पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

जनवरी 2020 में घर से लापता हुई थी नाबलिग:नाबालिग से दुष्कर्म मामले में 4 आरोपियों को हाईकोर्ट ने जमानत देने से किया इंकार

कुरुक्षेत्र2 दिन पहले
  • कॉपी लिंक

पिपली एरिया के एक गांव में करीब पौने 2 साल पहले नाबालिग लड़की को अगवा कर वेश्यावृत्ति में धकेलने और सामूहिक दुष्कर्म मामले में 4 आरोपियों ने हाईकोर्ट में जमानत याचिका लगाई थी, हाईकोर्ट ने चारों आरोपियों को जमानत देने से इंकार कर दिया। हाईकोर्ट में पीड़ित पक्ष से वरिष्ठ अधिवक्ता सचिन राय वैद ने बताया कि मामले में चार आरोपियों जिनमें रेशम सिंह, अशोक कुमार, रवि प्रकाश और सुरिंद्र सिंह जो 6 महीने से अधिक समय से जेल में बंद हैं, हाईकोर्ट में जमानत के लिए याचिका लगाई थी।

पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट में न्यायाधीश जयश्री ठाकुर की कोर्ट में सुनवाई हुई। एडवोकेट सचिन राय वैद ने बताया कि आरोपियों ने 13 वर्षीय बच्ची के साथ की दरिंदगी बारे उन्होंने कोर्ट को बताया। दलीलें सुनने के बाद कोर्ट ने आरोपियों को जमानत देने से इंकार कर दिया। अगली सुनवाई के लिए 19 जनवरी 2022 की तारीख तय की है।बता दें कि पिपली एरिया में एक किसान के यहां काम करने वाले व्यक्ति ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी कि उसकी 13 वर्षीय बेटी 27 जनवरी 2020 को घर से अपनी नानी से मिलने के लिए निकली थी, लेकिन वह न तो दादी के घर पहुंची और न ही घर वापस आई। कई महीने बाद पुलिस ने नाबालिग को वेश्यावृति में धकेलने के आरोपी महिला व पुरुष को गिरफ्तार किया था। महिला आयोग ने भी मामले में हस्तक्षेप किया। पुलिस ने 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया था। सभी आरोपी तब से ही जेल में हैं। 4 आरोपियों जिनमें रेशम सिंह, अशोक कुमार, रवि प्रकाश और सुरिंद्र सिंह जो छह महीने से अधिक समय से जेल में बंद हैं, हाईकोर्ट में जमानत के लिए याचिका लगाई थी।

नि:शुल्क कर रहे पैरवी
पीड़ित बच्ची को न्याय देने के लिए बनाई गई कमेटी के सदस्य तरसेम कश्यप ने बताया कि हाईकोर्ट में वरिष्ठ वकील सचिन राय वैद और जिला कोर्ट कुरुक्षेत्र में एडवोकेट तेजपाल चौधरी पीड़ित बच्ची की पैरवी नि:शुल्क कर रहे हैं।

खबरें और भी हैं...