं और दो निर्दलीय चुनाव लड़ रहे हैं। कुल एक हजार 91 मतदाताओं को यहां अपना पार्षद चुनना है।

23 दिसंबर को होगा हार-जीत का फैसला
उम्मीदवारों की हार-जीत का फैसला 23 दिसंबर को होगा। बीरगांव नगर निगम चुनाव की मतगणना आडवाणी आरलीकान शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में होगी। वहीं नवापारा के शासकीय हरिहर उच्चतर माध्यमिक स्कूल में गोबरा नवापारा नगर पालिका उपचुनाव की मतगणना होनी है।

प्रशासन ने सेक्टर में बांटकर तैनात किए थे मजिस्ट्रेट
उप जिला निर्वाचन अधिकारी यूएस अग्रवाल ने बताया कि बीरगांव के लिए 95 और गोबरा नवापारा के लिए 2 मतदान दल बनाए गए थे। मतदान केंद्रों को पांच सेक्टरों में बांटकर 10 मजिस्ट्रेट की ड्यूटी लगाई गई थी। सभी सेक्टर प्रभारियों को भी मजिस्ट्रेट का पावर दिया गया है।

पीठासीन अधिकारी ने पंकज शर्मा के बूथ में घुसने की घटना से इनकार किया

रायपुर के बीरगांव इलाके में फर्जी वोटिंग के नाम पर दोपहर के वक्त बवाल हो गया। भाजपा विधायक और बीरगांव चुनाव के लिए भाजपा की ओर से प्रभारी ने बड़ा आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस विधायक सत्यनारायण शर्मा का बेटा पंकज शर्मा बूथ के भीतर गया, वहां CCTV बंद करवाकर फर्जी मतदान करवाया और निकल गया। इसी बात को लेकर चंद्राकर, भाजपा के अन्य विधायक नारायण चंदेल के साथ वार्ड नंबर 11 के बूथ के बाहर पहुंच गए। यहां भाजपा के कार्यकर्ताओं ने जबरदस्त हंगामा कर दिया।

चंद्राकर ने निर्वाचन आयोग के अफसरों को फोन किया और इस मामले की शिकायत भी की। इस मामले में पीठासीन अधिकारी ने पंकज शर्मा के बूथ में घुसने की घटना से इनकार किया है। पंकज जिला कांग्रेस कमेटी में पदाधिकारी भी हैं। बीरगांव का इलाका उनके पिता विधायक सत्यनारायण शर्मा के विधानसभा क्षेत्र का हिस्सा है। भाजपा का आरोप है कि पिता-पुत्र की जोड़ी जीत के लिए किसी भी हद तक जाने को तैयार हैं।

पंकज शर्मा बोले- मैं अंदर नहीं गया
हंगामा बढ़ा तो वार्ड नंबर 11 के बूथ के बाहर खुद कांग्रेस नेता पंकज शर्मा पहुंचे। उन्होंने कहा- मैं बूथ के भीतर नहीं गया, मैंने तो सुबह खुद भाजपा नेताओं के साथ ही नाश्ता किया फिर मैं दूसरे काम से चला गया था। पंकज शर्मा ने कहा, अजय चंद्राकर ऐसे ही विवादास्पद व्यक्ति हैं, ऐसे ही आरोप लगाकर सुर्खियां बटोरते हैं, भाजपा ने अपनी हार स्वीकार ली है।

अजय चंद्राकर मतदान केंद्र के बाहर अफसरों से बात करते हुए।
अजय चंद्राकर मतदान केंद्र के बाहर अफसरों से बात करते हुए।

आपके नाम पर किसी और ने की वोटिंग
बीरगांव के वार्ड नंबर 12 से फर्जी मतदान की भी खबर सामने आ रही है। महेश दास नाम के वोटर का आरोप है कि जब वो मतदान करने गए तो बताया गया कि उनका नाम सूची से डिलीट कर दिया गया है। दावा किया गया है कि वार्ड नंबर 12 के बूथ से तीन लोगों को यह कहकर लौटाया गया कि उनका वोट पहले ही पड़ गया है।

वार्ड नंबर 1 के भाग संख्या 2 रूम नंबर 3 में फर्जी वोट डालने की शिकायत जनता कांग्रेस के अजीत जोगी युवा मोर्चा प्रदेश अध्यक्ष प्रदीप साहू ने की है। साहू ने पीठासीन अधिकारी को लिखित शिकायत में बताया है कि फर्जी वोट की तत्काल हो जांच कर फर्जी वोट डालने वाले पर कार्यवाही करें। कोई और व्यक्ति दूसरे के नाम पर वोट डाल कर चला जाता है और उस नाम का व्यक्ति जब बूथ पर पहुंचा तो उसके नाम का सिग्नेचर पहले ही हो चुके थे। यहां बैठे पीठासीन अधिकारी से लेकर विभाग के अधिकारी कहते हैं कि हमें नहीं पता यह साइन किसने किया।

जनता कांग्रेस के नेताओं ने भी फर्जी वोटिंग पर बवाल किया।
जनता कांग्रेस के नेताओं ने भी फर्जी वोटिंग पर बवाल किया।
इस वोटर को बूथ पहुंचकर पता चला इनका नाम ही हटा दिया गया।
इस वोटर को बूथ पहुंचकर पता चला इनका नाम ही हटा दिया गया।
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