पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

सफाई की जगी उम्मीद:सेक्टरों की सफाई के टेंडर को अप्रूवल, 2 जुलाई को खुलेगा; सेक्टरों को सुंदर और स्वच्छ बनाने के लिए 90 अतिरिक्त कर्मचारियों को किया जाएगा तैनात

कुरुक्षेत्रएक महीने पहले
  • कॉपी लिंक
सेक्टर्स में टेंडर न होने से इस तरह पसरी रहती है गंदगी। - Dainik Bhaskar
सेक्टर्स में टेंडर न होने से इस तरह पसरी रहती है गंदगी।

शहर के सेक्टर्स की सफाई का सिस्टम अब शायद पटरी पर लौट आए। पिछले 10 माह से शहर के सेक्टरों की सफाई का टेंडर सिरे नहीं चढ़ पा रहा था। टेंडर को लेकर कई अड़चने थीं। लेकिन अब जल्द ही सेक्टरों की सफाई का सिस्टम बन जाएगा। इसे लेकर दो जुलाई को नया टेंडर खोला जाएगा। नगरपरिषद की तरफ से भी औपचारिकताएं पूरी कर ली हैं। वहीं सेक्टरों की सफाई के लिए 90 अतिरिक्त कर्मचारियों को कमान सौंपी जाएगी। इन कर्मचारियों को किसी आउटसोर्सिंग एजेंसी के माध्यम से रखा जाएगा।

शुक्रवार को विधायक ने भी नप अधिकारियों की मीटिंग ली। नप के कार्यकारी अधिकारी रविन्द्र कुमार कुहाड़ ने शहर की सफाई व्यवस्था के बारे में रिपोर्ट दी। सेक्टर्स की सफाई व्यवस्था के लिए टेंडर प्रक्रिया के बारे में भी फीडबैक दी। बता दें कि इसे लेकर भास्कर ने भी प्रमुखता से मुद्दा उठाया था।

नगर निकाय से मिली मंजूरी : काफी समय से सेक्टरों की सफाई व्यवस्था को लेकर टेंडर प्रक्रिया अटकी थी। यह मामला सीएम के संज्ञान में भी पहुंचा। इसके बाद नगर निकाय विभाग के आला अधिकारियों को कहा गया। काफी प्रयासों के बाद अब जाकर नगर निकाय और हुडा ने सेक्टरों की सफाई व्यवस्था के लिए प्रशासनिक मंजूरी दी। सफाई कर्मी हटने के बाद सेक्टरों में मशीनों से सफाई की योजना बनाई, लेकिन मशीनों से सेक्टरों की सफाई नहीं हो पा रही थी।

इसके बाद सभी सेक्टरों के लिए सफाई कर्मी तैनात करने की योजना बनी, लेकिन इसे हेडक्वार्टर से मंजूरी नहीं मिल पाई। इसके बाद तय किया कि सभी सेक्टरों में अलग-अलग टेंडर निकाले जाएं, लेकिन यह योजना भी सिरे नहीं चढ़ी। नप की तरफ से दो बार टेंडर प्रक्रिया शुरू की थी। थानेसर विधायक का दावा है कि सेक्टर दो, 3, 4, 5, 7, 13 सहित 7 सेक्टरों में सफाई व्यवस्था के लिए टेंडर जुलाई को खोले जाएंगे। सेक्टर्स की सफाई के लिए 90 लोगों की मैन पॉवर और 7 ट्रैक्टर ट्रॉली की मांग की है। प्रत्येक सेक्टर से गंदगी एकत्रित करने के लिए एक अलग ट्रैक्टर-ट्रॉली का प्रयोग किया जाएगा।

खबरें और भी हैं...