पकड़ा गया वर्दी वाला तस्कर:रायपुर में पेंगोलिन खाल का सौदा करते CISF का सब इंस्पेक्टर गिरफ्तार, WCCB जबलपुर की टीम ने पकड़ा

रायपुरएक महीने पहले
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वन विभाग की टीम के साथ आरोपी एसआई और बरामद खाल। - Dainik Bhaskar
वन विभाग की टीम के साथ आरोपी एसआई और बरामद खाल।

जानवरों के अंगों की तस्करी में वर्दी वाले भी शामिल है। वाइल्ड लाइफ क्राइम कंट्रोल ब्यूरो, जबलपुर की टीम ने रायपुर से केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) के एक सब इंस्पेक्टर को गिरफ्तार किया है। वह पेंगोलिन के शल्क (खाल) का सौदा करने की कोशिश में था।

अधिकारियों ने बताया, रायपुर के स्वामी विवेकानंद हवाई अड्‌डे पर तैनात CISF का सब इंस्पेक्टर जितेन्द्र पोरचे पशुओं की खाल की सौदेबाजी में लिप्त था। मुखबीर से सूचना मिलने के बाद जबलपुर की वाइल्ड लाइफ क्राइम कंट्रोल ब्यूरो टीम उसके पीछे लगी थी। इस टीम ने ग्राहक बनकर संपर्क किया। उसके साथ सौदा पटाया। वह माल लेने के लिए आज रायपुर के जय स्तंभ चौक पहुंचा तो घेराबंदी किए अफसरों ने उसे दबोच लिया। वहां से उसे वन विभाग के एक कार्यालय ले जाया गया। रायपुर में जंगली जानवरों के अंगों की तस्करी का यह बड़ा मामला है।

छिंदवाड़ा से मंगाई थी खाल

अफसरों ने बताया, पकड़ा गया एसआई जितेन्द्र पोरचे मूल रूप से मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा का है। उसने छिंदवाड़ा से ही यह खाल मंगाई थी। यहां से वह बड़ी रकम में सौदा पटाने की कोशिश में था। इस बीच इसकी सूचना वन विभाग के सूचना तंत्र तक पहुंच गई और एसआई को रंगे हाथ पकड़ लिया गया।

मध्य प्रदेश-छत्तीसगढ के जंगलों में पाया जाने वाला पेंगोलीन चींटी-दीमक आदि खाता है।
मध्य प्रदेश-छत्तीसगढ के जंगलों में पाया जाने वाला पेंगोलीन चींटी-दीमक आदि खाता है।

क्या है यह पेंगोलीन जिसकी हो रही है तस्करी

पेंगोलीन एक स्तनधारी प्राणी है। इसके शरीर पर केराटिन के बने शल्क होते हैं। इस कवच से यह अन्य प्राणियों से अपनी रक्षा करता है। पेंगोलिन ऐसे शल्कों वाला अकेला ज्ञात स्तनधारी है। यह अफ्रीका और एशिया में प्राकृतिक रूप से पाया जाता है। पारपंरिक चीनी दवाओं और व्यंजनों में इसका इस्तेमाल होता है। इसकी वजह से इसकी तस्करी होती है। इतनी तस्करी की कई इलाकों से इस जानवर का अस्तित्व ही खत्म हो चुका है।

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