भास्कर इम्पैक्ट, हटाए गए जोन कमिश्नर:गणेश प्रतिमाओं के अपमान मामले में नगर निगम की किरकिरी के बाद महापौर ने दिखाई सख्ती, बोले- जो भी दोषी होगा कार्रवाई तो होगी

रायपुर4 महीने पहले
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मीडिया के सामने आकर महापौर ने जोन कमिश्नर को हटाने की जानकारी दी। - Dainik Bhaskar
मीडिया के सामने आकर महापौर ने जोन कमिश्नर को हटाने की जानकारी दी।

विसर्जन के दौरान भगवान गणेश की प्रतिमाओं के अपमान के मामले में अब रायपुर नगर निगम ने सख्ती दिखाई है। चौरतफा किरकिरी के बाद अब महापौर एजाज ढेबर ने जोन कमिश्नर को हटा दिया है। जोन 1 के कमिश्नर नेतराम चंद्राकर के खिलाफ कार्रवाई हुई है। दैनिक भास्कर ने प्रतिमाओं को कचरे की गाड़ी में ले जाने और असंवेदनशील ढंग से कुंड में फेंकने की खबर प्रकाशित की थी। इसके बाद नगर निगम ने एक जांच समिति गठित करके घटना के संबंध में जानकारी ली। समिति ने पाया कि जोन 1 के कमिश्नर चंद्राकर ने विसर्जन के वक्त निगरानी नहीं की, जिसके चलते कर्मचारियों ने लापरवाही की। महापौर एजाज ढेबर ने मीडिया से कहा कि नेतराम चंद्राकर को इसी वजह से पद से हटा दिया गया है।

प्रतिमाओं को इस तरह लाया गया।
प्रतिमाओं को इस तरह लाया गया।

महापौर इस बात का भी दावा करते रहे कि हम इस मामले में कितना बड़ा भी नाम क्यों न हो कोई भी अधिकारी हो कार्रवाई करेंगे। उन्होंने कहा कि कचरे की गाड़ी में भगवान की प्रतिमा को नहीं लाया गया। एक वीडियो में जो मिनी ट्रक दिख रहा है वो टाउन एंड कंट्री प्लानिंग की गाड़ी है। इसे अवैध होर्डिंग हटाने या तोड़-फोड़ की कार्रवाई में इस्तेमाल किया जाता है। हालांकि महापौर ने कचरा ढोने वाले उन छोटे वाहनों (टाटा एस) का जिक्र नहीं किया जिनमें प्रतिमाएं लाते हुए कई तस्वीरें सामने आ चुकी हैं। दरअसल शहर के तालाबों में विसर्जन प्रतिबंधित कर वहां लोगों से प्रतिमाओं को लेकर महादेव घाट में बने अस्थाई कुंड में लाकर विसर्जन करने का जिम्मा नगर निगम ने लिया था। इसी बीच लापरवाही और प्रतिमाओं के अपमान के मामले सामने आए।

अस्थाई कुंड में प्रतिमाओं को छोटे वाहन से विसर्जित करते कर्मचारी।
अस्थाई कुंड में प्रतिमाओं को छोटे वाहन से विसर्जित करते कर्मचारी।

ये है पूरा मामला
19 सितंबर की रात रायपुर के अलग-अलग इलाकों से छोटी प्रतिमाओं को एकत्र कर महादेव घाट लाया गया। कुछ प्रतिमाओं को छोटे-छोटे वाहनों में लाया गया जो अक्सर शहरी इलाकों में कचरा ढोते नजर आते हैं। एक मिनी ट्रक में भी प्रतिमाओं को लाया गया था और कर्मचारी इसे कुंड में फेंक रहे थे। इस घटना की तस्वीरें और कुछ वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुए जिसके बाद नगर निगम की भारी किरकिरी हुई। ये खबर सामने आते ही सोमवार को नगर निगम की नेता प्रतिपक्ष मीनल चौबे, भाजपा पार्षदों के साथ महादेव घाट में बने अस्थाई कुंड में पहुंचीं। यहां इस घटना का विरोध जताया और महापौर ढेबर का घेराव भी किया गया। बाद में प्रतिमाओं को फेंकने वाले 3 कर्मचारियों को भी आनन-फानन में हटा दिया गया था।

इस तरह से प्रतिमाओं को दूर से फेंका गया था।
इस तरह से प्रतिमाओं को दूर से फेंका गया था।

थाने में की जा चुकी है FIR की मांग
इस पूरी घटना के सामने आने के बाद भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष विष्णु देव साय ने कहा था कि हिंदू आस्था से खिलवाड़ कांग्रेस की आदत बन चुकी है। रायपुर शहर की भाजपा पार्षद विश्वदिनी पांडे ने मोवा थाने में जाकर इस पूरे मामले की शिकायत की। उन्होंने एक ज्ञापन भी सौंपा है, जिसमें पुलिस से जांच की मांग करते हुए दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है। पांडे ने बताया कि प्रतिमाओं के साथ हुए अपमान की यह घटना हिंदू आस्था पर ठेस पहुंचाती है। हम चाहते हैं कि इस पर संवेदनशीलता दिखाते हुए पुलिस कार्रवाई करें।

मोवा थाने में FIR की मांग।
मोवा थाने में FIR की मांग।

अब तक 8 हजार से ज्यादा प्रतिमाओं का विसर्जन, 25 सितंबर तक चलेगी प्रक्रिया
रायपुर में महादेव घाट में बने अस्थाई विसर्जन कुंड में अब तक 8107 छोटी और 870 बड़ी प्रतिमाओं का विसर्जन किया जा चुका है। इसके अलावा नगर निगम ने अस्थाई कुंड में 22 सितंबर तक दी जाने वाली सुविधा को 25 सितंबर तक के लिए बढ़ा दिया है। अब शनिवार तक यहां नगर निगम की टीमें विसर्जन के लिए तैनात रहेंगी। शहर के कई तालाबों के पास अस्थाई कुंड बने हैं, यहां पानी के बड़े टैंक रखकर उनमें विसर्जन किया जा रहा है। कुछ जगहों पर प्रतिमाओं को लोग छोड़कर जा रहे हैं फिर निगम उन्हें अस्थाई कुंड महादेव घाट पहुंचा रहा है।

प्रतिमाओं का विसर्जन जारी है।
प्रतिमाओं का विसर्जन जारी है।
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