सीएमओ का दावा:जिले में 3 हजार से ज्यादा कोविड पेशेंट अस्पतालों में एडमिट, बुलेटिन में 800 दिखा रहे एडमिट

गुड़गाव6 महीने पहले
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खुले में पेड़ के नीचे ऑक्सीजन लेती कोविड पेशेंट। - Dainik Bhaskar
खुले में पेड़ के नीचे ऑक्सीजन लेती कोविड पेशेंट।
  • 32 हजार से अधिक होम आइसोलेट, गुरुवार को रिकॉर्ड 5042 नए पेशेंट मिले, 9 ने तोड़ा दम

कोरोना महामारी के बीच स्वास्थ्य विभाग व जिला प्रशासन द्वारा अस्पतालों में बेड की संख्या और एडमिट पेशेंट को लेकर व्यवस्था स्पष्ट नहीं की गई है। गुड़गांव में जहां तेजी से एक्टिव केस बढ़ रहे हैं, वहीं अस्पतालों में एडमिट पेशेंट का आंकड़ा काफी दिखाया जा रहा है। कोविडजीजीएन पोर्टल पर गुरुवार शाम को केवल 18 ऑक्सीजन बेड ही खाली दिखा रहा था।

जब इस बारे में सीएमओ डा. विरेन्द्र यादव से पूछा तो उन्होंने कहा कि बेड की व्यवस्था एडीसी व डीसी देख रहे हैं, लेकिन गुड़गांव में फिलहाल तीन हजार कोरोना संक्रमित पेशेंट अस्पतालों में एडमिट हैं। जबकि बुलेटिन के अनुसार जिला में 800 पेशेंट ही अस्पतालों में एडमिट कराए गए हैं और 32 हजार से अधिक पेशेंट होम आइसोलेट किए गए हैं।

गुड़गांव में गुरुवार को रिकॉर्ड 5042 नए पेशेंट मिले जबकि एक दिन में अब तक सबसे अधिक 2259 पेशेंट ठीक होकर घर लौट गए। लेकिन इसके बावजूद भी एक्टिव केस तेजी से बढ़ रहे हैं। अस्पतालों में बेड, ऑक्सीजन व रेमडेसिविर नहीं मिलने को लेकर लोग सोशल मीडिया पर शिकायत कर रहे हैं। लेकिन गुड़गांव में जरूरतमंद पेशेंट को बेड नहीं मिल पा रहे हैं।

जिला प्रशासन द्वारा जारी कोविडजीजीएन पोर्टल पर गुरुवार शाम को मात्र 18 ऑक्सीजन बेड खाली बताए गए। जबकि 800 पेशेंट बुलेटिन के अनुसार एडमिट दिखाए गए हैं। वहीं इसी बारे में जब सीएमओ विरेन्द्र यादव से बेड को लेकर पूछा गया तो उन्होंने पहले टालने के लिए कहा कि इस पूरी व्यवस्था को एडीसी व डीसी देख रहे हैं। लेकिन वे बताना चाहते हैं कि गुड़गांव जिला में फिलहाल तीन हजार पेशेंट अस्पतालों में एडमिट हैं, जिनमें हरियाणा के अन्य जिलों के पेशेंट भी शामिल हैं।
अस्पतालों में बेड लेने के लिए तीन-तीन दिन तक इंतजार करना पड़ रहा है

गुड़गांव में अस्पतालों में बेड खाली नहीं है, यहां बादशाहपुर निवासी अनिल ने बताया कि अस्पतालों में बेड लेने के लिए तीन-तीन दिन तक इंतजार करना पड़ रहा है। जिला प्रशासन के अधिकारियों से लेकर विधायकों के रसूख लगाकर बेड लेने के लिए सिफारिश कराई जा रही है, लेकिन बेड नहीं मिल रहे हैं। यहीं नहीं कुछ दिल्ली के पेशेंट भी प्राइवेट अस्पतालों में एडमिट किए गए हैं, ऐसे में अस्पतालों के बेड फुल हैं।

आंकड़ों में 462 लोगों की कोरोना से मौत, और शमशानघाट का नजारा भयावह
गुड़गांव में कोरोना संक्रमित 462 लोगों की मौत जिला प्रशासन के आंकड़ों में हुई है। जबकि मदनपुरी रोड स्थित रामबाग शमशान घाट की बात करें तो वहां पर शव रखने के लिए जगह नहीं मिलती और एम्बुलेंस की लाइनों पिछले एक सप्ताह से नहीं टूट रही हैं। यही हाल दूसरे शमशानघाट पर भी हैं। जिला के शहरी क्षेत्र में छह कोविड पेशेंट के लिए शमशानघाट तय किए गए हैं, जहां रोजाना अब औसतन 80 से 90 डेडबॉडी कोविड प्रोटोकॉल से जलाई जा रही हैं।

मेवात में कोरोना से 4 की मौत, 48 नए केस आए

कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर में आए दिन मौतें हो रही है। अभी तक आधा दर्जन लोगों की कोरोना से मौत हो चुकी है। गुरुवार को जिले में 4 मौतें हुई। इसके अलावा कोरोना के 48 नए केस भी सामने आए। हालांकि इस बीच 46 लोग स्वस्थ भी हुए। फिरोजपुर झिरका में कोरोना संक्रमण से 3 मौत हो गई।

जिसमें निरंजन पुत्र ड़ल्लू उम्र 57 साल, कैलाश पुत्र ड़ल्लू उम्र 60 साल, राजेश पुत्र छज्जू राम उम्र 40 साल की कोरोना पॉजिटिव होने से मृत्यु हो गई है। जिनको अस्पताल से सीधे शहर के शिवगंगा मुक्तिधाम में अंतिम संस्कार किया गया। शहर में लगातार कोरोना पॉजिटिव होने से तीन लोगों की मृत्यु से पूरा शहर दहशत में है।

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