CG विधायक का 'अग्निपथ' पर विवादित बयान:विक्रम मंडावी बोले- जैसे बिहार में गाड़ियां जलाई जा रही, ऐसा विरोध सब जगह होना चाहिए

रायपुर/बीजापुर2 महीने पहले
कांग्रेस के सत्याग्रह के दौरान विधायक का विवादित बयान। - Dainik Bhaskar
कांग्रेस के सत्याग्रह के दौरान विधायक का विवादित बयान।

बीजापुर से कांग्रेस विधायक विक्रम मंडावी का एक बयान सामने आया है। अग्निपथ योजना को लेकर कांग्रेस की तरफ से सोमवार को किए गए सत्याग्रह आंदोलन के दौरान यह बयान विक्रम मंडावी ने दिया था। अब इस मामले ने सियासी तूल पकड़ लिया है। भारतीय जनता पार्टी ने विधायक के बयान के बाद उन पर कार्रवाई की भी मांग की है।

दरअसल, कांग्रेस ने सोमवार को हर विधानसभा क्षेत्र में अग्निपथ योजना के खिलाफ एक सत्याग्रह आयोजन किया। बीजापुर में भी कार्यक्रम हुआ। वहां के विधायक विक्रम मंडावी कार्यक्रम में पहुंचे। मंच से लोगों को संबोधित करते हुए विधायक ने कह डाला कि जैसे बिहार में युवा गाड़ी जलाकर अग्निपथ योजना का विरोध कर रहे हैं, सब जगह इसी तरह से विरोध होना चाहिए। विधायक विक्रम मंडावी ने कहा कि अग्निपथ योजना के विरोध में हम भी समर्थन करते हैं और सड़क पर उतर कर विरोध करेंगे। विधायक के इस बयान का वीडियो भी सोशल मीडिया में वायरल हो गया।

सोशल मीडिया पर विधायक का यह बयान वायरल होने के बाद भारतीय जनता पार्टी ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए विधायक के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। भारतीय जनता पार्टी के प्रवक्ता गौरीशंकर श्रीवास ने कहा कि अग्निवीर योजना के नाम पर गांधीवादी तरीके से सत्याग्रह करने का दावा करने वालों की पोल खुल गई है। यह गांधीवादी नहीं बल्कि अराजक और गुंडे वादी हैं। विधायक होकर विक्रम मंडावी इस तरह से युवाओं को उकसा रहे हैं। ऐसे विधायक पर FIR दर्ज होनी चाहिए। बीजेपी के नेताओं पर तो छोटे-छोटे मामलों पर FIR हो जाती है।

श्रीवास ने आगे कहा कि क्या कांग्रेस इस तरह के बयान का समर्थन करती है, क्या कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष मोहन मरकाम इस तरह के बयान का समर्थन करते हैं। भाजपा ने विधायक विक्रम मंडावी के इस बयान को दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए इसे छत्तीसगढ़ जैसे शांत प्रदेश में दंगे भड़काने का कोशिश करने जैसा बताया।

क्या कहती है सेना
छत्तीसगढ़ समेत मध्य भारत के वरिष्ठ सैन्य अफसर लेफ्टिनेंट जनरल एम.के. दास ने बताया कि अग्निपथ स्कीम भारतीय सेना में सेवा का बेहतर मौका है। छत्तीसगढ़ समेत देश के 17 से 23 साल युवाओं को ये अवसर मिलेगा। इसके लिए शैक्षणिक योग्यता 10वीं या 12वीं पास है। इसमें परसेंटेज का नियम नहीं है। इसके तहत युवा 4 साल के लिए सेना में भर्ती होगा। उन्हें अग्निवीर कहा जाएगा। इसके बाद मेरिट के आधार पर भर्ती हुए अग्निवीरों में से 25 प्रतिशत भारतीय सेना में जवान के रूप में जॉइन करेंगे। 75 प्रतिशत जो चयनित नहीं हो पाएंगे, उनके पास करियर के अन्य विकल्प होंगे।

लेफ्टिनेंट जनरल एम.के. दास ने बताया कि फौज में रहना,खाना, कपड़े, इलाज वगैरह सब फ्री होता है। मुझे सेना में 36 सालों का अनुभव है। एक जवान के महीने में अधिकतम 5 से 6 हजार रुपए खर्च होते हैं। जो जवान अग्निपथ स्कीम से जॉइन करेंगे उन्हें पहले साल 4.76 लाख का पैकेज चौथे साल का 6.92 लाख पैकेज मिलेगा। वो 7 से 8 लाख रुपए सेव कर पाएंगे, सर्विस खत्म हुई तो सरकार लगभग 12 लाख रुपए देगी। अब जिसने 17 साल की उम्र में अग्निपथ स्कीम के तहत सेना जॉइन की उसकी सेवा 4 साल बाद यानी 21 की उम्र में खत्म होगी तो उसके पास लगभग 20 लाख की सेविंग्स होंगी। है कोई दूसरी नौकरी जो 10वीं पास कैंडिडेट को 21 साल की उम्र में ये सुविधा दे सके।

खबरें और भी हैं...