पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

Install App
  • Hindi News
  • Local
  • Gujarat
  • After The Family Created A Ruckus, The Hospital Withdrew The Body, The Management Considered The Fault Of The Personnel

Ads से है परेशान? बिना Ads खबरों के लिए इनस्टॉल करें दैनिक भास्कर ऐप

बड़ी लापरवाही:परिजनों के हंगामा करने पर अस्पताल ने शव वापस लिया, प्रबंधन ने कर्मियों की गलती मानी

व्यारा2 महीने पहले
  • कॉपी लिंक

तापी जिले के कानपुरा गांव के रहने वाले धीरज नरोत्तमभाई पंचोली (72) की तबीयत खराब होने पर शनिवार सुबह 11 बजे अन्य अस्पताल से व्यारा के कोविड अस्पताल में भर्ती कराया गया था। कुछ ही देर बार अस्पताल ने फोन करके परिजनों को बताया कि धीरजभाई की तबीयत ज्यादा खराब हो गई है, जल्दी आओ। परिजनों के अस्पताल पहुंचने पर बताया गया कि धीरजभाई की मौत हो गई है। कुछ देर बाद अस्पताल ने शव भी परिवार को सौंप दिया। इसी बीच पौत्र वार्ड में घुस गया। वहां पहुंचा तो दादा बेड पर आराम कर रहे थे।

किट हटा चेहरा देखा तो दूसरे का शव निकला
अस्पताल ने शव को किट में पैक करके दिया था। परिवार ने किट हटाकर चेहरा देख तो दूसरे के शव होने का पता चला। वहीं, परिजनों की जांच में धीरजभाई जीवित मिले। परिजनों ने अस्पताल में ही हंगामा शुरू कर दिया। लापरवाही सामने आते ही अस्पताल ने शव को तुरंत वापस ले लिया। बता दें अस्पताल ने जो शव सौंपा था वह निझर के वांका गांव के रतनभाई शामभाई पटेल (89) की थी।

एक साथ दो कोरोना के मरीजों के आने से यह भूल हुई
^कोविड अस्पताल में सुबह दो मरीज एक साथ आए थे। अधिक काम होने की वजह से कर्मचारी ने बड़ी भूल कर दी। इस वजह से ऐसी परिस्थति बनी। हांलाकि इस घटना के बाद सभी स्टाफ को हटा दिया गया है। अब नए सीनियर कर्मचारियों को कोविड वार्ड में तैनात किया गया है। मैं अस्पताल की भूल स्वीकार करता हूं।
-डॉ. नैतिक चौधरी, इंचार्ज सिविल सुप्रिटेंडेंट, व्यारा

शव की जांच नहीं करते तो लापरवाही का पता नहीं चलता
दादा की तबीयत ज्यादा खराब हो गई तो व्यारा अस्पताल में लेकर आए थे। यहां कोरोना टेस्ट किया गया। रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद उन्हें वार्ड में भर्ती किया गया था। कुछ ही देर में अस्पताल से फोन आया कि धीरजभाई की मौत हो गई। मैं तुरंत अस्पताल आया। डॉक्टर ने एक कागज देते हुए कहा कि इस पर दस्तखत कर दो। मैंने दस्तखत कर दिया तो कहने लगे कि शव ले जाओ। मुझे विश्वास नहीं हो रहा था। मैं तुरंत वार्ड में गया, वहां जाकर देखा तो दादा बेड पर आराम कर रहे थे। जो शव हमें दिया जा रहा था, वह दूसरे का था। अस्पताल की इस लापरवाही से परिवार की परेशानी और बढ़ गई थी।
-आकाश पंचोली, पौत्र

खबरें और भी हैं...

    आज का राशिफल

    मेष
    Rashi - मेष|Aries - Dainik Bhaskar
    मेष|Aries

    पॉजिटिव- व्यक्तिगत तथा व्यवहारिक गतिविधियों में बेहतरीन व्यवस्था बनी रहेगी। नई-नई जानकारियां हासिल करने में भी उचित समय व्यतीत होगा। अपने मनपसंद कार्यों में कुछ समय व्यतीत करने से मन प्रफुल्लित रहेगा ...

    और पढ़ें