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कोविड-19 व्यवस्थाओं की समीक्षा:राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव ने कहा- लक्षण दिखाई दे रहे हैं उनकी तुरंत टेस्टिंग कराई जाए और समय पर टेस्ट रिपोर्ट मिले

फरीदाबादएक महीने पहले
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राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव संजीव कौशल ने मंगलवार को अधिकारियों के साथ जिले में कोविड-19 की स्थिति एवं व्यवस्थाओं की समीक्षा की। - Dainik Bhaskar
राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव संजीव कौशल ने मंगलवार को अधिकारियों के साथ जिले में कोविड-19 की स्थिति एवं व्यवस्थाओं की समीक्षा की।

राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव संजीव कौशल ने मंगलवार को अधिकारियों के साथ जिले में कोविड-19 की स्थिति एवं व्यवस्थाओं की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने टेस्टिंग पर बल देते हुए कहा कि जिन लोगों में कोविड-19 के लक्षण दिखाई दे रहे हैं उनकी तुरंत टेस्टिंग कराई जाए और समय पर टेस्ट रिपोर्ट मिले। जिससे संक्रमण को ज्यादा फैलने से रोका जा सके। उन्होंने टेस्टिंग के लिए माइक्रो स्तर पर जाकर काम करने के निर्देश देते हुए कहा कि इसके लिए हमें प्रशासनिक अमले को अधिक से अधिक सक्रिय करना होगा। उन्होंने कहा कि हमें कोविड-19 को खत्म करने के लिए सबसे पहले संक्रमण की चैन को तोड़ना होगा। लॉकडाउन को गंभीरता के साथ लागू कराना है और लोगों को समझाना है अगर वे अपने घरों में नहीं रहे तो इस महामारी के फैलाव को नहीं रोका जा सकता।

जिले के सभी पऱ्ाइवेट अस्पताल काल सेंटर शुरू करें:

अतिरिक्त मुख्य सचिव ने कहा हमें किसी भी सूचना के लिए कॉल सेंटर को बहुत ज्यादा मजबूत करना है। सभी निजी अस्पताल भी मरीजों की सुविधा के लिए कॉल सेंटर शुरू करें। जिससे घरों में आइसोलेटेड मरीजों को टेलिफोन के जरिए मेडिकल सलाह मिल सके। उन्होंने हेल्थ विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे घरों में आइसोलेट होकर इलाज ले रहे लोगों को ऑक्सीमीटर सहित सभी जरूरी दवाओं की किट उपलब्ध कराएं। उन्होंने कहा डाक्टर समय से हर मरीज का फॉलोअप करें।

कालाबाजारी करने वालों पर तुरंत सख्त कार्रवाई की जाए:

अतिरिक्त मुख्य सचिव ने मीटिंग में आयुष विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे हर व्यक्ति तक इम्युनिटी बूस्टर अवश्य पहुंचाएं। जिससे लोगों की स्वास्थ्य सुरक्षा की जा सके। उन्होंने ऑक्सीजन सप्लाई पर भी लगातार नजर रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा अगर कोई भी व्यक्ति ऑक्सीजन सप्लाई अथवा दवाओं की सप्लाई को लेकर कोई दिक्कत पैदा करता है अथवा कालाबाजारी करता है तो उसके खिलाफ तुरंत कार्रवाई की जाए।

निजी अस्पतालों के बाहर इलाज रेट लिस्ट चिपकाई जाए:

अतिरिक्त मुख्य सचिव ने पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिए की लॉकडाउन के दौरान बगैर किसी कार्य के बाहर निकलने वाले लोगों पर कार्रवाई करें। हेल्थ विभाग के अधिकारियों को निर्देश देते हुए उन्होंने कहा कि प्रत्येक निजी अस्पताल के बाहर इलाज के लिए रेट लिस्ट अवश्य चिपकी होनी चाहिए। हर निजी अस्पताल मरीजों से उतनी ही फीस ले जितनी निर्धारित है। इसके लिए हेल्थ विभाग लगातार निगरानी रखें और निजी अस्पतालों को निर्देश भी जारी करें।

कोविड-19 मैनेजमेंट के लिए एकीकृत एप भी लांच किया जाए:

अतिरिक्त मुख्य सचिव ने जिले के अस्पतालों में वेंटिलेटर, ऑक्सीजन बेड व अन्य स्वास्थ्य सेवाओं की बिंदु दर बिंदु समीक्षा भी की। मीटिंग में उन्होंने जिला प्रशासन के अधिकारियों को निर्देश दिए कि कोविड-19 मैनेजमेंट के लिए एकीकृत एप भी लांच किया जाए। जिससे कोविड-19 से संबंधित सभी सूचनाएं एवं आवश्यक जानकारियां संबंधित व्यक्ति वहां से प्राप्त कर सकें। उन्होंने कहा यह आपदा का समय है और इस समय हमें बगैर घबराए लोगों की मदद के लिए आगे आना है।

बेहतर प्रबंधन से कोविड-19 के खिलाफ यह लड़ाई जीतना है:

उन्होंने कहा सभी फ्रंटलाइन वर्करों का हौसला बढ़ाना है। स्वास्थ्य विभाग हो या पुलिस। सभी मिलकर इस लड़ाई में बेहतर कार्य कर रहे हैं। ऐसे में हमें एक बेहतर प्रबंधन देकर कोविड-19 के खिलाफ इस लड़ाई को जीतना है। मीटिंग में मंडलायुक्त राजेश जून, पुलिस कमिश्नर ओपी सिंह, डीसी यशपाल यादव, निगमायुक्त डॉ. गरिमा मित्तल, एसडीएम फरीदाबाद परमजीत चहल, एसडीएम बड़खल पंकज सेतिया, नगर निगम के संयुक्त आयुक्त नवदीप नैन, प्रशांत अटकान, सीएमओ डॉ. रणदीप सिंह पूनिया, डिप्टी सीएमओ डॉ. राम भगत सहित अन्य अधिकारी मौजूद थे।