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आम आदमी पार्टी का मिशन गुजरात:आप को जिन क्षेत्रों में मनपा का चुनाव लड़ने को कोई नहीं मिल रहा था, वहां विधायकी के लिए लंबी कतार

सूरत3 महीने पहले
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आप ने दांडी से परिवर्तन यात्रा की शुरुआत की है। इसी के तहत बुधवार को सूरत में यात्रा निकाली जाएगी। - Dainik Bhaskar
आप ने दांडी से परिवर्तन यात्रा की शुरुआत की है। इसी के तहत बुधवार को सूरत में यात्रा निकाली जाएगी।

आम आदमी पार्टी ने पिछले एक साल में सूरत में अपने पांव मजबूत कर लिए हैं। फरवरी 2021 में महानगर पालिका के चुनाव में उसे जिन क्षेत्रों में उम्मीदवार नहीं मिल रहे थे, अब उन्हीं क्षेत्रों में विधायकी का चुनाव लड़ने के लिए 5-5 दावेदार कतार में हैं। आगामी विधानसभा चुनाव के लिए भारतीय जनता पार्टी, कांग्रेस और आम आदमी पार्टी ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। आम आदमी पार्टी चुनावी तैयारियों के मामले में कांग्रेस से आगे चल रही है।

गुजरात के विधानसभा चुनाव इस साल के अंत में होने की संभावना है। आम आदमी पार्टी ने पूरी तैयारी के साथ चुनावी मैदान में उतरने का दावा कर रही है। पार्टी का कहना है कि सूरत महानगर पालिका के चुनाव में पहली ही बार में 27 पार्षदों के जीतने के बाद उम्मीदें जग गई थीं। इसे देखते हुए पिछले एक साल में हमने विपक्ष में रहकर भी लोगों के हित के लिए काम किया।

आप ने कहा कि हमारे काम को देखकर आज पार्टी से जुड़ने की इच्छा जता रहे हैं। बड़े व्यापारी और शिक्षित लोग आम आदमी पार्टी से विधानसभा का चुनाव लड़ना चाहते हैं। पार्टी के पास चुनाव के लिए पर्याप्त फंड नहीं है, फिर भी लोग चुनाव लड़ने के लिए तैयार हैं।

पार्षद का चुनाव लड़ने को आप को वेसू, पांडेसरा और लिंबायत में कोई नहीं मिला था, एक साल में स्थिति बदली

पहले वेसू, पांडेसरा-लिंबायत में उम्मीदवार ही नहीं मिल रहे थे

आम आदमी पार्टी ने गुजरात में पहली बार फरवरी 2021 में सूरत महानगर पालिका का चुनाव लड़ने का निर्णय लिया था। उस समय पार्टी को उम्मीदवार नहीं मिल रहे थे। पांडेसरा, लिंबायत और वेसू जैसे क्षेत्रों में तो आप से लड़ने के लिए कोई तैयार ही नहीं था। तब आप को चुनाव लड़ाने के लिए उम्मीदवार तैयार करने में बहुत मशक्कत करनी पड़ी थी।

आप ने किसी तरह 116 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारे थे। इनमें से कुछ सीटों पर मजबूरी में लोगों से उम्मीदवारी करवाई गई थी। इससे आप कुल 120 सीटों में से 116 पर ही उम्मीदवार खड़े कर पाई थी। इनमें से भी 2 के नामांकन फॉर्म रद्द हो गए थे।

अब हर सीट पर 5 से 15 लोग अभी से कर रहे दावेदारी

आम आदमी पार्टी के लिए एक वर्ष में परिस्थितियां बदल गई हैं। अब पार्टी दावा कर रही है कि आज उनके पास हर विधानसभा सीट के लिए मजबूत उम्मीदवार हैं। यहां तक कि ऐसे उम्मीदवार हैं, जो खुद के फंड से चुनाव लड़ने को तैयार हैं।

सूरत की 12 विधानसभा सीटों में से हर सीट पर 5 से 15 लोग दावेदारी कर रहे हैं। अब इनमें से उम्मीदवार चयन करना एक कठिन काम है। आम आदमी पार्टी का कहना है कि अभी भी विधानसभा चुनाव के लिए कई महीने बाकी हैं। ऐसे में पार्टी के पास उम्मीदवारों की संख्या और ज्यादा हो सकती है। हम उन उम्मीदवारों को परख रहे हैं, जो विस चुनाव में जीत हासिल कर सकते हैं।

ओलपाड, करंज व कामरेज में खुद को मजबूत मान रही आप​​​​​​​​​​​​​​

आम आदमी पार्टी के प्रवक्ता राकेश सानेपारा के मुताबिक पार्टी के पास सभी विधानसभा सीटों पर चुनाव लड़ने के उम्मीदवार बड़ी संख्या में आ चुके हैं। पार्टी ओलपाड, करंज और कामरेज विधानसभा क्षेत्र में अपनी स्थिति मजबूत मान रही है। बाकी क्षेत्रों में मेहनत की जा रही है।

नेता और कार्यकर्ता काफी लगन से काम कर रहे हैं। हालांकि पार्टी में उम्मीदवारों का चयन बहुत ही सावधानी से किया जाएगा। उसके बाद सूची जारी की जाएगी। जो लोग विधानसभा प्रभारी के पद पर काम कर रहे हैं, उनमें से ही उम्मीदवारों का चयन किया जाएगा।

.हम शिक्षा-स्वास्थ्य व बेरोजगारी के मुद्दे पर लड़ेंगे विस चुनाव

आम आदमी पार्टी मुद्दों पर लड़ाई लड़ रही है। पिछली बार पार्टी के पास जमीनी स्तर पर कोई नेता नहीं था, लेकिन पिछले एक साल में हम मजबूत हुए हैं। शिक्षा, स्वास्थ्य और बेरोजगारी पर आम आदमी पार्टी लड़ाई लड़ रही है। विधानसभा चुनाव में यही हमारे मुद्दे होंगे। इसी पर लोग हमें समर्थन दे रहे हैं। इस बार के विधानसभा चुनाव में आप भाजपा के कड़ी टक्कर देने को तैयार है। -राम धडूक, सूरत प्रभारी, आप

हम विधानसभा चुनाव में भाजपा को कड़ी टक्कर देने की तैयारी में हैं। कमजोर कड़ियों को ढूंढ कर उन्हें सुधारा जा रहा है। नई रणनीति बनाई जा रही है। अब भाजपा और कांग्रेस के बीच लड़ाई नहीं है, आम आदमी पार्टी की लड़ाई है। कुछ समय पहले ही इंटेलिजेंस ब्यूरो का सर्वे हुआ था, जिसमें आम आदमी पार्टी सभी सीटों पर मजबूत दिखाई दे रही है। इस वजह से भाजपा चिंतित लग रही है।-राकेश सानेपरा, प्रवक्ता, आप

​​​​​​​दावा- एक साल में शहर में 50 से ज्यादा आंदोलन किए​​​​​​​

आम आदमी पार्टी ने पिछले एक साल में लगातार ताबड़तोड़ मेहनत की है। पार्टी का दावा है कि उसने एक साल में विभिन्न मुद्दों पर सूरत शहर में 50 से ज्यादा आंदोलन किए हैं। 400 से ज्यादा कार्यकर्ताओं पर केस हो चुके हैं। कई कार्यकर्ता ऐसे हैं जिनके खिलाफ लगभग 10 मामले दर्ज हो चुके हैं। इसके अलावा पूरे प्रदेश में आम आदमी पार्टी ने आंदोलन किए हैं। प्रदेश अध्यक्ष गोपाल इटालिया के साथ कई नेता-कार्यकर्ता जेल भी जा चुके हैं। इससे आम आदमी पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं का मनोबल काफी बढ़ गया है।