पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

सीएम भूपेश की चेतावनी:भारी पड़ सकती है जरा-सी लापरवाही, तीसरी लहर की आशंका काे हर हाल में समाप्त करना हमारी कोशिश

रायपुर4 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
सीएम ने कहा कि हम लोगों ने मिलजुल कर तमाम मुश्किलों के बावजूद कोरोना की दूसरी लहर को नियंत्रित किया है। हमें हर हाल में तीसरी लहर की आशंका को समाप्त करना है। - Dainik Bhaskar
सीएम ने कहा कि हम लोगों ने मिलजुल कर तमाम मुश्किलों के बावजूद कोरोना की दूसरी लहर को नियंत्रित किया है। हमें हर हाल में तीसरी लहर की आशंका को समाप्त करना है।

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने लोगों से कोरोना गाइडलाइन का पालन करते रहने की अपील की है। सीएम ने कहा कि हम लोगों ने मिलजुल कर तमाम मुश्किलों के बावजूद कोरोना की दूसरी लहर को नियंत्रित किया है। हमें हर हाल में तीसरी लहर की आशंका को समाप्त करना है। कोरोना की दूसरी लहर में न केवल हमें बड़ा आर्थिक नुकसान पहुंचाया बल्कि बहुत से करीबियों को भी हमसे छीना है।

उन्होंने कहा कि सभी के प्रयासों से संक्रमण दर को 30 प्रतिशत से 9 प्रतिशत तक लाने में कामयाब हुए हैं। सुधार को देखते हुए राज्य शासन ने लॉकडाउन के प्रतिबंधों में थोड़ी छूट देने का निर्णय लिया है। यह छूट जन-सामान्य की मुश्किलों को थोड़ा आसान करने के लिए दी जा रही है।

महामारी से लड़ने वैक्सीनेशन जरूरी
मुख्यमंत्री ने लोगों अपील की है कि कोरोना महामारी से बचाव के लिए अपनी बारी आने पर टीका जरूर लगवाएं। जिन लोगों को टीका का पहला डोज लग गया है, वे निर्धारित समय अवधि के बाद टीका का दूसरा डोज अवश्य लगवाए। तभी हम इस महामारी पर विजय प्राप्त कर सकेंगे।

लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं देने में छत्तीसगढ़ देश में दूसरे स्थान पर, केंद्र सरकार ने जारी की रिपोर्ट

हेल्थ एंड वैलनेस सेंटरों से स्वास्थ्य सेवाएं देने में देश में छत्तीसगढ़ ने दूसरा स्थान हासिल किया है। केंद्रीय स्वास्थ्य व परिवार कल्याण विभाग की ताजा रिपोर्ट अनुसार लक्ष्य को पूरा करने के मामले में अंतिम तिमाही की राज्यों की रैंकिंग जारी की है। कर्नाटक पहले स्थान पर है। इस सूची में दिल्ली 37वें, राजस्थान 26वें, उत्तरप्रदेश 14वें, मध्यप्रदेश 13वें जबकि गुजरात और महाराष्ट्र क्रमश: चौथे और पांचवें पायदान पर हैं।

कोरोना काल के दौरान हेल्थ एंड वैलनेस सेंटरों के माध्यम से राज्य के 5 लाख लोगों को घर तक दवाइयां पहुंचाई गई। इसमें 196375 मरीजों को डायबीटिज, 132330 मरीजों को हाईपरटेंशन, 5279 मरीजों को टीबी, 2727 मरीजों को कुष्ठ और 185470 गर्भवती महिलाओं के उनके घर दवाइयां पहुंचाई गई। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन की मिशन संचालक डाॅ. प्रियंका शुक्ला ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग और राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के सहयोग से हेल्थ एंड वैलनेस सेंटरों ने प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं की निरंतरता को बनाए रखा।

आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिकाएं सरकार की ताकत

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कोरोना संक्रमण की रोकथाम के लिए आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं तथा सहायिकाओं के अमूल्य योगदान की सराहना की है। उन्होंने कहा है कि इन कार्यकर्ताओं तथा सहायिकाओं ने होम विजिट कर प्रदेश के करीब 25 लाख ग्रामीण परिवारों से सतत रूप से संपर्क किया और उन्हें टीकाकरण के लिए प्रेरित किया।

बघेल ने कहा है चाहे शांति काल हो अथवा आपदा काल आंगनबाड़ी कार्यकर्ताएं तथा सहायिकाओं हमेशा सरकार की ताकत बनकर सक्रिय रही हैं। उन्होंने कहा है कि कोरोना की विकट परिस्थितियों में गांवों में संक्रमण की रोकथाम करने, बीमारी को लेकर लोगों को जागरूक करने, बड़ा योगदान है। राज्य में लगभग 42 हजार कार्यकर्ता तथा 18 हजार सहायिकाएं दायित्वों का निर्वहन कर रही हैं।

इस दौरान उन्होंने लगभग 4 लाख 50 हजार सर्दी खांसी बुखार के मरीजों का चिन्हांकन किया। इन कार्यकर्ताओं ने निरंतर होम विजिट करते हुए राज्य के करीब 25 लाख ग्रामीण परिवारों को टीकाकरण तथा कोविड-19 से बचाव के संबंध में जागरूक किया। उन्होंने प्रत्यक्ष व परोक्ष रूप से 25 लाख हितग्राहियों को टीका लगवाने की में सहयोग किया है।

खबरें और भी हैं...