रायपुर में सफाईकर्मियों का बवाल:अचानक 10 हजार से अधिक प्रदर्शनकारी पहुंच गए, बेकाबू भीड़ पुलिस का बैरिकेड तोड़कर CM आवास घेरने निकली, बढ़ाई गई सुरक्षा

रायपुर2 महीने पहले
सफाई कर्मियों की ये भीड़ ईदगाह भाटा मैदान में जमा हुई।

प्रदेश के अलग-अलग जिलों से हजारों की तादाद में अंशकालीन सफाईकर्मी मंगलवार को रायपुर पहुंचे। बड़ी तादाद में सफाईकर्मियों के रायपुर पहुंचने की वजह से प्रशासनिक व्यवस्था पूरी तरह से ठप नजर आई। स्कूलों में सफाई का काम करने वाले कर्मचारियों की यह भीड़ अपने नियमितीकरण और वेतन की विसंगतियों को दूर करवाने की मांग लेकर रायपुर आई थी। जिला प्रशासन को 4 से 5 हजार कर्मचारियों के रायपुर पहुंचने का अंदाजा था, मगर मंगलवार को रायपुर शहर में 10 हजार से भी अधिक सफाई कर्मी पहुंच गए।

पुलिस और सफाईकर्मियों की झड़प।
पुलिस और सफाईकर्मियों की झड़प।

सीएम हाउस का घेराव करने का ऐलान करते हुए सफाई कर्मचारियों ने नारेबाजी करते हुए रैली निकाल दी। तय कार्यक्रम के मुताबिक इन सभी को रायपुर के ईदगाह भाटा मैदान के पास रोका जाना था। पुलिस से यह भीड़ संभल नहीं पाई। सभी ने हंगामा करते हुए ईदगाह भाटा, पुरानी बस्ती थाने के पास लगे पुलिस बैरिकेड्स को तोड़ दिया। हंगामा करते हुए प्रदर्शनकारी धरना स्थल पहुंचे। यहां से करीब 2 किलोमीटर दूर सप्रे शाला स्कूल के पास सभी सफाईकर्मी जमा हो गए।

फोटो में जहां तक नजर जाती है भीड़ ही भीड़ है।
फोटो में जहां तक नजर जाती है भीड़ ही भीड़ है।

आनन-फानन में रायपुर के एसपी प्रशांत अग्रवाल को अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती करनी पड़ी। पूरे इलाके में 500 से अधिक पुलिसकर्मी तैनात किए गए। पुलिस और सफाई कर्मियों के बीच इतनी जबर्दस्त झड़प हुई कि मौके पर आंसू गैस के गोले लेकर भी पुलिसकर्मी पहुंचे, वाटर कैनन का भी इंतजाम किया गया। लाठियों से सफाई कर्मचारियों को खदेड़ा गया। करीब डेढ़ से दो घंटे तक पुलिस और सफाई कर्मचारियों के बीच झूमाझटकी होती रही। इसके बाद सफाई कर्मचारियों ने स्कूल के पास ही धरना दिया। दूसरी तरफ आनन-फानन में मुख्यमंत्री निवास के आस-पास की सुरक्षा बढ़ानी पड़ी। सिविल लाइन इलाके में मुख्यमंत्री आवास को जाने वाली चारों सड़कों को बंद कर दिया गया। सफाई कर्मी देर शाम तक रायपुर के बूढ़ा पारा इलाके में ही डटे रहे।

धरना स्थल पर जमा भीड़।
धरना स्थल पर जमा भीड़।

स्कूल शिक्षा सचिव को आना पड़ा मिलने
सप्रे स्कूल के पास सफाई कर्मचारियों की भीड़ बढ़ती जा रही थी और पुलिस अफसर भी देख रहे थे कि हालात बेकाबू होते जा रहे हैं। इस बीच अफसरों ने फौरन स्कूल शिक्षा सचिव से प्रदर्शनकारियों के एक प्रतिनिधिमंडल की मुलाकात करवाने की सोची। तृतीय वर्ग शासकीय कर्मचारी संघ के कर्मचारी नेता विजय झा ने बताया अंशकालिक स्कूल सफाई कर्मचारियों ने दो अक्टूबर को पैदल मार्च शुरू किया था।

स्कूल सचिव ने मांगें मानने का आश्वासन दिया।
स्कूल सचिव ने मांगें मानने का आश्वासन दिया।

अलग-अलग जिलों से सभी रायपुर पहुुंचे। कर्मचारियों की स्कूल शिक्षा सचिव ने BTI ग्राउंड स्थित शिक्षा विभाग के दफ्तर में मुलाकात हुई। उन्होंने मुख्यमंत्री के रायपुर में उपलब्ध न होने की स्थिति में नियमितिकरण सहित अन्य मांगों के लिए 3 सदस्यीय समिति का गठन करने का आदेश जारी कर दिया। अब ये समिति कर्मचारियों की मांगों पर गौर करके रिपोर्ट सरकार को सौंपेगी।

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