रायपुर में बोले CJI रमना:सबसे कमजोर तबका हमेशा एंटीसोशल एलिमेंट्स का शिकार बनता है, युवा जरूरतमंदों के न्याय के लिए काम करें

रायपुर2 महीने पहले
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रायपुर में हिदायतुल्लाह नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी (HNLU) के दीक्षांत समारोह में चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया एनवी रमना पहुंचे। यहां मंच से अपनी बात रखते हुए उन्होंने कहा कि हमेशा असामाजिक तत्वों (एंटीसोशल एलिमेंट्स) की वजह से समाज का सबसे कमजोर वर्ग शिकार बनता है। उनके मानवाधिकारों का हनन होता है। ऐसे में युवाओं को आगे आना चाहिए उन्हें मदद देते हुए न्याय दिलाना चाहिए।

जरूरतमंदों की मदद करें, उन्हें कम खर्च में न्यायिक प्रक्रिया के जरिए इंसाफ मिले, इस दिशा में काम करने की जरूरत है।

दीक्षांत समारोह में 500 से अधिक स्टूडेंट्स को संबोधित करते हुए सीजेआई ने कहा कि भारत में कानूनी सहायता सेवाएं दुनिया में सबसे बडीं हैं। "हमें इस आंदोलन को सही दिशा में चलाने के लिए युवा और प्रतिभाशाली दिमाग की जरूरत है।" नए युवा वकील और लॉ प्रोफेशनल्स से चीफ जस्टिस ने कहा आप भौतिक धन के पीछे परिवर्तन की शक्ति को मत भूलना।

आप जिस दुनिया में रहना चाहते हैं, उसके लिए आपके पास एक विजन होना चाहिए, लेकिन सिर्फ विजन काफी नहीं है। आपको इसके लिए खड़े होकर और इसके लिए संघर्ष करके इसे तैयार करना होगा।

सीजेआई रमना के साथ छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल भी दीक्षांत समारोह में शामिल हुए।
सीजेआई रमना के साथ छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल भी दीक्षांत समारोह में शामिल हुए।

छत्तीसगढ़ को लेकर जताई उम्मीद
एन. वी. रमना ने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार ज्यूडिशियल कम्युनिटी के बजट और इंफ्रास्ट्रक्चर संबंधी जरूरतों का पूरा ख्याल रख रही है। उन्होंने आशा व्यक्त की कि ये ट्रेंड इसी तरह जारी रहेगा और छत्तीसगढ़ ज्यूडिशियरी को सर्वोत्तमइंफ्रास्ट्रक्चर मुहैया कराने में अव्वल​​​​​​​ राज्य बनकर उभरेगा। CJI रमना ने मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को छत्तीसगढ़ में विधिक शिक्षा के विकास में सक्रिय रूप से सहयोग प्रदान करने के लिए बधाई दी।

पढ़ाई पूरी करने वालों को चीफ जस्टिस रमना ने प्रदान की डग्रियां।
पढ़ाई पूरी करने वालों को चीफ जस्टिस रमना ने प्रदान की डग्रियां।

रायपुर के हिदायतुल्लाह नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी की तारीफ करते हुए सीजेआई ने कहा कि इसका नाम एक महान विधिवेत्ता के नाम पर रखा गया है जिन्होंने अपना पूरा जीवन विधि के नाम पर समर्पित कर दिया था। सीजेआई रमना ने छात्रों को बधाई देते हुए कहा कि ज्ञान और सूचना सबसे बड़ी धरोहर हैं और इनका सही उपयोग करके ही हमें विकसित होते जाना है।

पांचवें दीक्षांत समारोह के अवसर पर दो शोधार्थियों को डॉक्टर आफ फिलॉसफी की उपाधि प्रदान की गई। इसके अलावा कुल 23 छात्र-छात्राओं को 66 गोल्ड मेडल से सम्मानित किया गया। 6 गोल्ड मेडल्स के साथ वर्ष 2020 बैच के अंकित पाल एवं 11 गोल्ड मेडल्स के साथ वर्ष 2021 बैच की पल्लवी मिश्रा ओवरऑल टॉपर रहे।

मुख्यमंत्री ने बढ़ाया छात्रों का हौसला।
मुख्यमंत्री ने बढ़ाया छात्रों का हौसला।

इस दीक्षांत समारोह में छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित हुए। सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस एस अब्दुल नजीर ने समारोह की अध्यक्षता की। इस अवसर पर छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधिपति न्यायमूर्ति तथा हिदायतुल्लाह नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी के कुलाधिपति अरूप कुमार गोस्वामी उपस्थित रहे। कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ के विधि मंत्री मोहम्मद अकबर, शिक्षा मंत्री डॉ प्रेमसाय सिंह टेकाम ने भी छात्रों का हौसला बढ़ाया।