पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • Local
  • Gujarat
  • 12 Lakh Taxpayers Of The City Are Unable To File The Return, Even After Ten Days There Was No Improvement In The New Server, The Problem Increased

आईटी का सिस्टम फ्लॉप:शहर के 12 लाख करदाता रिटर्न फाइल नहीं कर पा रहे, दस दिन बीतने के बाद भी नए सर्वर में कोई सुधार नहीं हुआ, परेशानी बढ़ी

सूरतएक महीने पहले
  • कॉपी लिंक
  • नया सर्वर नहीं चल रहा, तय समय बीतने पर करदाताओं पर 200 % जुर्माने की लटकी तलवार
  • करदाताओं को रिफंड, डोनेशन पर टैक्स लाभ, ‘विवाद से विश्वास’ स्कीम का पेंमेंट और लटक गया

नया आईटी पोर्टल शुरू हुए दस दिन बीत चुके हैं, लेकिन करदाताओं ने अभी तक अपना रिटर्न दाखिल नहीं किया है। इससे उनका टेंशन और बढ़ गया है। स्थिति को ध्यान में रखते हुए चैंबर ऑफ कॉमर्स द्वारा वित्त मंत्रालय से अपील की गई है। रिटर्न फाइल करने की अवधि नहीं बढ़ाई गई तो कर दाताओं को 200 प्रतिशत जुर्माना भरना पड़ेगा।

शहर और ग्रामीण में 12 लाख करदाता हैं, इसमें से शायद ही कोई रिटर्न फाइल कर पाया हो। ट्रस्ट, वेतनभोगी करदाता, प्रोफेशनल्स और कारोबारी सभी नए पार्टल की वजह से उलझे हुए हैं।

टैक्स एक्सपर्ट के अनुसार व्यापारियों को ये परेशानियां हो रही हैं

  • पब्लिक चेरिटेबल ट्रस्ट, स्कूल, कॉलेज को 30 जून से पहले पुराने रजिस्ट्रेशन, डोनेशन-लाभ के सर्टिफिकेट को रिन्यू करवाना होगा। ये समय बहुत कम है, इसे बढ़ाने की घोषणा की जाए।
  • आय छिपाने संबंधित पैनल्टी यानी कि धारा-270 के अनुसार करदाताओं को 200% जुर्माना भरना पड़ता है। जुर्माना लगाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। पोर्टल बंद होने के बावजूद अधिकारी नोटिस भेज रहे हैं। करदाता कोई जवाब नहीं दे पा रहे हैं। अब डर ये है कि अधिकारी एकतरफा आदेश दे सकते हैं।
  • विवाद से विश्वास स्कीम के अंतर्गत 30 जून तक पेमेंट करने की आखिरी तारीख तक पेमेंट नहीं हुआ तो 1 जुलाई से 10 प्रतिशत अतिरिक्त टैक्स भरने की नौबत आ सकती है। पोर्टल बंद होन ेसे फॉर्म नं. 3 टैक्स डिमांड दिखाई नहीं दे रहा और फॉर्म नं. 4 अपलोड नहीं हो रहा है। दूसरी ओर 15 जुलाई से पहले इस केसों को निपटाने की सूचना दी गई है। करदाताओं की मुश्किल ये है कि कम समय में ये कैसे संभव होगा?
  • टीन नंबर लॉग इन नहीं हो रहा है। इससे टीडीएस के मार्च का त्रैमासिक रिटर्न 30 जून तक न भर पाने का डर है। करदाताओं को रोजाना 200 रुपए जुर्माना लग सकता है।
  • पुराने साल की आईटी की कितनी है डिमांड? अपील में स्टे के संदर्भ में 20 प्रतिशत डिमांड आदि पोर्टल पर नहीं दिखाई दे रहा है। ऐसी स्थिति में अधिकारी एकतरफा कार्यवाही कर सकते हैं। बैंक खाते भी सीज हो सकते हैं।
  • कोरोना काल का रिफंड प्रोसेस नहीं हो रहा है।
  • अपील के ऑर्डर, डिमांड घटनाने के मेमो, करदाताओं की समस्याओं का समाधान और ई-वेरिफिकेशन के सभी काम रुक गए हैं।

30 जून अंतिम तारीख होने पर परेशानी बढ़ेगी

सीए विरेश रुदलाल ने बताया कि पोर्टल की वजह से इनकम टैक्स रिटर्न भरने की अवधि, टीडीएस पत्रक, चेरिटेबल ट्रस्टों को 30 जून तक नया पंजीकरण कराने, विवाद से विश्वास के पेमेंट आैर आय छिपाने से संबंधित 200 प्रतिशत तक जुर्माना लगाने की अंतिम अवधि 30 जून होने से करदाताओं की परेशानी बढ़ गई है। वहीं, अधिकारी एकतरफा कार्यवाही करते हुए आगे बढ़ रहे हैं। वित्तमंत्री से नए पोर्टल को अगले साल तक स्थगित करने की अपील की गई है।

अभी पोर्टल ही एकमात्र सहारा | सीए बिरजू शाह ने बताया कि डिपार्टमेंट और करदाता के बीच पोर्टल ही एकमात्र माध्यम है। जल्द इसका निराकरण नहीं हुआ तो टैक्सपेयर्स को फिलहाल जिन समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है उनमें से कई उनके घर तक आ जाएंगी।

खबरें और भी हैं...