छात्रों को देनी होगी ऑनलाइन परीक्षा:जिन पीजी छात्रों ने वर्ष 2020 में कोर्स शुरू किया, उनकी परीक्षा तीसरी बार भी घर से ही

रायपुर3 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
ऑनलाइन फॉर्म की गलतियों को सुधारने के लिए लग रही कतार। - Dainik Bhaskar
ऑनलाइन फॉर्म की गलतियों को सुधारने के लिए लग रही कतार।
  • प्राइवेट समेत वार्षिक परीक्षाएं अप्रैल में, इससे संबंधित छात्र ऑफलाइन देंगे पर्चे

एमए, एमकॉम, एमएससी, बीएड समेत अन्य सेमेस्टर कक्षाओं के छात्र इस बार भी घर से पेपर लिखकर जमा करेंगे। वर्ष 2020 में जिन छात्रों ने विभिन्न सेमेस्टर पाठ्यक्रमों में प्रवेश लिया है, वे लगातार तीसरी बार ऑनलाइन मोड में पेपर देंगे। एक तरफ सेमेस्टर के छात्रों को राहत मिली है, तो दूसरी और जो छात्र वार्षिक परीक्षा देने वाले हैं, उनकी परीक्षा अप्रैल में होने के कारण ऑफलाइन होने यानी सेंटर जाकर परीक्षा की संभावना ज्यादा है। माना जा रहा है कि तब तक कोरोना के मामले कम हो जाएंगे।

विश्वविद्यालयों एवं कॉलेजों ने इस बार सेमेस्टर एग्जाम का आयोजन भी ऑफलाइन करने की तैयारी की थी। पं.रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय की ओर से तीसरे सेमेस्टर व प्रथम सेमेस्टर परीक्षा के लिए समय-सारणी जारी की गई थी। केंद्रों का निर्धारण भी लगभग कर लिया गया था। लेकिन कोरोना संक्रमण के मामले बढ़ने के बाद उच्च शिक्षा विभाग ने कॉलेजों में ऑफलाइन पढ़ाई बंद करने के साथ ही ऑफलाइन परीक्षा पर भी रोक लगा दी है। परीक्षा को लेकर रविवि से जल्द निर्देश जारी होंगे।

मई-जून में होगा चौथा सेमेस्टर
एमए, एमकॉम, एमएमएससी, बीएड जैसे दो वर्षीय कोर्स में कुल चार सेमेस्टर हैं। वर्ष 2020 में जिन छात्रों ने प्रवेश लिया उन्होंने वर्ष 2021 में प्रथम व द्वितीय सेमेस्टर की परीक्षा घर बैठे दी। इसमें बड़ी संख्या में छात्र पास हुए हैं। अधिकांश कक्षाओं का रिजल्ट 90 प्रतिशत से ज्यादा रहा। अब तीसरे सेमेस्टर की परीक्षा फिर घर से देंगे। इनका चतुर्थ सेमेस्टर मई-जून में होगा। तब कोरोना को लेकर परिस्थितियां सामान्य रही तो ऑफलाइन पेपर होंगे।

वार्षिक परीक्षा वालों को दो बार राहत, घर से लिखेंगे पेपर
वार्षिक परीक्षा के छात्रों को भी दो बार घर से पेपर लिखकर जमा करने का अवसर मिला। वर्ष 2019 में रविवि की वार्षिक परीक्षा मार्च में शुरू हुई। कुछ पेपरों की परीक्षा छात्रों ने केंद्र में बैठकर दी। इसके बाद मार्च में ही कोरोना संक्रमण की वजह से लॉकडाउन लगा। परीक्षाएं स्थगित की गई। दोबारा सितंबर 2020 में परीक्षा शुरू हुई। इस बार पैटर्न बदला। छात्रों को घर से पेपर लिखने का अवसर दिया गया। जबकि वर्ष 2021 में सभी विषयों की परीक्षा छात्रों ने घर से दी। 2022 का पेपर ऑफलाइन होने की संभावना अधिक है।

दसवीं-बारहवीं एग्जाम पर संशय, शुरू में ऑफलाइन परीक्षा लेने की थी तैयारी
कोरोना के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। कॉलेजों की सेमेस्टर परीक्षा अब ऑनलाइन व ब्लैंडेड मोड में होगी। इसे लेकर अब दसवीं-बारहवीं सीजी बोर्ड की परीक्षा को लेकर संशय की स्थिति बन गई है। माध्यमिक शिक्षा मंडल ने इस बार ऑफलाइन एग्जाम की तैयारी की है। लेकिन वर्तमान परिस्थितियों में यह संभव नहीं दिखता। माशिमं के सचिव वीके. गोयल का कहना है कि दसवीं-बारहवीं के एग्जाम मार्च से शुरू होंगे।

परीक्षा ऑफलाइन मोड में होगी। इसके लिए तैयारी की जा रही है। बाद में जैसी परिस्थितियां रहेंगी उसके अनुसार निर्णय होंगे। गौरतलब है कि कोरोना संक्रमण की वजह से पिछली बार दसवीं की परीक्षा नहीं हुई थी। असाइनमेंट के आधार पर नतीजे जारी किए गए थे। बारहवीं की परीक्षा भी केंद्र में नहीं हुई थी। घर से घर से लिखकर पेपर जमा किया था।